राजसमंद। विकसित भारत के संकल्प को धरातल पर उतारने और राजस्थान को प्रगति की नई ऊंचाइयों पर ले जाने के उद्देश्य से राजसमंद के जिला परिषद सभागार में मंगलवार को भविष्य के बजट की नींव रखी गई। प्रदेश के उपमुख्यमंत्री एवं जिला प्रभारी मंत्री डॉ. प्रेमचंद बैरवा के मुख्य आतिथ्य में आयोजित 'प्री-बजट संवाद' कार्यक्रम केवल एक औपचारिक बैठक न रहकर जन-आकांक्षाओं का एक जीवंत मंच बन गया। इस ऐतिहासिक संवाद में किसान, युवा, महिला, व्यापारी और दिव्यांगजनों सहित समाज के हर तबके ने अपनी उम्मीदों और सुझावों को उपमुख्यमंत्री के समक्ष रखा, जिसे डॉ. बैरवा ने जिले के सर्वांगीण विकास के लिए मील का पत्थर बताया।

कार्यक्रम की गरिमा को बढ़ाते हुए मंच पर सांसद महिमा कुमारी मेवाड़, कुंभलगढ़ विधायक सुरेन्द्र सिंह राठौड़, भीम विधायक हरिसिंह रावत, राजसमंद विधायक दीप्ति माहेश्वरी और नाथद्वारा विधायक विश्वराज सिंह मेवाड़ उपस्थित रहे। प्रशासनिक व्यवस्थाओं का मोर्चा जिला कलक्टर अरुण कुमार हसीजा, एसपी ममता गुप्ता, एडीएम नरेश बुनकर और जिला परिषद सीईओ बृजमोहन बैरवा ने संभाला। साथ ही समाजसेवी जगदीश पालीवाल, माधव जाट और एसीईओ डॉ. सुमन अजमेरा सहित विभिन्न क्षेत्रों के प्रतिनिधियों ने इस चर्चा को और अधिक सार्थक बनाया।

संवाद की शुरुआत महिलाओं और युवाओं के सशक्तिकरण के प्रस्तावों से हुई। राजीविका स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं ने अपनी उद्यमिता को विस्तार देने के लिए जिला स्तर पर पृथक कार्यालय और हर ब्लॉक में 'रुरल मार्ट' की मांग उठाई, ताकि ग्रामीण उत्पादों को वैश्विक पहचान मिल सके। वहीं, युवाओं ने डिजिटल युग की आवश्यकताओं को देखते हुए हर जिले में एआई और मार्केटिंग ट्रेनिंग हेतु 'इनक्यूबेशन सेंटर' स्थापित करने का सुझाव दिया। शिक्षा और सामाजिक न्याय के क्षेत्र में एससी-एसटी समुदाय के लिए डॉ. भीमराव अंबेडकर स्किल ट्रेनिंग सेंटर और दिव्यांगजनों के लिए विशेष कॉलेजों की स्थापना की मांग ने समावेशी विकास की ओर ध्यान आकर्षित किया।

चिकित्सा और बुनियादी ढांचे को लेकर राजसमंद विधायक दीप्ति माहेश्वरी ने आरके जिला अस्पताल में मल्टी-स्टोरी पार्किंग, कार्डियोलॉजी यूनिट और लॉ कॉलेज जैसी महत्वपूर्ण जरूरतें रेखांकित कीं। भीम विधायक हरिसिंह रावत ने क्षेत्र में जिला चिकित्सालय और चंबल परियोजना की गति बढ़ाने की मांग रखी, जबकि कुंभलगढ़ विधायक सुरेन्द्र सिंह राठौड़ ने प्रशासनिक सुदृढ़ीकरण पर जोर दिया। नाथद्वारा विधायक विश्वराज सिंह मेवाड़ ने खमनोर के प्रसिद्ध गुलाबों की अंतरराष्ट्रीय ब्रांडिंग और एग्रीकल्चर रिसर्च सेंटर का प्रस्ताव रखकर कृषि पर्यटन की नई राह दिखाई। किसानों ने भी कृषि यंत्रों पर मिलने वाली सब्सिडी की अवधि घटाने और पाइपलाइन विस्तार के तकनीकी बदलावों पर सुझाव दिए।

व्यापारिक जगत से आए उद्यमियों ने रीको क्षेत्रों में सोलर पार्क और मार्बल स्लरी के निस्तारण हेतु नीतिगत बदलावों की अपेक्षा की, जिस पर सांसद महिमा कुमारी मेवाड़ ने विश्वास दिलाया कि इन मांगों को केंद्र और राज्य दोनों स्तरों पर प्रमुखता से रखा जाएगा। राशन डीलर्स की मानदेय समस्या और बुजुर्गों के तीर्थ यात्रा भत्ते जैसे मानवीय पहलुओं पर भी गहन चर्चा हुई।

संवाद के समापन पर उपमुख्यमंत्री डॉ. प्रेमचंद बैरवा ने सभी उपस्थितजनों को आश्वस्त करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में सरकार राजस्थान को अग्रणी राज्य बनाने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने स्पष्ट किया कि बजट के लिए प्राप्त हर एक सुझाव अत्यंत महत्वपूर्ण है और राजसमंद के विकास में कोई कसर नहीं छोड़ी जाएगी। यह आयोजन केवल बजट की तैयारी नहीं, बल्कि जनता के विश्वास और सरकार की कार्यक्षमता के बीच एक मजबूत सेतु के रूप में उभरा है, जो आने वाले समय में जिले की तस्वीर बदलने की क्षमता रखता है।

Rahul Acharya, Rajsamand

Rahul Acharya, Rajsamand

नाम: राहुल आचार्य

वर्तमान पद: संवाददाता

कार्यक्षेत्र: राजसमंद (राजस्थान)

बीट (मुख्य विषय): प्रशासन, शिक्षा, स्वास्थ्य, क्राइम (अपराध) और बेसिक जनरल खबरें

परिचय 

राहुल आचार्य राजसमंद क्षेत्र के संवाददाता हैं। वह मुख्य रूप से स्थानीय प्रशासन, शिक्षा, स्वास्थ्य व्यवस्था, अस्पताल, पुलिस कार्रवाई, अपराध और क्षेत्र से जुड़ी सभी बुनियादी सामान्य खबरों (बेसिक जनरल न्यूज) की नियमित ग्राउंड रिपोर्टिंग करते हैं।

पत्रकारिता का अनुभव

राहुल आचार्य को मीडिया क्षेत्र का व्यावहारिक अनुभव है। वह इंडिया न्यूज़ (India News) चैनल के साथ 1 साल का कार्यकाल पूरा कर चुके हैं और वर्तमान में 'प्रातःकाल' के साथ जुड़कर राजसमंद क्षेत्र में सक्रिय रूप से कार्य कर रहे हैं।

शैक्षणिक योग्यता (Education)

उन्होंने अपनी शिक्षा में स्नातक (Graduation) की डिग्री हासिल की है।

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