आमेट में विजयादशमी पर निकला भव्य पथ संचलन, बुलडोजर से हुई पुष्पवर्षा
आमेट में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के विजयादशमी उत्सव पर शस्त्र पूजन और शारीरिक प्रदर्शन के बाद भव्य पथ संचलन निकाला गया। सह प्रांत सेवा प्रमुख नरेंद्र कुमार ने संघ के 100 वर्ष पूर्ण होने पर विचार रखे। नगर में बुलडोजर से पुष्पवर्षा कर स्वयंसेवकों का स्वागत किया गया।

आमेट में विजयादशमी उत्सव पर आरएसएस स्वयंसेवकों ने भव्य पथ संचलन निकाला।
आमेट में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की ओर से विजयादशमी उत्सव के अवसर पर भव्य पथ संचलन निकाला गया। शस्त्र पूजन और स्वयंसेवकों के शारीरिक प्रदर्शन के बाद निकले इस संचलन में स्वयंसेवकों ने अनुशासित कदमताल करते हुए नगर के प्रमुख मार्गों से गुजरकर संगठनात्मक अनुशासन का परिचय दिया। इस दौरान नगर में जगह-जगह स्वागत किया गया और बुलडोजर से पुष्पवर्षा कर स्वयंसेवकों का अभिनंदन किया गया।
विजयादशमी उत्सव के तहत आयोजित कार्यक्रम में सबसे पहले शस्त्र पूजन किया गया। इसके बाद स्वयंसेवकों ने शारीरिक प्रदर्शन कर अपनी शारीरिक दक्षता और अनुशासन का परिचय दिया। कार्यक्रम में जिला कार्यवाह कैलाश शर्मा और नगर संघ चालक महेंद्र कुमार मंच पर मौजूद रहे। मुख्य वक्ता के रूप में सह प्रांत सेवा प्रमुख नरेंद्र कुमार ने बौद्धिक प्रदान किया।
नरेंद्र कुमार ने अपने संबोधन में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के 100 वर्ष पूर्ण होने और विजयादशमी उत्सव के महत्व पर विचार व्यक्त किए। उन्होंने संघ की शताब्दी यात्रा, संगठन की भूमिका और राष्ट्रसेवा के भाव से जुड़े विषयों पर प्रकाश डाला।
घोष की थाप पर स्वयंसेवकों ने किया कदमताल
उत्सव के बाद तुलसी अमृत विद्या पीठ से पथ संचलन का आगाज हुआ। घोष की थाप पर स्वयंसेवक अनुशासित कदमताल करते हुए नगर के प्रमुख मार्गों से गुजरे।
संचलन पानी की टंकी, पापा कॉलोनी, रेलवे पुलिया, पेच कॉलोनी, खादी भंडार सर्कल, श्रीराम धर्मशाला, वीरपत्ता सर्किल, रेलवे स्टेशन, पुलिस थाना, बस स्टैंड, लक्ष्मी बाजार, एसबीआई बैंक रोड, सब्जी मंडी, होली थान, रामदेवजी का मंदिर, नाइयों का पावटिया, नदी दरवाजा, खड़िया, हरिजन बस्ती, शनिदेव मंदिर और तकिया रोड सहित विभिन्न मार्गों से होकर निकला।
इसके बाद गांधी चौक और जवाहर नगर होते हुए संचलन तुलसी अमृत विद्या पीठ पहुंचा, जहां इसका समापन हुआ।
बुलडोजर से हुई पुष्पवर्षा, जगह-जगह हुआ स्वागत
पथ संचलन के दौरान नगर में उत्साह का माहौल देखने को मिला। शहर के प्रमुख मार्गों पर नागरिकों ने स्वयंसेवकों का स्वागत किया। विभिन्न स्थानों पर स्वागत के लिए होर्डिंग लगाए गए। संचलन के दौरान बुलडोजर से पुष्पवर्षा कर स्वयंसेवकों का अभिनंदन किया गया। इसके साथ ही जगह-जगह लोगों ने फूल बरसाकर स्वागत किया।
विजयादशमी उत्सव और पथ संचलन के माध्यम से अनुशासन, संगठन, सामाजिक समरसता और राष्ट्रसेवा का संदेश दिया गया। नगर के विभिन्न मार्गों पर हुए स्वागत और पुष्पवर्षा के बीच तुलसी अमृत विद्या पीठ पर संचलन के समापन के साथ आयोजन संपन्न हुआ।

Mubarik Ajnabi, Rajsamand
नाम: मुबारिक-अजनबी
वर्तमान पद: प्रतिनिधि (प्रातःकाल, आमेट)
कार्यक्षेत्र: आमेट, जिला राजसमन्द (राजस्थान)
अनुभव: 25 वर्षों से पत्रकारिता का अनुभव
परिचय एवं कार्यक्षेत्र
मुबारिक-अजनबी राजस्थान के राजसमन्द जिले के आमेट तहसील क्षेत्र के अनुभवी पत्रकार हैं। वर्तमान में वह 'प्रातःकाल' के प्रतिनिधि के रूप में कार्यरत हैं। वह आमेट तहसील और उसके आसपास के ग्रामीण व शहरी क्षेत्रों से नियमित रूप से रिपोर्टिंग करते हैं।
बीट (मुख्य विषय)
- विशेष कवरेज: आमेट तहसील क्षेत्र से क्राइम (अपराध) और सांस्कृतिक खबरों की विशेष रिपोर्टिंग।
- नियमित कवरेज: स्थानीय राजनीति, प्रशासन, कानून-व्यवस्था, सरकारी विभागों की कार्यप्रणाली और जनहित से जुड़े अन्य मुद्दे।
शैक्षणिक योग्यता (Education)
एम.ए. (M.A.) - कला स्नातकोत्तर की डिग्री।
