वंदे मातरम् के 150 वर्ष पूरे होने पर केलवा थाना परिसर में गूंजा राष्ट्रगीत
केलवा थाना परिसर में वंदे मातरम् के 150 वर्ष पूर्ण होने पर सामूहिक राष्ट्रगीत गायन हुआ, जिसमें विद्यार्थी, पुलिसकर्मी और नागरिक शामिल हुए।

तस्वीर में केलवा थाना परिसर में सामूहिक राष्ट्रगीत गायन के दौरान खड़े विद्यार्थी और पुलिसकर्मी नजर आ रहे हैं।
केलवा में वंदे मातरम् के 150 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में शुक्रवार को स्थानीय विद्या निकेतन उच्च प्राथमिक विद्यालय, केलवा की ओर से केलवा थाना परिसर में सामूहिक राष्ट्रगीत गायन कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में केलवा थाना के समस्त पुलिस पदाधिकारी, विद्यालय परिवार के सदस्य, अभिभावक, विद्यार्थी एवं स्थानीय गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
इस अवसर पर विद्यालय के छात्र-छात्राओं, विद्यालय परिवार के सदस्यों, अभिभावकों तथा थाना परिसर में मौजूद सभी लोगों ने भारत के राष्ट्रीय गीत ‘वंदे मातरम्’ का सामूहिक गायन किया। कार्यक्रम के दौरान विद्यालय परिवार के सदस्यों ने विद्यार्थियों को राष्ट्रगीत के महत्व, इसकी ऐतिहासिक पृष्ठभूमि और राष्ट्र के प्रति इसके संदेश की जानकारी दी।
विद्यालय परिवार ने बताया कि महान साहित्यकार बंकिमचंद्र चट्टोपाध्याय द्वारा वर्ष 1875 में ‘वंदे मातरम्’ की रचना की गई थी। इसके 150 वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ एवं विद्या भारती की ओर से देशभर में सामूहिक राष्ट्रगीत गायन के कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं।
इसी क्रम में विद्या निकेतन उच्च प्राथमिक विद्यालय, केलवा के छात्र-छात्राएं एवं विद्यालय परिवार के सदस्य केलवा थाना परिसर पहुंचे। यहां थाना के समस्त पदाधिकारियों तथा स्थानीय गणमान्य नागरिकों की उपस्थिति में राष्ट्रगीत का सामूहिक गायन किया गया।
कार्यक्रम में केलवा थाना अधिकारी सहित समस्त पुलिस पदाधिकारी, स्थानीय गणमान्य नागरिक मदन जी पालीवाल, नानालाल जी तेली एवं रतन जी तेली, विद्यालय के प्रधानाचार्य गिरवर सिंह सिसोदिया तथा अध्यापिकाएं रेखा आचार्य, सोनम आचार्य, सुनीता पारीक एवं गायत्री टेलर सहित विद्यालय परिवार के सदस्य उपस्थित रहे।
सामूहिक राष्ट्रगीत गायन के दौरान विद्यार्थियों में देशभक्ति, राष्ट्रीय एकता एवं राष्ट्र के प्रति सम्मान की भावना देखने को मिली। कार्यक्रम के माध्यम से विद्यार्थियों को देश की सांस्कृतिक एवं राष्ट्रीय विरासत से जुड़ने का संदेश दिया गया।

Bharat Kumar Rajak, Rajsamand
नाम: भरत कुमार रजक
वर्तमान पद: संवाददाता (प्रातः काल)
कार्यक्षेत्र: केलवा (राजसमंद, राजस्थान)
बीट (मुख्य विषय): शिक्षा, सोशल एक्टिविटी (सामाजिक गतिविधियां) और एजुकेशन
अनुभव: 12 वर्ष
परिचय
भरत कुमार रजक 'प्रातः काल' समाचार पत्र में संवाददाता के रूप में कार्यरत हैं। उनका मुख्य कार्यक्षेत्र केलवा है। वह नियमित रूप से शिक्षा (एजुकेशन), शैक्षणिक व्यवस्थाओं, स्कूलों, कॉलेजों और सामाजिक गतिविधियों (सोशल एक्टिविटी) से जुड़े विषयों पर रिपोर्टिंग करते हैं।
पत्रकारिता का अनुभव (Work Experience)
भरत कुमार रजक को मीडिया और ग्राउंड रिपोर्टिंग के क्षेत्र में 12 वर्षों का लंबा अनुभव है। पिछले एक दशक से अधिक समय से वह क्षेत्र की खबरों और जनहित के मुद्दों को लगातार कवर कर रहे हैं।
