मुंबई। देश की आर्थिक राजधानी में अपराधियों ने एक बार फिर अपनी अवैध गतिविधियों को अंजाम देने के लिए कानून की सीमाओं को लांघने की कोशिश की, लेकिन इस बार मुंबई पुलिस की सतर्कता ने उनके मंसूबों पर पानी फेर दिया। चेंबूर इलाके में बार और रेस्टोरेंट की आड़ में संचालित हो रहे एक सेक्स रैकेट का पुलिस ने भंडाफोड़ किया है। आरसीएफ और तिलक नगर पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में प्रमिला बार एंड रेस्टोरेंट से तीन लोगों को गिरफ्तार किया गया, जबकि आठ महिलाओं को वहां से रेस्क्यू किया गया।

घटना की शुरुआत तब हुई जब आरसीएफ थाने के अधिकारियों को सूचना मिली कि चेंबूर के आरसी मार्ग पर स्थित एक बार एंड रेस्टोरेंट में वेश्यावृत्ति का धंधा चल रहा है। सूचना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने इसकी पुष्टि के लिए तिलक नगर पुलिस के साथ संयुक्त ऑपरेशन की योजना बनाई। एक फर्जी ग्राहक को बार में भेजा गया ताकि सच्चाई का पता लगाया जा सके। ग्राहक ने जैसे ही बार मैनेजर से संपर्क किया, बातचीत के दौरान मैनेजर ने स्पष्ट रूप से कहा कि यौन सेवाओं का शुल्क ₹1,000 होगा। सौदा तय होने के बाद फर्जी ग्राहक को बार की पहली मंजिल पर ले जाया गया, जहाँ उसे पेय पदार्थ का ऑर्डर देने के लिए कहा गया।

कुछ ही देर में एक महिला बारटेंडर उसके पास आई और अनुचित व्यवहार करने लगी। इसी क्षण पुलिस टीम ने इशारा मिलते ही बार पर छापा मारा। छापेमारी इतनी तेज और योजनाबद्ध थी कि किसी को भागने का मौका नहीं मिला। मौके पर मौजूद अंबेडकर नगर, मानखुर्द निवासी 41 वर्षीय महिला को पुलिस ने फर्जी ग्राहक से पैसे लेते हुए रंगेहाथ गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने वह नकद राशि सबूत के रूप में जब्त कर ली।

बार के भीतर की स्थिति ने पुलिस अधिकारियों को भी चौंका दिया। वहां कुल आठ महिलाएं पाई गईं, जो कथित रूप से इस अवैध गतिविधि में शामिल थीं। प्रारंभिक पूछताछ में महिलाओं ने बताया कि उन्हें इस धंधे में उनके ही मोहल्ले के कुछ लोगों ने जबरन या झूठे प्रलोभन देकर धकेला था। इनमें से कई महिलाएं चेंबूर, तिलक नगर, मानखुर्द और उल्हासनगर जैसे इलाकों की रहने वाली हैं। पुलिस ने सभी महिलाओं को रेस्क्यू कर सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया और उनके पुनर्वास की प्रक्रिया शुरू की।

छापेमारी के बाद पुलिस ने बार के मालिक, मैनेजर और एक ग्राहक को हिरासत में लिया। तीनों के खिलाफ भारतीय दंड संहिता (IPC) की संबंधित धाराओं और अनैतिक व्यापार निवारण अधिनियम (PITA) के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस का कहना है कि यह नेटवर्क लंबे समय से बार के संचालन की आड़ में सक्रिय था और ग्राहकों को शराब और संगीत के माहौल में यौन सेवाएँ प्रदान करने का लालच दिया जाता था।

आरसीएफ पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि यह कार्रवाई कई दिनों की सतर्क निगरानी और गुप्त सूचना के बाद संभव हो सकी। उन्होंने कहा कि ऐसे अवैध धंधे न केवल कानून का उल्लंघन करते हैं, बल्कि समाज की नैतिक संरचना को भी चोट पहुँचाते हैं। पुलिस अब यह भी जांच कर रही है कि इस रैकेट में और कौन-कौन लोग शामिल थे तथा क्या शहर के अन्य हिस्सों में भी इस तरह की गतिविधियाँ संचालित हो रही हैं।

इस ऑपरेशन ने एक बार फिर साबित कर दिया कि मुंबई पुलिस शहर के हर कोने में कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए कितनी सजग और प्रतिबद्ध है। चेंबूर का यह मामला सिर्फ एक अवैध गतिविधि का पर्दाफाश नहीं, बल्कि उन महिलाओं के लिए एक राहत का संदेश है जो मजबूरी या लालच में ऐसे नेटवर्क के जाल में फंस जाती हैं। पुलिस के अनुसार, इस तरह की कार्रवाइयाँ आगे भी जारी रहेंगी ताकि शहर को इस प्रकार के आपराधिक कारोबार से मुक्त रखा जा सके।

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Ashiti Joil

Ashiti Joil

यह प्रातःकाल में कंटेंट रायटर अँड एडिटर के पद पर कार्यरत हैं। यह गए 3 सालों से पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया में सक्रिय हैं। इन्होंने लोकसत्ता, टाईम महाराष्ट्र, PR और हैट मीडिया में सोशल मीडिया कंटेंट रायटर के तौर पर काम किया है। इन्होंने मराठी साहित्य में मास्टर डिग्री पूर्ण कि है और अभी ये यूनिवर्सिटी के गरवारे इंस्टीट्यूड में PGDMM (Marthi Journalism) कर रही है। यह अब राजकरण, बिजनेस , टेक्नोलॉजी , मनोरंजन और क्रीड़ा इनके समाचार बनती हैं।

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