खमनोर (प्रातःकाल संवाददाता)। महाराणा प्रताप की कर्मभूमि व रणस्थली-रक्ततलाई से कब्रिस्तान हटाकर अन्यत्र शिफ्ट कराने तथा अन्य अवैध व अनावश्यक अतिक्रमण हटवाने हेतु, पत्र प्रेषित किया हैं।

ऐतिहासिक पवित्रता और जनभावना का विषय

मांग की गई है कि "प्रातः स्मरणीय वीर शिरोमणी महाराणा प्रताप की रणस्थली-रक्ततलाई करोडो लोगों की आस्था और विश्वास के साथ साथ ऐतिहासिक स्थली है। लेकिन यहां पर मुस्लिम समुदाय के कब्रिस्तान बना दिए गए है। जिससे इस पवित्र भूमि की पवित्रता और ऐतिहासिकता पर दुष्प्रभाव पड रहा है। तथा जनभावनाओ के साथ खिलवाड हो रहा है। इस विषय मे पूर्व मे भी बहुत बार आवाज उठती रही है। इसलिए, यह कब्रिस्तान यहां से हटाकर अन्यत्र नदी की तरफ़ शिफ्ट करवाये जाए।"

पर्यटन विकास और सुविधाओं हेतु मांग

  • रक्ततलाई के बाहर बने हास्पिटल के अनुपयोगी क्वार्टर हटाकर रक्ततलाई मे आने वाले पर्यटकों के पार्किंग व ग्रामीणों के विविध कार्यक्रम आयोजित करने के लिए आरक्षित करवाई जाये।
  • उच्च न्यायालय के आदेश पर भी रणभूमि के आगे पुराने क्वाटर नहीं हटाए, अभियान के दूसरे दिन भी नहीं हटाए।

अतिक्रमण हटाओ अभियान और प्रशासन की भूमिका

जिला प्रशासन के निर्देश पर दिनांक 06/02/2026 से खमनोर कस्बे मे मुख्य मार्गों से अवैध अतिक्रमण हटाने का कार्य युद्धस्तर पर चल रहा है। जिसमे आमजन सहयोग कर रहा है। लेकिन कोई भेदभाव नही होना चाहिए तथा साथ ही पिछले कुछ समय से कस्बे के "हवा मंगरी" तथा "भेरुजी बावजी" की जमीन से भी अवैध अतिक्रमण हटाने की जरूरत है क्योंकि बहुत बार शिकायत के बाद भी प्रशासन इस विषय पर जानबूझकर गम्भीर नही है। जिससे आमजन में रोष व्याप्त है।

"अतः कि संबंधित विषय को पूरी गम्भीरतापूर्वक लेकर त्वरित व प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित कर आमजन को राहत प्रदान कराने की मांग की।"

ग्रामीणों और संगठनों की उपस्थिति

समस्त ग्रामिण व सामाजिक संगठन तहसील कार्यालय पहुंचे। जय मेवाड़ युवा मंडल अध्यक्ष हेमंत सिंह मोजावत सहित कई जन उपस्थित हुए।

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