नाथद्वारा विधानसभा में जल योजनाओं को बड़ी मंजूरी, 51 कार्यों पर खर्च होंगे ₹12.16 करोड़
नाथद्वारा विधानसभा में पेयजल व्यवस्था को मजबूत करने के लिए 51 कार्यों को ₹12.16 करोड़ की मंजूरी मिली है। खमनोर, देलवाड़ा, नाथद्वारा और रेलमगरा में जलस्रोत, पाइपलाइन और भंडारण से जुड़े कार्य होंगे।

तस्वीर में विधायक विश्वराज सिंह मेवाड़ नजर आ रहे हैं।
नाथद्वारा विधानसभा क्षेत्र में ग्रामीण पेयजल व्यवस्था को मजबूत करने के लिए 51 जल एवं पेयजल कार्यों को ₹12.16 करोड़ की स्वीकृति मिली है। विधायक विश्वराज सिंह मेवाड़ के प्रयासों से नाथद्वारा, खमनोर, देलवाड़ा एवं रेलमगरा क्षेत्रों में इन कार्यों को मंजूरी दी गई है। इनसे पेयजल उपलब्धता बढ़ाने, जलस्रोतों को सुदृढ़ करने और मौजूदा जलापूर्ति व्यवस्था को अधिक प्रभावी बनाने पर विशेष ध्यान दिया जाएगा।
स्वीकृत कार्यों में पेयजल स्रोतों का सुदृढ़ीकरण, नलकूप एवं बोरवेल, उच्च जलाशय एवं पानी की टंकियों का निर्माण, पाइपलाइन विस्तार एवं इंटरकनेक्शन, हैंडपंप, सोलर पनघट तथा मौजूदा जल संरचनाओं के जीर्णोद्धार के कार्य शामिल हैं। स्वीकृतियां नई संरचनाओं के निर्माण तक सीमित नहीं हैं, बल्कि गांवों में जलापूर्ति की पूरी व्यवस्था को मजबूत करने पर केंद्रित हैं।
क्षेत्रवार स्वीकृतियों के तहत खमनोर क्षेत्र में करीब ₹5.09 करोड़, देलवाड़ा क्षेत्र में करीब ₹4.55 करोड़, नाथद्वारा क्षेत्र में करीब ₹1.40 करोड़ तथा रेलमगरा क्षेत्र में करीब ₹1.37 करोड़ के जल एवं पेयजल संबंधी कार्य किए जाएंगे। इन कार्यों में ग्रामीण क्षेत्रों में जलस्रोतों की क्षमता बढ़ाने के साथ पाइपलाइन नेटवर्क और जल भंडारण व्यवस्था को बेहतर करने के प्रावधान किए गए हैं।
खमनोर के खेड़ी गांव में ₹80 लाख की लागत से उच्च जलाशय, पाइपलाइन एवं जलस्रोत सुदृढ़ीकरण जैसे बड़े कार्य को स्वीकृति मिली है। वहीं, देलवाड़ा क्षेत्र में नलकूप एवं विद्युत कनेक्शन तथा ग्रामीण जल योजनाओं में पाइपलाइन एवं इंटरकनेक्शन के महत्वपूर्ण कार्य किए जाएंगे।
नाथद्वारा क्षेत्र में समस्याग्रस्त क्षेत्रों की जलापूर्ति व्यवस्था को बेहतर करने के साथ जलस्रोत एवं पाइपलाइन से जुड़े कार्य होंगे। रेलमगरा क्षेत्र में बड़े स्तर पर पाइपलाइन एवं सोलर पनघट संबंधी कार्यों को स्वीकृति दी गई है।
विधायक विश्वराज सिंह मेवाड़ ने कहा, “नाथद्वारा विधानसभा के प्रत्येक गांव और हर बस्ती तक पर्याप्त एवं सुचारु पेयजल पहुंचाना हमारी प्राथमिकताओं में है। पानी की समस्या का स्थायी समाधान केवल नई योजनाएं लाने से नहीं, बल्कि जलस्रोतों को मजबूत करने, जल भंडारण क्षमता बढ़ाने और पाइपलाइन नेटवर्क को व्यवस्थित एवं प्रभावी बनाने से होगा। इसी उद्देश्य के साथ विधानसभा क्षेत्र की आवश्यकताओं को लगातार सरकार एवं संबंधित विभागों के समक्ष रखा गया है।”
उन्होंने कहा कि क्षेत्र के विकास का वास्तविक अर्थ तभी है, जब इसका लाभ आमजन की मूलभूत आवश्यकताओं तक पहुंचे। पेयजल ऐसी ही मूलभूत आवश्यकता है और इसके लिए विधानसभा क्षेत्र की अलग-अलग ग्रामीण आवश्यकताओं के अनुरूप कार्यों को प्राथमिकता के साथ स्वीकृति दिलाने के प्रयास लगातार जारी हैं।
इन 51 कार्यों के पूर्ण होने के बाद नाथद्वारा विधानसभा के अनेक गांवों और बस्तियों में पेयजल व्यवस्था, जल भंडारण एवं जल वितरण तंत्र को मजबूती मिलेगी। इससे ग्रामीण परिवारों को पेयजल व्यवस्था के स्तर पर सीधा लाभ प्राप्त होगा।

