नगरपालिका बोनली वार्ड पुनर्गठन विवाद: कांग्रेस ने एसडीएम को सौंपा ज्ञापन
वार्डों में मतदाताओं की संख्या में भारी असमानता और एक ही परिवार के वोट अलग-अलग वार्डों में डालने के विरोध में कांग्रेस ने उग्र आंदोलन की चेतावनी दी है।

बोनली (सवाई माधोपुर)। सवाई माधोपुर जिले की नगरपालिका बोनली में वार्डों के पुनर्गठन और नई मतदाता सूचियों के प्रकाशन के साथ ही सियासी पारा गरमा गया है। क्षेत्र के वार्डों के सीमांकन और मतदाताओं के वितरण में भारी विसंगतियों का आरोप लगाते हुए सोमवार को कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने स्थानीय नागरिकों के साथ मिलकर मोर्चा खोल दिया। क्षेत्रीय विधायक और जिला अध्यक्ष श्रीमती इंदिरा मीणा के निर्देशानुसार एवं नगर अध्यक्ष रामावतार मंगल के नेतृत्व में कांग्रेस के एक प्रतिनिधिमंडल ने उप-जिला मजिस्ट्रेट (SDM) और अधिशासी अधिकारी को ज्ञापन सौंपकर इस पूरी प्रक्रिया को दोषपूर्ण और पक्षपातपूर्ण करार दिया।
प्रशासनिक गलियारों में हलचल पैदा करने वाले इस मामले की जड़ें वार्डों की जनसंख्या और भौगोलिक स्थिति से जुड़ी हैं। कांग्रेस मीडिया प्रभारी अमन खान ने आरोप लगाया कि वर्तमान पुनर्गठन में न्यायोचित मापदंडों की जमकर धज्जियां उड़ाई गई हैं। ज्ञापन में इस बात का प्रमुखता से उल्लेख किया गया है कि जहां कुछ वार्डों में मतदाताओं का जमावड़ा 500 से 700 के बीच कर दिया गया है, वहीं कुछ वार्डों को मात्र 150 से 200 मतदाताओं तक सीमित कर दिया गया है। यह सांख्यिकीय असंतुलन न केवल चुनावी शुचिता पर प्रहार करता है, बल्कि लोकतंत्र की बुनियादी निष्पक्षता पर भी गंभीर सवाल खड़े करता है।
मामले में चौंकाने वाला पहलू तब सामने आया जब संगठन महामंत्री सरफराज चौधरी ने मतदाता सूची की तकनीकी खामियों को उजागर किया। उन्होंने बताया कि इस नई व्यवस्था में पड़ोस के घरों को नजरअंदाज कर काफी दूरी पर स्थित मकानों को एक ही वार्ड में शामिल कर दिया गया है। विसंगति की पराकाष्ठा यह है कि एक ही छत के नीचे रहने वाले परिवारों को भी प्रशासनिक कैंची से बांट दिया गया है। उदाहरण के तौर पर, कई ऐसे परिवार सामने आए हैं जिनके 8 सदस्यों में से 4 के वोट एक वार्ड में और शेष 4 के दूसरे वार्ड में डाल दिए गए हैं। इस भौगोलिक और पारिवारिक बिखराव से मतदाताओं में भारी भ्रम और रोष व्याप्त है।
नगर अध्यक्ष रामावतार मंगल ने कड़े शब्दों में कहा कि यह पुनर्गठन पूरी तरह से अवैज्ञानिक और दोषपूर्ण है, जिससे आम जनता को अपने मताधिकार का प्रयोग करने में भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ेगा। कांग्रेस ने प्रशासन से पुरजोर मांग की है कि सभी वार्डों का जनसंख्या के आधार पर पारदर्शी पुनर्गठन हो, मतदाता कार्ड एवं आधार कार्ड का मिलान कर त्रुटियां सुधारी जाएं और यह सुनिश्चित किया जाए कि एक ही परिवार के सभी सदस्य एक ही वार्ड की सूची में शामिल हों।
ज्ञापन सौंपने के दौरान वहीद खां पठान, सलीम मिर्ज़ा, मंजूर आलम कारारखानी, रामप्रसाद वर्मा, शकुन्तला वर्मा, मुबारिक खलीफा, तनसुख वर्मा, जगदीश सैनी, अशरफ मिर्ज़ा और अशोक मित्तल सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ता एवं ग्रामीण उपस्थित रहे। कांग्रेस ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि प्रशासन ने इन विसंगतियों का शीघ्र निराकरण नहीं किया, तो वे चुप नहीं बैठेंगे और जनहित में एक उग्र आंदोलन की रूपरेखा तैयार की जाएगी।

Ruturaj Ravan
यह प्रातःकाल मल्टीमीडिया में वेबसाइट मैनेजर और सोशल मीडिया एक्जीक्यूटिव के रूप में कार्यरत हैं, और पिछले तीन वर्षों से पत्रकारिता व डिजिटल मीडिया में सक्रिय हैं। इससे पूर्व उन्होंने दैनिक प्रहार में वेबसाइट प्रबंधन और सोशल मीडिया के लिए रचनात्मक कंटेंट निर्माण और रणनीतियों में अनुभव अर्जित किया। इन्होंने कोल्हापुर के छत्रपति शिवाजी महाराज विश्वविद्यालय से स्नातक और हैदराबाद के सत्या इंस्टीट्यूट से उच्च शिक्षा पूरी की। इन्हें SEO मैनेजमेंट, सोशल मीडिया और उससे संबंधित रणनीतियाँ तैयार करने में व्यापक अनुभव है।
