राजसमंद। चुनावी रणभेरी बजने से पहले ही राजसमंद की सेलागुड़ा ग्राम पंचायत में सीमांकन के विवाद ने प्रशासन की नींद उड़ा दी है। नवीन परिसीमन प्रक्रिया के तहत प्रशासन द्वारा उठाए गए एक कदम ने वर्षों से साथ रह रहे ग्रामीणों के बीच गहरा आक्रोश पैदा कर दिया है। दशकों पुराने सामाजिक और भौगोलिक ताने-बाने को दरकिनार कर सेलागुड़ा के वार्ड नंबर 1 के अहम हिस्सों, धोलादाता और अनेरी को काटकर पड़ोसी गाँव खारा में मिलाए जाने के फैसले ने अब एक जन-आंदोलन का रूप ले लिया है। ग्रामीणों ने हुंकार भरते हुए स्पष्ट कर दिया है कि वे अपनी मातृभूमि के विभाजन को चुपचाप नहीं देखेंगे और अगर प्रशासन ने अपने कदम पीछे नहीं खींचे, तो आगामी चुनावों में मतदान केंद्रों पर सन्नाटा पसरा रहेगा।

विवाद की जड़ में वह प्रशासनिक निर्णय है, जिसमें भौगोलिक दूरी और सामुदायिक जुड़ाव की अनदेखी की गई है। आक्रोशित ग्रामीणों का तर्क है कि खारा गाँव सेलागुड़ा से करीब 3 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है, जबकि धोलादाता और अनेरी क्षेत्र ऐतिहासिक रूप से सेलागुड़ा की रग-रग में बसे हैं। प्रशासनिक रूप से भी ये क्षेत्र हमेशा सेलागुड़ा का ही अटूट अंग रहे हैं। अचानक हुए इस फेरबदल को वार्डवासी एक 'जबरन थोपा गया निर्णय' मान रहे हैं। वार्डवासियों का कहना है कि सेलागुड़ा को टुकड़ों में बांटने की यह कोशिश न केवल उनकी पहचान पर प्रहार है, बल्कि विकास की दृष्टि से भी उनके लिए दुश्वारियां पैदा करेगी।

इस विरोध प्रदर्शन में सेलागुड़ा के समस्त वार्डवासी एकजुट नजर आ रहे हैं। ग्रामीणों ने जिला प्रशासन को सविनय किंतु कड़े शब्दों में चेतावनी देते हुए मांग की है कि धोलादाता और अनेरी को पूर्ववत सेलागुड़ा ग्राम पंचायत के वार्ड नंबर 1 में ही बरकरार रखा जाए। ग्रामीणों का नेतृत्व कर रहे प्रतिनिधियों ने सामूहिक स्वर में कहा कि वे अपने हक की लड़ाई लोकतांत्रिक मर्यादाओं के भीतर रहकर लड़ेंगे, लेकिन यदि उनकी जायज मांग को अनसुना किया गया, तो वे लोकतांत्रिक प्रक्रिया के सबसे बड़े हथियार 'मतदान बहिष्कार' का प्रयोग करने से पीछे नहीं हटेंगे। यह घटनाक्रम न केवल क्षेत्र की राजनीति में हलचल पैदा कर रहा है, बल्कि शासन-प्रशासन के सामने एक बड़ी चुनौती बनकर उभरा है कि वे जनता की भावनाओं और परिसीमन के नियमों के बीच सामंजस्य कैसे बिठाते हैं।

Rahul Acharya, Rajsamand

Rahul Acharya, Rajsamand

नाम: राहुल आचार्य

वर्तमान पद: संवाददाता

कार्यक्षेत्र: राजसमंद (राजस्थान)

बीट (मुख्य विषय): प्रशासन, शिक्षा, स्वास्थ्य, क्राइम (अपराध) और बेसिक जनरल खबरें

परिचय 

राहुल आचार्य राजसमंद क्षेत्र के संवाददाता हैं। वह मुख्य रूप से स्थानीय प्रशासन, शिक्षा, स्वास्थ्य व्यवस्था, अस्पताल, पुलिस कार्रवाई, अपराध और क्षेत्र से जुड़ी सभी बुनियादी सामान्य खबरों (बेसिक जनरल न्यूज) की नियमित ग्राउंड रिपोर्टिंग करते हैं।

पत्रकारिता का अनुभव

राहुल आचार्य को मीडिया क्षेत्र का व्यावहारिक अनुभव है। वह इंडिया न्यूज़ (India News) चैनल के साथ 1 साल का कार्यकाल पूरा कर चुके हैं और वर्तमान में 'प्रातःकाल' के साथ जुड़कर राजसमंद क्षेत्र में सक्रिय रूप से कार्य कर रहे हैं।

शैक्षणिक योग्यता (Education)

उन्होंने अपनी शिक्षा में स्नातक (Graduation) की डिग्री हासिल की है।

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