मुंबई: महाराष्ट्र की सियासी गलियारों में एक बार फिर हलचल तेज हो गई है, जब पूर्व मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने राज्य में चल रही सियासी खींचतान पर अप्रत्यक्ष रूप से टिप्पणी की। ठाकरे ने मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और डिप्टी सीएम एकनाथ शिंदे के बीच कथित मतभेदों और दूरियों को लेकर तंज कसा।

हाल ही में ऐसी खबरें आई थीं कि एकनाथ शिंदे ने दिल्ली में केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह से मुलाकात की और बीएमसी व स्थानीय निकाय चुनावों में बीजेपी के साथ मतभेदों पर अपनी स्थिति स्पष्ट की। सियासी सूत्रों के अनुसार, शिंदे लगातार फडणवीस से दूरी बनाए हुए हैं। हालांकि, दोनों पक्ष इस बारे में आधिकारिक रूप से इनकार करते रहे हैं।

स्कूली शिक्षा और संस्कार पर आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान उद्धव ठाकरे ने कहा कि "मैं भी विधायक हूं, अलग-अलग विकास कार्यों के लिए लोग अपने फंड का उपयोग करते हैं। पहले विपक्ष के विधायक अक्सर फंड पाने में कठिनाई झेलते थे, लेकिन अब सत्ता पक्ष के विधायकों के बीच ही अनबन की खबरें आ रही हैं। आज ही आपने अखबार में पढ़ा होगा कि कोई तो दिल्ली गया… पापा मुझे इसने मारा।" ठाकरे ने इस अवसर पर शिक्षा और संस्कार के महत्व पर भी जोर दिया और कहा कि सही समय पर अच्छी शिक्षा और संस्कार न मिलने से ऐसे हालात उत्पन्न होते हैं।

राजनीतिक घटनाक्रम की बात करें तो, एकनाथ शिंदे ने हाल ही में मुख्यमंत्री फडणवीस द्वारा आयोजित ‘नया आपराधिक कानून’ विषयक कार्यक्रम में हिस्सा नहीं लिया। यह कार्यक्रम मुंबई के आजाद मैदान में आयोजित किया गया था, जिसमें फडणवीस और अजित पवार उपस्थित थे। शिंदे को कार्यक्रम में आमंत्रित किया गया था, लेकिन उन्होंने भाग नहीं लिया। सियासी विश्लेषकों का कहना है कि इसका कारण शिवसेना के नेताओं को बीजेपी में शामिल करने को लेकर शिंदे की नाराजगी हो सकती है। इससे पहले शिंदे गुट के मंत्रियों ने इसी मुद्दे पर कैबिनेट बैठक का बहिष्कार भी किया था।

इस पूरे घटनाक्रम से यह स्पष्ट होता है कि महाराष्ट्र की सियासी तस्वीर में दलों के बीच अंदरूनी मतभेद और अनबन लगातार चर्चा का विषय बने हुए हैं। उद्धव ठाकरे की टिप्पणियों ने इस सियासी तनाव पर नई बहस को जन्म दिया है, जो आगामी चुनावों और राजनीतिक समीकरणों पर असर डाल सकती है।

Ruturaj Ravan

Ruturaj Ravan

यह प्रातःकाल मल्टीमीडिया में वेबसाइट मैनेजर और सोशल मीडिया एक्जीक्यूटिव के रूप में कार्यरत हैं, और पिछले तीन वर्षों से पत्रकारिता व डिजिटल मीडिया में सक्रिय हैं। इससे पूर्व उन्होंने दैनिक प्रहार में वेबसाइट प्रबंधन और सोशल मीडिया के लिए रचनात्मक कंटेंट निर्माण और रणनीतियों में अनुभव अर्जित किया। इन्होंने कोल्हापुर के छत्रपति शिवाजी महाराज विश्वविद्यालय से स्नातक और हैदराबाद के सत्या इंस्टीट्यूट से उच्च शिक्षा पूरी की। इन्हें SEO मैनेजमेंट, सोशल मीडिया और उससे संबंधित रणनीतियाँ तैयार करने में व्यापक अनुभव है।

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