प्रतापगढ़ में ‘ऑपरेशन चक्रव्यूह’ का बड़ा धमाका: 2000 का इनामी ड्रग सप्लायर शेफुल्ला शेख गिरफ्तार
प्रतापगढ़ पुलिस के ‘ऑपरेशन चक्रव्यूह’ को मिली बड़ी सफलता! 4 किलो 646 ग्राम अवैध एमडी तस्करी मामले में 2000 रुपये का इनामी वांछित सप्लायर शेफुल्ला शेख गिरफ्तार। जतिन और जितेंद्र मालवीय के खुलासे के बाद से फरार चल रहे इस आरोपी को विशेष टीम ने दबोचा। जानिए कैसे ध्वस्त हुआ नशे का यह बड़ा नेटवर्क और क्या है पूरा मामला।

प्रतापगढ़। राजस्थान के प्रतापगढ़ जिले में मादक पदार्थों के काले कारोबार के खिलाफ पुलिस ने एक ऐसी सर्जिकल स्ट्राइक की है, जिसने नशा तस्करों के नेटवर्क को हिला कर रख दिया है। जिला पुलिस अधीक्षक बी. आदित्य के नेतृत्व में चलाए जा रहे ‘ऑपरेशन चक्रव्यूह’ के तहत पुलिस ने एक बड़ी कामयाबी हासिल करते हुए 4 किलो 646 ग्राम अवैध एमडी (मेफेड्रोन) की सप्लाई करने वाले मुख्य सूत्रधार को सलाखों के पीछे पहुंचा दिया है। 2000 रुपये के इनामी इस वांछित आरोपी की गिरफ्तारी के साथ ही पुलिस ने नशीले पदार्थों की तस्करी के एक बड़े सिंडिकेट का पर्दाफाश किया है।
इस पूरे घटनाक्रम की पटकथा 28 नवंबर 2025 को थाना धोलापानी क्षेत्र में लिखी गई थी। उस दौरान पुलिस ने सघन नाकाबंदी करते हुए जतिन मालवीय और जितेंद्र मालवीय, निवासी मानपुरा को दबोचा था। इन दोनों के पास से पुलिस ने भारी मात्रा में यानी 4 किलो 646 ग्राम अवैध एमडी बरामद की थी, जिसकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत करोड़ों में आंकी गई। पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की धारा 8/22 के तहत प्रकरण संख्या 101/25 दर्ज किया और उन्हें जेल भेज दिया। लेकिन असली चुनौती उस शख्स को पकड़ने की थी, जिसने इन दोनों को जहर की यह खेप पहुंचाई थी।
जतिन और जितेंद्र से की गई गहन पूछताछ में एक नाम बार-बार सामने आया—शेफुल्ला शेख। पुलिस को पता चला कि बसाड़ निवासी शेफुल्ला शेख पिता माकुल शेख ही वह शख्स है जो पर्दे के पीछे से एमडी की सप्लाई कर रहा था। नाम उजागर होते ही शेफुल्ला भूमिगत हो गया और पुलिस की आंखों में धूल झोंकने लगा। मामले की गंभीरता को देखते हुए जिला पुलिस अधीक्षक ने शेफुल्ला की गिरफ्तारी पर 2000 रुपये का इनाम घोषित कर दिया और जिला विशेष टीम (DST) को उसकी तलाश में लगा दिया।
हफ्तों की लुका-छिपी के बाद, जिला विशेष टीम ने अपने तकनीकी कौशल और मुखबिर तंत्र के सटीक जाल का उपयोग करते हुए शेफुल्ला शेख की लोकेशन का पता लगा लिया। घेराबंदी कर पुलिस ने 26 वर्षीय शेफुल्ला को धर दबोचा। आरोपी को तत्काल अनुसंधान अधिकारी के सुपुर्द कर दिया गया है, जहां उससे कड़ी पूछताछ की जा रही है। पुलिस अब यह खंगालने में जुटी है कि आखिर इतनी बड़ी मात्रा में एमडी कहां से लाई जा रही थी और इस नेटवर्क के तार किन-किन बड़े शहरों या तस्करों से जुड़े हैं। ‘ऑपरेशन चक्रव्यूह’ की इस सफलता ने साफ कर दिया है कि प्रतापगढ़ पुलिस नशे के सौदागरों को किसी भी कीमत पर बख्शने के मूड में नहीं है।

Dilip Sen, Pratapgarh
नाम: दिलीप सेन
वर्तमान पद: रिपोर्टर, जिला मुख्यालय (प्रातः काल)
कार्यक्षेत्र: प्रतापगढ़ जिला (राजस्थान)
बीट (मुख्य विषय): क्राइम, राजनीति, और धर्म-कर्म
परिचय
दिलीप सेन राजस्थान के प्रतापगढ़ जिला मुख्यालय पर रिपोर्टर के रूप में कार्यरत हैं। वह मुख्य रूप से प्रतापगढ़ जिले और जिला मुख्यालय से जुड़े आपराधिक मामलों (क्राइम), स्थानीय राजनीति और धार्मिक एवं सांस्कृतिक आयोजनों (धर्म-कर्म) की खबरों को कवर करते हैं। इन विषयों में उनकी विशेष रुचि और अच्छी पकड़ है।
पत्रकारिता का अनुभव (Work Experience)
दिलीप सेन को मीडिया और पत्रकारिता के क्षेत्र में विभिन्न प्रिंट और डिजिटल न्यूज़ चैनलों के साथ काम करने का अनुभव है। वह निम्नलिखित मीडिया संस्थानों से जुड़े रहे हैं:
- दैनिक भास्कर
- सीधा सवाल
- सच बेधड़क न्यूज़ चैनल
- प्रातः काल (जिसके साथ वह साल 2025 से निरंतर जुड़े हुए हैं)
शैक्षणिक योग्यता (Education)
उन्होंने अपनी शिक्षा 12वीं पास तक पूरी की है।
