राजसमंद: सिलिकोसिस रोकथाम के लिए 117 खान श्रमिकों का स्वास्थ्य परीक्षण शिविर
खान एवं भू-विज्ञान विभाग के तत्वावधान में आयोजित शिविर में श्रमिकों को सुरक्षित खनन और सुरक्षा उपकरणों के उपयोग के लिए जागरूक किया गया।

सिलिकोसिस मुक्त खनन का संकल्प: राजसमंद में 117 श्रमिकों का स्वास्थ्य परीक्षण एवं जागरूकता शिविर संपन्न
राजसमंद। खान एवं भू-विज्ञान विभाग, राजसमंद के तत्वावधान में मंगलवार को केलवा स्थित मार्बल माइन ऑनर्स एसोसिएशन सभागार में सिलिकोसिस की रोकथाम एवं उन्मूलन के उद्देश्य से एक वृहद स्वास्थ्य परीक्षण एवं जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। इस शिविर का मुख्य ध्येय खनन श्रमिकों में सुरक्षित खनन कार्यप्रणाली के प्रति जागरूकता का प्रसार करना और सिलिकोसिस जैसी घातक व्याधि की समय पर पहचान सुनिश्चित करना था। शिविर के दौरान राजस्थान मोबाइल मेडिकल यूनिट, राजसमंद द्वारा श्रमिकों के सिलिकोसिस जांच हेतु एक्स-रे किए गए, जबकि सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र, केलवा की चिकित्सकों की टीम ने कुल 117 खान श्रमिकों का गहन स्वास्थ्य परीक्षण किया।
शिविर को संबोधित करते हुए राष्ट्रीय पर्यावरण एवं खनिज संरक्षण मंच के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. लक्ष्मीनारायण आमेटा ने श्रमिकों को अपने स्वास्थ्य के प्रति निरंतर सजग रहने तथा पूर्ण निष्ठा एवं सतर्कता के साथ सुरक्षित खनन कार्य करने के लिए प्रेरित किया। खान विभाग राजसमंद खण्ड प्रथम के खनि अभियंता जिनेश हुमड़ ने खनन क्षेत्र के धारकों एवं श्रमिकों को निर्देशित करते हुए कहा कि सिलिकोसिस की रोकथाम हेतु खनन गतिविधियों के दौरान डस्ट मास्क, हेलमेट एवं अन्य सुरक्षा उपकरणों का नियमित और अनिवार्य उपयोग सुनिश्चित करें।
इस महत्वपूर्ण आयोजन में मार्बल माइन ऑनर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष गौरवसिंह राठौड़, महामंत्री मधुसूदन व्यास, चिकित्सा विभाग के जिला सह अधिकारी डॉ. रामनिवास जाट, डॉ. अर्जुन यादव, सहायक खनि अभियंता ओमप्रकाश आर्य, खनि कार्यादेशिक कमलेश मीणा, सूचना सहायक विनोद मीणा, तथा सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र, केलवा के झाबर सिंह शेखावत, गोविन्द प्रसाद सालवी, रेडियोग्राफर मनीष पायक एवं वाहन चालक भरत रजक उपस्थित रहे। खान विभाग ने जानकारी साझा करते हुए बताया कि इस श्रृंखला में अगला शिविर आगामी 20 मई को प्रातः 9 बजे से आर.के. मार्बल मोरवड़ परिसर में आयोजित किया जाएगा, ताकि अधिक से अधिक श्रमिकों को स्वास्थ्य लाभ एवं सुरक्षात्मक जानकारी उपलब्ध कराई जा सके।

