प्रतापगढ़ में मालवी लोहार समाज का महाकुंभ: 27 जोड़ों ने एक-दूजे का थामा हाथ, गूंजी शहनाइयां
प्रतापगढ़ के कृषि मंडी परिसर में मालवी लोहार समाज का भव्य सामूहिक विवाह सम्मेलन संपन्न हुआ। राजस्थान और मध्य प्रदेश के 27 जोड़ों ने वैदिक रीति-रिवाज से सात फेरे लेकर वैवाहिक जीवन की शुरुआत की। सामाजिक एकता और सादगी का संदेश देते इस आयोजन में समाज के वरिष्ठों ने नवदंपत्तियों को आशीर्वाद और उपहार भेंट किए। सामाजिक समरसता की यह अनूठी मिसाल अब क्षेत्र में चर्चा का विषय बनी हुई है।

प्रतापगढ़। राजस्थान के प्रतापगढ़ की पावन धरा पर आज सामाजिक समरसता और एकजुटता का एक स्वर्णिम अध्याय लिखा गया। स्थानीय कृषि मंडी परिसर में मालवी लोहार समाज द्वारा आयोजित भव्य सामूहिक विवाह सम्मेलन में जब वैदिक मंत्रोच्चारण की गूंज उठी, तो पूरा वातावरण भक्तिमय और उल्लास से सराबोर हो गया। इस ऐतिहासिक अवसर पर मध्य प्रदेश और राजस्थान के कोने-कोने से आए 27 जोड़ों ने पवित्र अग्नि के समक्ष सात फेरे लेकर अपने गृहस्थ जीवन की मंगलमय शुरुआत की। यह केवल एक विवाह समारोह नहीं, बल्कि समाज के बिखरे हुए मोतियों को एक सूत्र में पिरोने का एक सशक्त प्रयास साबित हुआ।
कार्यक्रम का आगाज अत्यंत श्रद्धा और विधि-विधान के साथ हुआ। सबसे पहले ठाकुरजी के विवाह का अनुष्ठान संपन्न किया गया, जिसने पूरे आयोजन में आध्यात्मिक ऊर्जा का संचार कर दिया। इसके पश्चात, एक ही मंडप के नीचे सजे-धजे वर-वधु और उनके परिजनों की उपस्थिति में विवाह की रस्में शुरू हुईं। मध्य प्रदेश और राजस्थान के विभिन्न अंचलों से आए परिवारों के मिलन ने इस आयोजन को एक अंतरराज्यीय सांस्कृतिक संगम का रूप दे दिया। समाज के वरिष्ठजनों और पदाधिकारियों की गरिमामयी उपस्थिति में हुए इस आयोजन ने यह संदेश दिया कि सादगी और अनुशासन के साथ भी जीवन के सबसे बड़े उत्सव को यादगार बनाया जा सकता है।
इस पुनीत कार्य का मुख्य उद्देश्य सामाजिक एकता को सुदृढ़ करना और उन परिवारों को संबल प्रदान करना था, जो आर्थिक चुनौतियों के कारण विवाह के भारी-भरकम खर्चों को वहन करने में असमर्थ होते हैं। आयोजन समिति और समाज के दानदाताओं की ओर से नवविवाहित जोड़ों को उपहार स्वरूप गृहस्थी का आवश्यक सामान और कन्यादान भेंट किया गया। कार्यक्रम के दौरान अनुशासन की जो मिसाल पेश की गई, उसने न केवल समाज बल्कि पूरे जिले के लिए एक आदर्श प्रस्तुत किया। बड़ी संख्या में जुटे समाजबंधुओं ने इस आयोजन को सफल बनाने में अपना योगदान दिया, जिससे यह स्पष्ट हो गया कि सामूहिक प्रयासों से बड़े सामाजिक बदलाव संभव हैं। यह सम्मेलन आने वाली पीढ़ी के लिए फिजूलखर्ची को त्याग कर सादगीपूर्ण जीवन अपनाने की एक प्रेरणा बन गया है।

Pratahkal Newsroom
प्रातःकाल न्यूज़-रूम, प्रातःकाल न्यूज़ की वह समर्पित संपादकीय टीम है, जो सटीक, समयबद्ध और निष्पक्ष समाचार पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध है। हमारा न्यूज़-रूम राजनीति, समाज, अर्थव्यवस्था और राष्ट्रीय मामलों में सत्यापित रिपोर्टिंग, गहन विश्लेषण और जिम्मेदार पत्रकारिता पर अपना ध्यान केंद्रित करता है।
