प्रतापुगढ़: UGC के नए प्रावधानों के खिलाफ सामान्य समाज की विशाल वाहन रैली
सकल सामान्य समाज ने बाण माता मंदिर से कलेक्ट्रेट तक निकाली रैली, राज्यपाल के नाम अतिरिक्त जिला कलेक्टर को सौंपा ज्ञापन।

प्रतापगढ़ में शुक्रवार को यूजीसी के नए नियमों के विरोध में किला परिसर से कलेक्ट्रेट तक निकाली गई वाहन रैली में शामिल समाजजन।
प्रतापगढ़ में UGC के नए प्रावधानों के विरोध में सकल सामान्य समाजजन द्वारा चलाए जा रहे राष्ट्रव्यापी अभियान के तहत प्रतापगढ़ में शुक्रवार को एक विशाल वाहन रैली निकाली गई और जिला कलेक्ट्रेट पहुँचकर राज्यपाल के नाम ज्ञापन सौंपा गया। सामाजिक समरसता, संवैधानिक मूल्यों और समाज के संतुलन की रक्षा को लेकर आयोजित इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में महिलाओं और पुरुषों ने भाग लिया।
वाहन रैली का आयोजन और मार्ग
- सुबह किला परिसर स्थित बाण माता मंदिर से वाहन रैली का शुभारंभ किया गया।
- दोपहिया और चारपहिया वाहनों के साथ यह रैली अपने निर्धारित मार्ग पर आगे बढ़ी।
- रैली गांधी चौराहा, सदर बाजार, बस स्टैंड, सहित शहर के प्रमुख रास्तों से गुज़री।
- रास्ते भर समाजजन शांतिपूर्ण तरीके से UGC के नए प्रावधानों का विरोध प्रकट करते रहे और सामाजिक समरसता बनाए रखने की अपील करते रहे।
विरोध का मुख्य कारण और सामाजिक चिंताएँ
सकल सामान्य समाज के प्रतिनिधियों ने कहा कि—
"UGC द्वारा जारी नए प्रावधान समाज के विभिन्न वर्गों के बीच सौहार्द को प्रभावित कर सकते हैं और संवैधानिक भावना के विपरीत हैं। इन नियमों को लागू किए जाने से समाज में असंतुलन और विभाजन जैसी स्थितियाँ उत्पन्न होने की आशंका है।"
संगठन ने दोहराया कि उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता सामाजिक समरसता है और किसी भी विभाजनकारी नीति का शांतिपूर्ण विरोध जारी रहेगा।
ज्ञापन और सरकार से मांग
वाहन रैली मिनी सचिवालय (जिला कलेक्ट्रेट) पहुँचकर संपन्न हुई। वहाँ प्रतिनिधि मंडल ने राज्यपाल के नाम संबोधित ज्ञापन अतिरिक्त जिला कलक्टर विजेश पंड्या को सौंपा। ज्ञापन में मांग की गई कि केंद्र सरकार UGC के नए प्रावधानों की समीक्षा कर समाजहित को प्राथमिकता दे।
एकजुटता की अपील और संदेश
संगठन ने सभी समाजजनों से एकजुट रहने और राष्ट्रहित के लिए आवाज उठाने की अपील की। अभियान का प्रमुख संदेश रहा— “एकजुट रहें, समरसता बचाएँ — राष्ट्रहित में आवाज़ उठाएँ।”

