आमेट में प्रेक्षा ध्यान दिवस पर कार्यशाला आयोजित, तनाव मुक्ति का दिया संदेश
प्रेक्षा फाउंडेशन के निर्देश पर आयोजित कार्यशाला में प्रतिभागियों ने नियमित ध्यान से आत्मशुद्धि, मानसिक शांति और सकारात्मक जीवनशैली अपनाने का संकल्प लिया।

तस्वीर में प्रेक्षा ध्यान दिवस बैनर के सामने तेरापंथ सभा भवन में उपस्थित प्रतिभागी दिख रहे हैं।
आमेट में प्रेक्षा फाउंडेशन के निर्देशानुसार प्रेक्षा ध्यान दिवस के अवसर पर तेरापंथ सभा भवन में प्रेक्षा ध्यान कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में ध्यान के माध्यम से आत्मशुद्धि, मानसिक शांति और सकारात्मक ऊर्जा की ओर बढ़ने का संदेश दिया गया। प्रतिभागियों ने करीब 20 से 25 मिनट तक प्रेक्षा ध्यान का अभ्यास किया।
कार्यक्रम का शुभारंभ प्रेक्षा गीत के संगान से हुआ। रेणु छाजेड़, अनीता छाजेड़, चेतना डांगी और संगीत चंडालिया ने प्रेक्षा गीत का संगान किया। प्रेक्षा वाहिनी संवाहक रेणु छाजेड़ ने प्रेक्षा ध्यान के माध्यम से आत्मशुद्धि, मानसिक शांति एवं सकारात्मक ऊर्जा की ओर बढ़ने का संदेश दिया।
कार्यशाला में बताया गया कि ध्यान व्यक्ति के जीवन में सकारात्मक परिवर्तन लाने का प्रभावी माध्यम है। नियमित ध्यान अभ्यास से मन की चंचलता को कम कर एकाग्रता, शांति एवं संतुलन की अनुभूति की जा सकती है। ध्यान के माध्यम से व्यक्ति अपने भीतर की नकारात्मकता को दूर करते हुए सकारात्मक सोच और स्वस्थ जीवनशैली की ओर अग्रसर हो सकता है।
इस अवसर पर कहा गया कि वर्तमान समय में व्यस्त दिनचर्या और तनाव के बीच प्रत्येक व्यक्ति को प्रतिदिन कुछ समय ध्यान के लिए निकालना चाहिए। प्रेक्षा ध्यान साधना के माध्यम से मन को शांत एवं स्थिर करने का अभ्यास किया जाता है।
कार्यशाला में उपस्थित प्रतिभागियों ने ध्यान का अभ्यास किया तथा इसे नियमित जीवन का हिस्सा बनाने का संकल्प लिया। इस दौरान लगभग 20 से 25 मिनट तक प्रेक्षा ध्यान का प्रयोग कराया गया। साथ ही प्रेक्षा ऐप मेडिटेशन की जानकारी दी गई।
कार्यक्रम में तेरापंथ सभा परामर्शक महेंद्र कुमार बोहरा, उपाध्यक्ष मनोहर लाल पितलिया, मंत्री ज्ञानेश्वर मेहता, सहमंत्री सुदीप छाजेड़, JTN प्रतिनिधि पवन कच्छारा, महिला मंडल अध्यक्ष मंजू देवी हिरण, मंत्री संगीत चंडालिया, अणुव्रत समिति मंत्री अनिता छाजेड़, उपाध्यक्ष चेतना डांगी, जीवन विज्ञान प्रभारी रितु ढिलीवाल, मीना पामेचा, वनिता खमेसरा, कंचन बाई चपलोत आदि उपस्थित रहे। आभार ज्ञापन सभा मंत्री ज्ञानेश्वर मेहता ने किया। कार्यक्रम की जानकारी संस्था प्रतिनिधि पवन कच्छारा ने दी।

Mubarik Ajnabi, Rajsamand
नाम: मुबारिक-अजनबी
वर्तमान पद: प्रतिनिधि (प्रातःकाल, आमेट)
कार्यक्षेत्र: आमेट, जिला राजसमन्द (राजस्थान)
अनुभव: 25 वर्षों से पत्रकारिता का अनुभव
परिचय एवं कार्यक्षेत्र
मुबारिक-अजनबी राजस्थान के राजसमन्द जिले के आमेट तहसील क्षेत्र के अनुभवी पत्रकार हैं। वर्तमान में वह 'प्रातःकाल' के प्रतिनिधि के रूप में कार्यरत हैं। वह आमेट तहसील और उसके आसपास के ग्रामीण व शहरी क्षेत्रों से नियमित रूप से रिपोर्टिंग करते हैं।
बीट (मुख्य विषय)
- विशेष कवरेज: आमेट तहसील क्षेत्र से क्राइम (अपराध) और सांस्कृतिक खबरों की विशेष रिपोर्टिंग।
- नियमित कवरेज: स्थानीय राजनीति, प्रशासन, कानून-व्यवस्था, सरकारी विभागों की कार्यप्रणाली और जनहित से जुड़े अन्य मुद्दे।
शैक्षणिक योग्यता (Education)
एम.ए. (M.A.) - कला स्नातकोत्तर की डिग्री।
