प्रतापगढ़ जिले की सालमगढ़ थाना पुलिस ने एक ब्लाइंड मर्डर की गुत्थी सुलझाते हुए प्रेम प्रसंग से जुड़ी कथित हत्या की साजिश का खुलासा किया है। पुलिस जांच में सामने आया कि 52 वर्षीय महिला ने अपने 33 वर्षीय पड़ोसी के साथ मिलकर पति की हत्या की योजना बनाई। आरोप है कि दोनों ने मध्यप्रदेश से तीन युवकों को पांच लाख रुपये की सुपारी देकर बुलाया और शंकरलाल की हत्या करवा दी। वारदात के बाद शव को काले कट्टे में भरकर खेड़ापति हनुमान मंदिर के पास स्थित कुएं में फेंक दिया गया, जबकि पुलिस को गुमराह करने के लिए मृतक की मोटरसाइकिल करीब तीन किलोमीटर दूर दूसरे थाना क्षेत्र में खड़ी कर दी गई।

जिला पुलिस अधीक्षक बी. आदित्य के निर्देशन तथा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक गजेन्द्र सिंह जोधा और पुलिस उप अधीक्षक चन्द्रशेखर पालीवाल के मार्गदर्शन में थानाधिकारी दीपक कुमार के नेतृत्व में गठित टीम ने इस हत्याकांड का खुलासा किया।

पुलिस के अनुसार 26 जून 2026 को सूचना मिली थी कि दलोट गांव स्थित खेड़ापति हनुमान मंदिर के पास एक कुएं में कट्टे में बंद एक व्यक्ति का शव पड़ा है। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और ग्रामीणों की सहायता से शव को बाहर निकलवाया। शव की पहचान भचूंडला निवासी शंकरलाल के रूप में हुई। मेडिकल बोर्ड से पोस्टमार्टम कराने के बाद मृतक की पत्नी की रिपोर्ट पर हत्या का मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई।

प्रारंभिक जांच के दौरान परिजनों ने किसी भी व्यक्ति पर संदेह नहीं जताया, जिससे मामला पूरी तरह ब्लाइंड मर्डर बन गया। इसके बाद पुलिस ने तीन अलग-अलग टीमें गठित कर करीब 100 सीसीटीवी कैमरों की फुटेज की जांच की। साथ ही ग्रामीणों, रिश्तेदारों और परिवार के सदस्यों से मनोवैज्ञानिक तरीके से पूछताछ की गई।

जांच के दौरान पुलिस के सामने यह तथ्य आया कि 24 जून को मृतक के घर पर उसकी पत्नी तुलसीबाई और पड़ोसी दुकानदार मोहम्मद वाहीद कुरैशी द्वारा बुलाए गए तीन युवक पहुंचे थे। पुलिस के अनुसार तीनों युवकों ने शंकरलाल के साथ मारपीट की, जिससे उसकी मौत हो गई। इसके बाद शव को कट्टे में भरकर कुएं में फेंक दिया गया।

पुलिस जांच में यह भी सामने आया कि तुलसीबाई और मोहम्मद वाहीद कुरैशी पिछले एक-दो महीने से हत्या की साजिश रच रहे थे। दोनों के बीच पांच लाख रुपये, आधा बीघा जमीन तथा भविष्य में जमीन पर बिना किराए दुकान चलाने और मकान पर कमरा बनाकर रहने जैसी शर्तों पर सहमति बनी थी। इसी योजना के तहत वाहीद ने मध्यप्रदेश से तीन युवकों को बुलाकर हत्या करवाई।

पुलिस ने मामले में मुख्य साजिशकर्ता तुलसीबाई (52), निवासी भचूंडला तथा मोहम्मद वाहीद कुरैशी (33), निवासी पिपलोदा, जिला रतलाम (मध्यप्रदेश) को गिरफ्तार कर लिया है। वारदात में शामिल तीन अन्य आरोपियों की तलाश जारी है। पुलिस का कहना है कि उन्हें जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा। ब्लाइंड मर्डर के इस खुलासे के साथ पुलिस ने हत्या की कथित साजिश, सुपारी और वारदात के पूरे घटनाक्रम का पर्दाफाश कर दिया है।

Dilip Sen, Pratapgarh

Dilip Sen, Pratapgarh

नाम: दिलीप सेन

वर्तमान पद: रिपोर्टर, जिला मुख्यालय (प्रातः काल)

कार्यक्षेत्र: प्रतापगढ़ जिला (राजस्थान)

बीट (मुख्य विषय): क्राइम, राजनीति, और धर्म-कर्म

परिचय 

दिलीप सेन राजस्थान के प्रतापगढ़ जिला मुख्यालय पर रिपोर्टर के रूप में कार्यरत हैं। वह मुख्य रूप से प्रतापगढ़ जिले और जिला मुख्यालय से जुड़े आपराधिक मामलों (क्राइम), स्थानीय राजनीति और धार्मिक एवं सांस्कृतिक आयोजनों (धर्म-कर्म) की खबरों को कवर करते हैं। इन विषयों में उनकी विशेष रुचि और अच्छी पकड़ है।

पत्रकारिता का अनुभव (Work Experience)

दिलीप सेन को मीडिया और पत्रकारिता के क्षेत्र में विभिन्न प्रिंट और डिजिटल न्यूज़ चैनलों के साथ काम करने का अनुभव है। वह निम्नलिखित मीडिया संस्थानों से जुड़े रहे हैं:

  • दैनिक भास्कर
  • सीधा सवाल
  • सच बेधड़क न्यूज़ चैनल
  • प्रातः काल (जिसके साथ वह साल 2025 से निरंतर जुड़े हुए हैं)

शैक्षणिक योग्यता (Education)

उन्होंने अपनी शिक्षा 12वीं पास तक पूरी की है।

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