प्रतापगढ़: हाउसिंग बोर्ड में सन्नाटे को चीरती चीख, फंदे पर झूलता मिला कॉलेज छात्र का शव
प्रतापगढ़ के हाउसिंग बोर्ड इलाके में कॉलेज छात्र पंकज मीणा की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत। किराए के कमरे में फंदे से लटका मिला 22 वर्षीय छात्र का शव। कोतवाली पुलिस मामले की जांच में जुटी, पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को सौंपा शव। जानिए क्या है पूरी घटना और परिजनों का बयान।

राजस्थान के प्रतापगढ़ जिले से एक हृदयविदारक घटना सामने आई है, जहां करियर बनाने का सपना लेकर शहर आए एक होनहार छात्र की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। हाउसिंग बोर्ड जैसे व्यस्त इलाके में एक किराए के कमरे के भीतर पंकज मीणा का शव फंदे से लटका मिलने के बाद पूरे क्षेत्र में सनसनी फैल गई है। 22 वर्षीय यह युवक, जो पिछले चार वर्षों से अपने भविष्य को संवारने के लिए कड़ा संघर्ष कर रहा था, इस तरह खामोशी से मौत को गले लगा लेगा, इसका अंदाजा उसके परिजनों को भी नहीं था।
यह घटना गुरुवार रात की है जब आसपास के लोगों को पंकज के कमरे में लंबे समय तक कोई हलचल महसूस नहीं हुई। अनहोनी की आशंका के चलते तुरंत कोतवाली पुलिस को सूचित किया गया। सूचना मिलते ही पुलिस की टीम मौके पर पहुंची और जब बंद कमरे का दरवाजा खुलवाया गया, तो अंदर का दृश्य देख सभी के पैरों तले जमीन खिसक गई। धमोत्तर थाना क्षेत्र के टीला धोबड़ गांव निवासी धुला मीणा का सबसे छोटा बेटा पंकज फंदे से झूल रहा था। आनन-फानन में पुलिस ने उसे नीचे उतारकर जिला अस्पताल पहुंचाया, लेकिन नियति को कुछ और ही मंजूर था; वहां मौजूद चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
चार भाइयों में सबसे छोटे पंकज के बारे में परिजनों का कहना है कि वह पढ़ाई को लेकर बेहद गंभीर था। वह हाउसिंग बोर्ड में अकेला रहकर अपनी कॉलेज की शिक्षा पूरी कर रहा था। शुक्रवार दोपहर करीब 12:30 बजे मृतक के बड़े भाई जीतमल ने जिला अस्पताल की मोर्चरी में पहुंचकर रिपोर्ट दर्ज कराई। जांच अधिकारी बिशन सिंह ने बताया कि प्राथमिक दृष्टि में यह मामला आत्महत्या का प्रतीत हो रहा है, लेकिन घटनास्थल से कोई सुसाइड नोट या स्पष्ट कारण सामने नहीं आया है। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंप दिया है और अब हर उस पहलू की बारीकी से जांच की जा रही है जो पंकज को इस खौफनाक कदम तक ले गया होगा।
इस घटना ने एक बार फिर छात्र जीवन में छिपे मानसिक तनाव और अकेलेपन के अनसुलझे सवालों को खड़ा कर दिया है। एक उभरते हुए युवा का इस तरह चले जाना न केवल एक परिवार के चिराग का बुझना है, बल्कि समाज के लिए भी एक गहरी चिंता का विषय है। पुलिस अब पोस्टमार्टम रिपोर्ट और पंकज के मोबाइल रिकॉर्ड्स के जरिए मौत के वास्तविक कारणों की गुत्थी सुलझाने में जुटी है।

Dilip Sen, Pratapgarh
नाम: दिलीप सेन
वर्तमान पद: रिपोर्टर, जिला मुख्यालय (प्रातः काल)
कार्यक्षेत्र: प्रतापगढ़ जिला (राजस्थान)
बीट (मुख्य विषय): क्राइम, राजनीति, और धर्म-कर्म
परिचय
दिलीप सेन राजस्थान के प्रतापगढ़ जिला मुख्यालय पर रिपोर्टर के रूप में कार्यरत हैं। वह मुख्य रूप से प्रतापगढ़ जिले और जिला मुख्यालय से जुड़े आपराधिक मामलों (क्राइम), स्थानीय राजनीति और धार्मिक एवं सांस्कृतिक आयोजनों (धर्म-कर्म) की खबरों को कवर करते हैं। इन विषयों में उनकी विशेष रुचि और अच्छी पकड़ है।
पत्रकारिता का अनुभव (Work Experience)
दिलीप सेन को मीडिया और पत्रकारिता के क्षेत्र में विभिन्न प्रिंट और डिजिटल न्यूज़ चैनलों के साथ काम करने का अनुभव है। वह निम्नलिखित मीडिया संस्थानों से जुड़े रहे हैं:
- दैनिक भास्कर
- सीधा सवाल
- सच बेधड़क न्यूज़ चैनल
- प्रातः काल (जिसके साथ वह साल 2025 से निरंतर जुड़े हुए हैं)
शैक्षणिक योग्यता (Education)
उन्होंने अपनी शिक्षा 12वीं पास तक पूरी की है।
