Mangrol में मौसम का मिजाज: गुलाबी ठंड और 'मॉडरेट' AQI के बीच सामान्य जनजीवन; फसलों के लिए वरदान साबित हो सकती है नमी
Rajsthan के मांगरोल में मौसम ने ली करवट! 19°C तापमान और 127 एक्यूआई के साथ गुलाबी ठंड का अहसास। बारां जिले के इस कस्बे में साफ आसमान और 4 किमी दृश्यता ने जनजीवन को रखा सामान्य। जानें खेती, स्कूल और स्वास्थ्य पर बदलते मौसम का पूरा असर और आने वाले दिनों का पूर्वानुमान।

Rajasthan School Weather Report : राजस्थान के बारां जिले के मांगरोल कस्बे में आज शाम मौसम खुशनुमा बना रहा। जहाँ उत्तर भारत के कई हिस्से भीषण स्मॉग और प्रदूषण की चपेट में हैं, वहीं मांगरोल में हवा की गुणवत्ता अपेक्षाकृत बेहतर स्थिति में दर्ज की गई। मंगलवार रात 8:21 बजे कस्बे का तापमान 19°C रहा, जो हाड़ौती क्षेत्र में 'गुलाबी ठंड' की दस्तक को दर्शाता है। आसमान साफ होने और हवा की हल्की गति ने स्थानीय निवासियों, विशेषकर स्कूल जाने वाले विद्यार्थियों के लिए वातावरण को अनुकूल बनाए रखा है।
प्रदूषण और स्वास्थ्य: मांगरोल की 'राहत वाली' हवा
देश के महानगरों की तुलना में मांगरोल की स्थिति काफी संतोषजनक है:
मध्यम वायु गुणवत्ता: मांगरोल का वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) आज 127 दर्ज किया गया। हालांकि यह 'मॉडरेट' श्रेणी में आता है, लेकिन दिल्ली और मुंबई जैसे शहरों के 300+ एक्यूआई के मुकाबले यह काफी सुरक्षित माना जा रहा है।
नमी और विजिबिलिटी: हवा में 63% आर्द्रता (Humidity) दर्ज की गई है, जिससे रात के समय हल्की धुंध छाने की संभावना है। वर्तमान में दृश्यता (Visibility) 4 किमी है, जो सड़क यातायात के लिए सामान्य है।
तापमान में गिरावट: रात के समय पारा लुढ़ककर 14°C तक जाने का अनुमान है, जो सर्दी के तीखे तेवरों का संकेत दे रहा है।
कृषि और शिक्षा जगत पर प्रभाव :
हाड़ौती का यह क्षेत्र अपनी कृषि प्रधानता के लिए जाना जाता है, ऐसे में मौजूदा मौसम फसलों के लिए महत्वपूर्ण है:
फसलों को लाभ: कृषि विशेषज्ञों के अनुसार, वर्तमान तापमान और नमी गेहूं, सरसों और धनिये की फसलों के लिए काफी फायदेमंद है। नमी से फसलों में 'पाले' का खतरा कम रहता है।
स्कूलों में सतर्कता: राजस्थान सीनियर सेकेंडरी स्कूल सहित स्थानीय शिक्षण संस्थानों में बदलते मौसम को देखते हुए विद्यार्थियों को गर्म कपड़े पहनने और बढ़ती ठंड से बचाव की सलाह दी गई है।

Ashiti Joil
यह प्रातःकाल में कंटेंट रायटर अँड एडिटर के पद पर कार्यरत हैं। यह गए 3 सालों से पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया में सक्रिय हैं। इन्होंने लोकसत्ता, टाईम महाराष्ट्र, PR और हैट मीडिया में सोशल मीडिया कंटेंट रायटर के तौर पर काम किया है। इन्होंने मराठी साहित्य में मास्टर डिग्री पूर्ण कि है और अभी ये यूनिवर्सिटी के गरवारे इंस्टीट्यूड में PGDMM (Marthi Journalism) कर रही है। यह अब राजकरण, बिजनेस , टेक्नोलॉजी , मनोरंजन और क्रीड़ा इनके समाचार बनती हैं।
