फ्लैगशिप योजनाओं में लापरवाही पर सख्ती, DEO ने दिए 31 जुलाई तक लक्ष्य पूरे करने के निर्देश
राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय कोलाडा में आयोजित बैठक में जिला शिक्षा अधिकारी प्रारंभिक समा ने फ्लैगशिप योजनाओं, एमडीएम गुणवत्ता, ड्रॉपआउट बच्चों और लाडो योजना को लेकर अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए।

तस्वीर में राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय कोलाडा के कार्यालय कक्ष में टेबल के पास बैठे जिला शिक्षा अधिकारी और उपस्थित विद्यालय स्टाफ समीक्षा बैठक के दौरान चर्चा करते हुए।
27 जुलाई 2026 को देवीलाल मीना जिला शिक्षा अधिकारी प्रारंभिक समा ने राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय कोलाडा, Bonli पहुंचकर समस्त पोईईओ क्षेत्र के विद्यालय स्टाफ की बैठक ली। बैठक में नामांकन वृद्धि, ड्रॉपआउट बच्चों को विद्यालय से जोड़ने, पौधारोपण, माय भारत पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन, एमडीएम की राजसिम्स पोर्टल पर प्रविष्टि सहित विभिन्न महत्वपूर्ण बिंदुओं पर समीक्षा की गई।
बैठक में विद्यालय भवनों के पट्टे, जर्जर भवनों को गिराने, 29 जुलाई को माननीय मुख्यमंत्री जी द्वारा आयोजित किए जाने वाले मिशन पढ़ो राजस्थान अभियान की विस्तृत जानकारी एवं तैयारियों की समीक्षा की गई। इसके साथ ही लाडो योजना एवं 14 आयु वर्ग की छात्राओं को HVp के टीकाकरण करवाने को लेकर प्रभारियों के साथ समीक्षा कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
जिला शिक्षा अधिकारी प्रारंभिक समा ने निर्देश दिए कि पूरे क्षेत्र में जो भी बच्चे ड्रॉप आउट दिखाई दे रहे हैं, उन्हें 31 जुलाई तक प्रवेश दिलाकर विद्यालय से जोड़ना सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि लाडो योजना के लिए पात्र सभी बच्चियों के आवेदन भी 31 जुलाई तक करवाना सुनिश्चित करें।
उन्होंने निर्देश दिए कि जिन बच्चियों की PTCs आईडी मिसमैच है, उनकी सूची निर्धारित प्रपत्र में तैयार कर नजदीकी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र या एएनएम को उपलब्ध कराई जाए, जिससे डाटा को ठीक किया जा सके। साथ ही जिन बच्चों के आधार कार्ड नहीं बने हैं, उनके आधार बनवाने के लिए कार्य योजना बनाकर कार्य करने और जिन बच्चियों का नाम जन आधार में नहीं जुड़ा है, उनके अभिभावकों से संपर्क कर जन आधार में नाम जुड़वाने के लिए लगातार प्रयास करने के निर्देश दिए गए।
जिला शिक्षा अधिकारी ने कहा कि लाडो योजना राज्य सरकार की फ्लैगशिप योजना में शामिल है, जिसकी हर महीने मुख्य सचिव राजस्थान सरकार के स्तर से एवं श्रीमान जिला कलेक्टर महोदय द्वारा समीक्षा की जाती है। इसलिए फ्लैगशिप योजना में किसी भी स्तर पर लापरवाही स्वीकार्य नहीं होगी। जिला कलेक्टर महोदय ने भी मीटिंग में सभी मुख्य ब्लॉक शिक्षा अधिकारियों एवं पंचायत प्रारंभिक शिक्षा अधिकारियों को ऐसे निर्देश दिए हैं।
उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री शिक्षित राजस्थान अभियान भी सरकार की फ्लैगशिप योजना में शामिल है। इसके तहत प्रत्येक छात्र एवं स्टाफ की नियमित रूप से शाला दर्पण पर समय पर ऑनलाइन उपस्थिति दर्ज करना, छात्रों का अधिकाधिक विद्यालय में ठहराव सुनिश्चित करना और विद्यालय में आयोजित महत्वपूर्ण गतिविधियों की समय पर शाला दर्पण पर प्रविष्टि करना आवश्यक है, जिससे जिले की रैंक लगातार अच्छी बनी रहे।
बैठक में पंचायत प्रारंभिक शिक्षा अधिकारियों को दिए गए सम्बलन के लक्ष्यों को समय पर पूरा करने के निर्देश भी दिए गए। साथ ही पंचायत प्रारंभिक शिक्षा अधिकारियों को हर माह अपने अधीनस्थ संस्था प्रधानों की आवश्यक रूप से बैठक आयोजित कर प्रत्येक बिंदु पर बारीकी से समीक्षा करने के निर्देश दिए गए।
इसके बाद मिड डे मील योजना के तहत विद्यालय में विकसित किए जा रहे किचन गार्डन का भी जिला शिक्षा अधिकारी ने निरीक्षण किया। उन्होंने स्वयं छत पर चढ़कर छत की सफाई व्यवस्था देखी और विद्यालय में लगाए गए किचन गार्डन का अवलोकन किया। उन्होंने फ्लैगशिप योजनाओं और एमडीएम व्यवस्था में गुणवत्ता बनाए रखने के लिए आवश्यक निर्देश दिए।

Madan Mohan Garg(Gangapur City)
नाम: मदन मोहन गर्ग
वर्तमान पद: ब्यूरो चीफ (दैनिक प्रातःकाल, गंगापुर सिटी)
कार्यक्षेत्र: गंगापुर सिटी विधानसभा क्षेत्र सहित सवाई माधोपुर और करौली जिला
बीट: प्रशासनिक समाचार, सामाजिक कार्यक्रम, जनसमस्याएं एवं सभी क्षेत्र
परिचय
मदन मोहन गर्ग राजस्थान के गंगापुर सिटी क्षेत्र के वरिष्ठ पत्रकार हैं। वर्तमान में वह 'दैनिक प्रातःकाल' में गंगापुर सिटी के ब्यूरो चीफ के रूप में कार्यरत हैं। उनका मुख्य कार्यक्षेत्र गंगापुर सिटी विधानसभा सहित सवाई माधोपुर और करौली जिला है। वह स्थानीय जनसमस्याओं, प्रशासनिक गतिविधियों, सरकारी योजनाओं और सामाजिक कार्यक्रमों सहित सभी क्षेत्रों की खबरों को नियमित रूप से कवर करते हैं।
पत्रकारिता का अनुभव
मदन मोहन गर्ग को क्षेत्रीय पत्रकारिता का लंबा अनुभव है। वह साल 2015 से लगातार 'दैनिक प्रातःकाल' समाचार पत्र से जुड़े हुए हैं और क्षेत्र में समाचार संकलन व ब्यूरो संचालन का कार्य संभाल रहे हैं।
शैक्षणिक योग्यता (Education)
वह उच्च शिक्षित हैं और उनकी शैक्षणिक योग्यता इस प्रकार है:
- बी.ए. (B.A.) और बी.एड. (B.Ed.)
- एम.ए. (M.A.) और एम.एड. (M.Ed. - मास्टर ऑफ एजुकेशन)
