प्रतापगढ़ कृषि मंडी में किसानों का हंगामा, मुख्य गेट पर जड़ा ताला, सात दिन में सुधार नहीं हुआ तो आंदोलन
प्रतापगढ़ कृषि उपज मंडी में अव्यवस्थाओं से नाराज किसानों ने मुख्य गेट पर ताला लगाकर प्रदर्शन किया और सात दिन में सुधार नहीं होने पर आंदोलन की चेतावनी दी।

अपने उच्च अधिकारियों को अवगत कराया जा रहा हे बाकी अन्य पुलिस कर्मी यो ने यातायात चालू करवाया हे
प्रतापगढ़ जिले की कृषि उपज मंडी में लंबे समय से व्याप्त अव्यवस्थाओं को लेकर मंगलवार को किसानों का गुस्सा फूट पड़ा। भारतीय किसान संघ के नेतृत्व में बड़ी संख्या में किसानों ने मंडी प्रशासन के खिलाफ विरोध प्रदर्शन करते हुए मंडी के मुख्य गेट पर ताला लगा दिया और व्यवस्थाओं में तत्काल सुधार की मांग उठाई।
प्रदर्शन के दौरान किसानों ने मंडी अधिकारी उज्ज्वल जैन को ज्ञापन सौंपकर मंडी परिसर में व्याप्त विभिन्न समस्याओं के शीघ्र समाधान की मांग की। जिला सह प्रचार प्रमुख सागर प्रजापत ने बताया कि प्रशासन को सात दिन का अल्टीमेटम दिया गया है। यदि निर्धारित समय के भीतर व्यवस्थाओं में सुधार नहीं किया गया तो किसान आंदोलन शुरू करेंगे।
किसानों ने बताया कि प्याज और लहसुन नीलामी डोम में बारिश के दौरान जलभराव हो जाता है तथा पानी निकासी की समुचित व्यवस्था नहीं होने से उपज खराब होने का खतरा बना रहता है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि किसानों के लिए बनाए गए नीलामी डोमों में व्यापारियों द्वारा निजी माल का भंडारण और अतिक्रमण किए जाने से किसानों को अपनी उपज की नीलामी में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
प्रदर्शन के दौरान मंडी परिसर में फैली गंदगी, कचरे के ढेर, जलभराव से मच्छरों के बढ़ते प्रकोप, किसान भवन के उपयोग में नहीं आने तथा किसानों के लिए बैठने, पेयजल और अन्य मूलभूत सुविधाओं के अभाव का मुद्दा भी प्रमुखता से उठाया गया। किसानों ने इन सभी समस्याओं के शीघ्र समाधान की मांग करते हुए मंडी प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए।
जिला बीमा एवं अनुदान प्रमुख दिलखुश पाटीदार ने कहा कि किसानों को सम्मानजनक वातावरण में अपनी उपज बेचने की सुविधा उपलब्ध कराना मंडी प्रशासन की जिम्मेदारी है। वहीं, संभाग मंडी विपणन सदस्य बाबूलाल गायरी ने किसानों के लिए बनाए गए नीलामी डोमों से निजी भंडारण तत्काल हटाने की मांग की।
मंडी अधिकारी उज्ज्वल जैन ने किसानों की समस्याएं सुनते हुए सात दिन के भीतर आवश्यक सुधार कराने का आश्वासन दिया। इस दौरान किसानों ने आरोप लगाया कि जिले की सबसे बड़ी कृषि उपज मंडी का संचालन केवल दो बाबुओं के भरोसे हो रहा है। पर्याप्त स्टाफ नहीं होने से मंडी की व्यवस्थाएं लगातार प्रभावित हो रही हैं, जिसका खामियाजा पूरे जिले के किसानों को भुगतना पड़ रहा है। किसानों ने मांग की कि मंडी में पर्याप्त कार्मिकों की नियुक्ति कर व्यवस्थाएं तत्काल दुरुस्त की जाएं।

Dilip Sen, Pratapgarh
नाम: दिलीप सेन
वर्तमान पद: रिपोर्टर, जिला मुख्यालय (प्रातः काल)
कार्यक्षेत्र: प्रतापगढ़ जिला (राजस्थान)
बीट (मुख्य विषय): क्राइम, राजनीति, और धर्म-कर्म
परिचय
दिलीप सेन राजस्थान के प्रतापगढ़ जिला मुख्यालय पर रिपोर्टर के रूप में कार्यरत हैं। वह मुख्य रूप से प्रतापगढ़ जिले और जिला मुख्यालय से जुड़े आपराधिक मामलों (क्राइम), स्थानीय राजनीति और धार्मिक एवं सांस्कृतिक आयोजनों (धर्म-कर्म) की खबरों को कवर करते हैं। इन विषयों में उनकी विशेष रुचि और अच्छी पकड़ है।
पत्रकारिता का अनुभव (Work Experience)
दिलीप सेन को मीडिया और पत्रकारिता के क्षेत्र में विभिन्न प्रिंट और डिजिटल न्यूज़ चैनलों के साथ काम करने का अनुभव है। वह निम्नलिखित मीडिया संस्थानों से जुड़े रहे हैं:
- दैनिक भास्कर
- सीधा सवाल
- सच बेधड़क न्यूज़ चैनल
- प्रातः काल (जिसके साथ वह साल 2025 से निरंतर जुड़े हुए हैं)
शैक्षणिक योग्यता (Education)
उन्होंने अपनी शिक्षा 12वीं पास तक पूरी की है।
