सलूम्बर। जिला मुख्यालय पर रविवार विराट हिन्दू सम्मेलनों में हिन्दू सनातन धर्म की एकता का परिचय दिखा। तीन स्थलों पर आयोजित सम्मेलनों में महिला, पुरुष, बच्चे और बुजुर्गों का जन सैलाब दिखा। संघ के "एक पंगत, एक संगत" का स्वप्न रविवार को धरातल पर साकार होता नजर आया।

सामाजिक समरसता और एकता का संगम

  • सम्मेलनों में विभिन्न जाति, वर्ग और पंथ के लोग एक साथ भारत माता की आरती उतारते नजर आये।
  • सभी ने एक पंगत में बैठ कर भोजन किया।
  • जाति-पाति और ऊंच-नीच की कुनीति समाज से दूर भागती नजर आई।





संतों का उद्बोधन: संगठित रहने का संदेश

धर्म सम्मेलनों में संतों ने सनातन धर्म की विराटता व उसके विज्ञान पर प्रकाश डाला। संतों ने स्पष्ट आह्वान करते हुए कहा:

"संघे शक्ति युगे युगे, संगठित होकर रहेंगे तो सनातन धर्म की विजय पताका हमेशा ऊंची रहेगी। और जब बंट जाओगे तब कट जाओगे।"

संतों ने कहा, "बटोगे तो कटोगे।"

भव्य शोभायात्रा और आयोजन स्थल

रविवार दोपहर गाजो-बाजो की धुन पर संतों की अगुवानी हुई और शहर में भव्य शोभायात्रा निकली। हिन्दू सम्मेलनों का आयोजन मुख्य रूप से तीन स्थानों पर हुआ:

  1. रावली पोल
  2. बद्रीविशाल प्रांगण
  3. कृष्णनगर दुदर

इन आयोजनों में महिला और पुरुष अपनी पारंपरिक वेशभूषा में नजर आये।

मुख्य अतिथि, वक्ता एवं व्यवस्थापक

बद्रीविशाल में आयोजित सम्मेलन में महंत रामानुज महाराज, महंत सिद्ध नाथ महाराज और पवनदास महाराज का सानिध्य रहा।

  • मुख्य वक्ता: कृष्णमुरारी गौतम (इन्होंने संयुक्त परिवार, पॉलिथिन मुक्ति, वृक्षारोपण और समरसता पर विस्तार से प्रकाश डाला)।
  • अध्यक्षता: तरुण पुर्बिया।
  • उद्देश्य प्रस्तुति: रणजीत पुर्बिया।
  • संत परिचय: प्रमोद बाहेती।
  • संचालन: राजेन्द्र भलवाड़ा।
Pratahkal Bureau

Pratahkal Bureau

प्रातःकाल ब्यूरो, प्रातःकाल न्यूज़ की वह समर्पित संपादकीय टीम है, जो सटीक, सामयिक और निष्पक्ष समाचार पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध है। हमारा ब्यूरो राजनीति, समाज, अर्थव्यवस्था और राष्ट्रीय मामलों में सत्यापित रिपोर्टिंग, गहन विश्लेषण और जिम्मेदार पत्रकारिता पर अपना ध्यान केंद्रित करता है।

Next Story