करौली। कोतवाली थाना पुलिस ने साइबर फ्रॉड के एक मामले में वजीरपुर गेट करौली से 21 वर्षीय मयंक वर्मा उर्फ चिल्लू को गिरफ्तार किया है। आरोपी पर आरोप है कि वह ग्राहकों के सिम पोर्ट का बहाना बनाकर उनकी जानकारी के बिना नई सिम जारी कर ब्लैक मार्केट में बेचता था और इसका दुरुपयोग करता था।

थानाधिकारी अध्यात्म गौतम ने बताया कि 28 अक्टूबर, 2025 को शुक्ला कॉलोनी निवासी चेतन रावत ने कोतवाली करौली में रिपोर्ट दर्ज करवाई कि उनके नाम पर जिओ की नई सिम जारी कर दी गई, जबकि उन्होंने ऐसा कभी नहीं करवाया। प्रार्थी ने बताया कि 8 सितंबर 2025 को अपनी वोडाफोन सिम को जिओ में पोर्ट करवाया था और KYC भी पूरी की थी, लेकिन आरोपी ने प्रार्थी के दस्तावेज़ और फोटो का इस्तेमाल कर धोखाधड़ी की।

पुलिस ने मामले में मुकदमा संख्या 336/2025 दर्ज कर अनुसंधान शुरू किया और आरोपी की तलाश में सक्रियता दिखाई। जांच के दौरान मयंक वर्मा ने पूछताछ में स्वीकार किया कि वह अपने साथियों के साथ मिलकर साइबर ठगी और धोखाधड़ी करता था। इसके बाद उसे गिरफ्तार कर न्यायालय के समक्ष पेश किया गया, जहां से फिलहाल पुलिस अभिरक्षा में भेजा गया है।

कोतवाली पुलिस ने बताया कि अन्य आरोपीयों की भी तलाश जारी है और मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस सतर्कता से सभी आरोपियों को पकड़ने में लगी हुई है। इस गिरफ्तारी में कांस्टेबल हेमवीर की अहम भूमिका रही। यह कार्रवाई साइबर ठगी और फर्जी सिम जारी करने वाले गिरोह पर कड़ी कार्रवाई का संदेश देती है और नागरिकों के लिए सतर्क रहने की आवश्यकता को उजागर करती है।

Ruturaj Ravan

Ruturaj Ravan

यह प्रातःकाल मल्टीमीडिया में वेबसाइट मैनेजर और सोशल मीडिया एक्जीक्यूटिव के रूप में कार्यरत हैं, और पिछले तीन वर्षों से पत्रकारिता व डिजिटल मीडिया में सक्रिय हैं। इससे पूर्व उन्होंने दैनिक प्रहार में वेबसाइट प्रबंधन और सोशल मीडिया के लिए रचनात्मक कंटेंट निर्माण और रणनीतियों में अनुभव अर्जित किया। इन्होंने कोल्हापुर के छत्रपति शिवाजी महाराज विश्वविद्यालय से स्नातक और हैदराबाद के सत्या इंस्टीट्यूट से उच्च शिक्षा पूरी की। इन्हें SEO मैनेजमेंट, सोशल मीडिया और उससे संबंधित रणनीतियाँ तैयार करने में व्यापक अनुभव है।

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