उत्तर प्रदेश में रबी सत्र की तैयारियां अब पूरी हो चुकी हैं। प्रदेश के कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही ने बताया कि किसानों के हित में सरकार ने इस बार कई अहम कदम उठाए हैं ताकि फसलों की बुआई सुचारू रूप से हो सके। उन्होंने कहा कि किसानों को गुणवत्तापूर्ण बीज और पर्याप्त खाद की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए हर स्तर पर तैयारी पूरी कर ली गई है।

कृषि मंत्री ने बताया कि प्रदेश के 10 लाख से अधिक किसानों को दलहन और तिलहन फसलों के मुफ्त मिनीकिट बीज दिए जा रहे हैं। इन मिनीकिटों का वितरण ऑनलाइन आवेदन और लॉटरी प्रणाली के तहत किया जा रहा है, जिससे प्रक्रिया पारदर्शी बनी रहे। जिन किसानों को मिनीकिट नहीं मिल पाएंगे, उनके लिए भी प्रमाणित और उन्नत किस्मों के बीज किसान कल्याण केंद्रों या बीज गोदामों पर 50 प्रतिशत अनुदान पर उपलब्ध कराए गए हैं।

मंत्री सूर्य प्रताप शाही ने कहा कि रबी सीजन में किसानों को किसी तरह की असुविधा या परेशानी न हो, इसके लिए राज्य सरकार हर जिले में निगरानी कर रही है। उन्होंने जानकारी दी कि गेहूं, चना, मसूर, मटर, सरसों, राई, तोरिया और जौ जैसी आठ प्रमुख फसलों के बीज अनुदान दर पर किसानों को मिल रहे हैं। इन फसलों की बुआई के लिए किसानों को पहले से बीज, खाद और सिंचाई की पूरी व्यवस्था करने की सलाह दी गई है।


सूर्य प्रताप शाही ने किसानों से अपील की कि वे सरकारी केंद्रों से ही बीज और खाद लें और बाजार में अधिक दाम पर कोई भी सामग्री न खरीदें। उन्होंने कहा कि सरकार द्वारा तय दरों पर ही खाद और बीज उपलब्ध हैं और अगर किसी स्तर पर गड़बड़ी मिलती है तो किसानों को तुरंत इसकी शिकायत करनी चाहिए।

मंत्री ने यह भी स्पष्ट किया कि प्रदेश में खाद की कोई कमी नहीं है। डीएपी, एनपीके, एसएसपी, पोटाश और यूरिया जैसी सभी प्रमुख उर्वरकों का पर्याप्त भंडार हर जिले के गोदामों और सहकारी समितियों में मौजूद है। उन्होंने कहा कि विभाग की टीमें यह सुनिश्चित कर रही हैं कि वितरण व्यवस्था सुचारु रहे और समय पर किसानों तक खाद पहुंच सके।


प्रदेश के 75 जिलों में कृषि विभाग की टीमें सक्रिय रूप से काम कर रही हैं ताकि किसानों को आवश्यक संसाधन समय पर मिल सकें। मंत्री ने कहा कि जिन किसानों ने रबी फसलों की बुआई शुरू कर दी है या करने की तैयारी में हैं, उन्हें बीजों का उचित भंडारण और सही समय पर बोआई का खास ध्यान रखना चाहिए। उन्होंने कहा कि “बीज और फसल की सुरक्षा पर ध्यान देने से बेहतर अंकुरण और अधिक उत्पादन हासिल किया जा सकता है।”

Manyaa Chaudhary

Manyaa Chaudhary

यह 'प्रातःकाल' में एसोसिएट एडिटर के पद पर हैं। और पिछले दो वर्षों से इन्हें रिपोर्टिंग और इवेंट मैनेजमेंट का अनुभव है। इससे पहले इन्होंने 'स्वदेश न्यूज़ चैनल' में बतौर ट्रेनी रिपोर्टर काम किया है। ये विशेष रूप में मनोरंजन, स्पोर्ट्स, और क्राइम रिपोर्टिंग क्षेत्र में समर्थ हैं। अभी यह जर्नलिज्म की पढाई कर रही हैं।

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