Ambikapur coal mine protest 2025 : छत्तीसगढ़ के अंबिकापुर में अमेरा कोयला खदान के विस्तार को लेकर ग्रामीणों और पुलिस के बीच तनावपूर्ण झड़प हुई है। स्थानीय ग्रामीणों ने खदान विस्तार के विरोध में प्रदर्शन शुरू किया और यह विरोध जल्द ही हिंसक रूप ले लिया। नाराज ग्रामीणों ने पुलिस पर पथराव और लाठी-डंडे से हमला किया, जिससे 40 पुलिसकर्मी घायल हुए। जवाब में पुलिस ने लाठीचार्ज और आंसू गैस के गोले छोड़कर हालात को काबू में किया, जिसमें कई ग्रामीण भी घायल हुए।

घटना के दौरान प्रदर्शनकारी गुलेल, कुल्हाड़ी और अन्य हथियार लेकर पुलिस पर टूट पड़े। पुलिस ने स्थिति संभालने के लिए अतिरिक्त बल तैनात किया और एडिशनल डिस्ट्रिक्ट मजिस्ट्रेट मौके पर पहुँचकर स्थिति की निगरानी की। संघर्ष स्थल पर अभी भी तनावपूर्ण माहौल बना हुआ है।

सरगुजा के अपर कलेक्टर सुनील कुमार नायक ने बताया कि परसोड़ी कलां गांव के लोग SECL अमेरा खदान में इकट्ठा हुए और आगे कोयला खदान में माइनिंग नहीं होने देने की चेतावनी दी। उन्होंने बताया कि जमीन का सर्वे 2016 में पूरा हो चुका था और कई ग्रामीणों को मुआवजा भी मिल चुका है, लेकिन कुछ अब भी मुआवजा लेने से इनकार कर रहे हैं और खदान में बाधा डाल रहे हैं।

यह विवाद ग्रामीणों की जमीनों के अधिकार और खदान विस्तार के बीच टकराव को उजागर करता है। प्रशासन ने सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए हैं, लेकिन स्थानीय विरोध प्रदर्शन इस क्षेत्र में खदान परियोजनाओं के सामाजिक और कानूनी पहलुओं पर गंभीर सवाल खड़े कर रहा है।

Ashiti Joil

Ashiti Joil

यह प्रातःकाल में कंटेंट रायटर अँड एडिटर के पद पर कार्यरत हैं। यह गए 3 सालों से पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया में सक्रिय हैं। इन्होंने लोकसत्ता, टाईम महाराष्ट्र, PR और हैट मीडिया में सोशल मीडिया कंटेंट रायटर के तौर पर काम किया है। इन्होंने मराठी साहित्य में मास्टर डिग्री पूर्ण कि है और अभी ये यूनिवर्सिटी के गरवारे इंस्टीट्यूड में PGDMM (Marthi Journalism) कर रही है। यह अब राजकरण, बिजनेस , टेक्नोलॉजी , मनोरंजन और क्रीड़ा इनके समाचार बनती हैं।

Next Story