एसआईईएस महाविद्यालय ने निभाई सामाजिक जिम्मेदारी; ‘एक पेड़ माँ के नाम’ अभियान के अंतर्गत गोठेघर आश्रमशाला में वृक्षारोपण
मुंबई के SIES कॉलेज ऑफ कॉमर्स एंड इकोनॉमिक्स ने संस्थागत सामाजिक उत्तरदायित्व पहल के अंतर्गत गोठेघर आश्रमशाला परिसर में 35 पौधे लगाकर हरित संदेश दिया।

SIES कॉलेज के प्राध्यापक, एनएसएस स्वयंसेवक और गोठेघर आश्रमशाला के पदाधिकारी वृक्षारोपण कार्यक्रम के दौरान आश्रमशाला भवन के मुख्य प्रवेश द्वार पर सामूहिक तस्वीर खिंचवाते हुए।
Ek Ped Maa Ke Naam campaign : समाज के प्रति अपनी प्रतिबद्धता को साकार करते हुए सायन (पूर्व) स्थित एसआईईएस कॉलेज ऑफ कॉमर्स एंड इकोनॉमिक्स (स्वायत्त) ने संस्थागत सामाजिक उत्तरदायित्व (Institutional Social Responsibility – ISR) पहल तथा ‘एक पेड़ माँ के नाम’ अभियान के अंतर्गत गोठेघर स्थित आश्रमशाला में वृक्षारोपण कार्यक्रम का आयोजन किया। राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) के स्वयंसेवकों की सक्रिय भागीदारी से आश्रमशाला परिसर में 35 वृक्षों का रोपण किया गया।
इस कार्यक्रम में महाविद्यालय की प्राचार्या डॉ. किशोरी भगत, उपप्राचार्या डॉ. प्रीति ठक्कर, उपप्राचार्या डॉ. शैलश्री उचिल, प्रो. सीए प्रसन्ना तांबे, प्रो. निराली झाला तथा गोठेघर आश्रमशाला के प्राचार्य दिलीप पाटील की विशेष उपस्थिति रही। सभी गणमान्य अतिथियों ने विद्यार्थियों के साथ वृक्षारोपण कर पर्यावरण संरक्षण के साथ-साथ सामाजिक उत्तरदायित्व की भावना को मजबूत करने का संदेश दिया।
समाज एवं पर्यावरण के सतत विकास में शैक्षणिक संस्थानों की सक्रिय भूमिका को ध्यान में रखते हुए इस कार्यक्रम का आयोजन किया गया। बढ़ते प्रदूषण, जलवायु परिवर्तन तथा पर्यावरणीय असंतुलन जैसी चुनौतियों की पृष्ठभूमि में विद्यार्थियों को वृक्षारोपण के महत्व से अवगत कराया गया। ‘एक पेड़ माँ के नाम’ अभियान की भावना को आगे बढ़ाते हुए विद्यार्थियों ने अपनी माताओं के सम्मान में वृक्ष लगाए। आश्रमशाला परिसर में विभिन्न प्रजातियों के पौधों का रोपण कर हरित वातावरण के निर्माण में महत्वपूर्ण योगदान दिया गया।
इस अवसर पर उपस्थित गणमान्य व्यक्तियों ने कहा कि वृक्षारोपण केवल एक दिवसीय गतिविधि नहीं है, बल्कि वृक्षों का संरक्षण, संवर्धन तथा पर्यावरण की रक्षा प्रत्येक नागरिक की सामूहिक जिम्मेदारी है। उन्होंने यह भी कहा कि समाजोपयोगी गतिविधियों में युवाओं की बढ़ती भागीदारी समय की आवश्यकता है।
एनएसएस स्वयंसेवकों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता करते हुए पर्यावरण जागरूकता का संदेश दिया। इस आईएसआर पहल के माध्यम से विद्यार्थियों में सामाजिक प्रतिबद्धता, पर्यावरण के प्रति संवेदनशीलता, नेतृत्व क्षमता तथा सतत विकास के प्रति जागरूकता और अधिक सुदृढ़ हुई। शिक्षा के साथ-साथ समाजहित एवं पर्यावरण संरक्षण के लिए कार्य करने की एसआईईएस महाविद्यालय की परंपरा इस कार्यक्रम के माध्यम से एक बार फिर रेखांकित हुई।

Ashiti Joil
यह प्रातःकाल में कंटेंट रायटर अँड एडिटर के पद पर कार्यरत हैं। यह गए 3 सालों से पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया में सक्रिय हैं। इन्होंने लोकसत्ता, टाईम महाराष्ट्र, PR और हैट मीडिया में सोशल मीडिया कंटेंट रायटर के तौर पर काम किया है। इन्होंने मराठी साहित्य में मास्टर डिग्री पूर्ण कि है और अभी ये यूनिवर्सिटी के गरवारे इंस्टीट्यूड में PGDMM (Marthi Journalism) कर रही है। यह अब राजकरण, बिजनेस , टेक्नोलॉजी , मनोरंजन और क्रीड़ा इनके समाचार बनती हैं।
