ऑपरेशन त्रिनेत्र में एनडीपीएस तस्कर घनश्याम कलाल की 1.04 करोड़ संपत्ति फ्रीज
प्रतापगढ़ पुलिस की बड़ी कार्रवाई में एनडीपीएस तस्कर घनश्याम कलाल की 1.04 करोड़ रुपये की अवैध संपत्ति फ्रीज की गई।

तस्वीर में पुलिस टीम और अधिकारी प्रतापगढ़ में एनडीपीएस मामले के आरोपी की अवैध संपत्ति पर फ्रीजिंग का नोटिस और बोर्ड लगाते हुए।
प्रतापगढ़ पुलिस ने मादक पदार्थ तस्करों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए ऑपरेशन त्रिनेत्र के तहत एनडीपीएस तस्कर घनश्याम कलाल की तस्करी से अर्जित करीब 1 करोड़ 4 लाख रुपये की अवैध चल एवं अचल संपत्तियों को फ्रीज कर दिया है। यह कार्रवाई एनडीपीएस एक्ट की धारा 68F(1) के तहत की गई है।
जिला पुलिस अधीक्षक बी. आदित्य के निर्देशन में चलाए जा रहे ऑपरेशन त्रिनेत्र के तहत अरनोद थाना अधिकारी शिवलाल मीणा ने अभियुक्त घनश्याम कलाल निवासी रिछा की वित्तीय जांच की। जांच में उसकी अवैध कमाई से अर्जित संपत्तियों का पता लगाकर प्रस्ताव तैयार किया गया। इसके बाद सभी दस्तावेज भारत सरकार की सक्षम प्राधिकारी सफेमा (एफओपी) एवं एनडीपीएस एक्ट, नई दिल्ली को भेजे गए।
सक्षम प्राधिकारी द्वारा प्रस्ताव स्वीकार किए जाने के बाद 10 जुलाई को संपत्तियों के फ्रीजिंग नोटिस जारी किए गए और संबंधित संपत्तियों पर फ्रीजिंग बोर्ड लगा दिए गए। पुलिस के अनुसार यह कार्रवाई प्रतापगढ़ थाने में वर्ष 2023 में दर्ज मामले की जांच के आधार पर की गई है, जिसमें 492.850 किलोग्राम डोडाचूरा बरामद किया गया था।
मामले की अनुसंधान प्रक्रिया के दौरान गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ में घनश्याम कलाल की भूमिका सामने आई थी। इसके बाद उसे प्रोडक्शन वारंट पर गिरफ्तार कर न्यायिक अभिरक्षा में भेजा गया।
पुलिस जांच में सामने आया कि घनश्याम कलाल ने मादक पदार्थों की तस्करी से अर्जित अवैध आय से अपनी पत्नी के नाम ग्राम रिछा में करीब 60 लाख रुपये का आलीशान मकान, अपने नाम ग्राम पड़ुनी में करीब 40 लाख रुपये का फार्म हाउस और करीब 4 लाख रुपये की मारुति ऑल्टो कार खरीदी थी। इन सभी संपत्तियों का कुल वर्तमान बाजार मूल्य करीब 1 करोड़ 4 लाख रुपये आंका गया है।
पुलिस ने बताया कि घनश्याम कलाल के खिलाफ पहले भी आबकारी अधिनियम और एनडीपीएस एक्ट के तहत कई प्रकरण दर्ज हैं। एक मामले में उसे 8 वर्ष के कारावास की सजा भी हो चुकी है। जिला पुलिस ने स्पष्ट किया कि मादक पदार्थों की तस्करी से अर्जित अवैध संपत्तियों को चिन्हित कर उनके खिलाफ जब्ती और फ्रीजिंग की कार्रवाई आगे भी लगातार जारी रहेगी।

Dilip Sen, Pratapgarh
नाम: दिलीप सेन
वर्तमान पद: रिपोर्टर, जिला मुख्यालय (प्रातः काल)
कार्यक्षेत्र: प्रतापगढ़ जिला (राजस्थान)
बीट (मुख्य विषय): क्राइम, राजनीति, और धर्म-कर्म
परिचय
दिलीप सेन राजस्थान के प्रतापगढ़ जिला मुख्यालय पर रिपोर्टर के रूप में कार्यरत हैं। वह मुख्य रूप से प्रतापगढ़ जिले और जिला मुख्यालय से जुड़े आपराधिक मामलों (क्राइम), स्थानीय राजनीति और धार्मिक एवं सांस्कृतिक आयोजनों (धर्म-कर्म) की खबरों को कवर करते हैं। इन विषयों में उनकी विशेष रुचि और अच्छी पकड़ है।
पत्रकारिता का अनुभव (Work Experience)
दिलीप सेन को मीडिया और पत्रकारिता के क्षेत्र में विभिन्न प्रिंट और डिजिटल न्यूज़ चैनलों के साथ काम करने का अनुभव है। वह निम्नलिखित मीडिया संस्थानों से जुड़े रहे हैं:
- दैनिक भास्कर
- सीधा सवाल
- सच बेधड़क न्यूज़ चैनल
- प्रातः काल (जिसके साथ वह साल 2025 से निरंतर जुड़े हुए हैं)
शैक्षणिक योग्यता (Education)
उन्होंने अपनी शिक्षा 12वीं पास तक पूरी की है।
