मुंबई: कांदिवली के तेरापंथ भवन में गूंजा मंगलपाठ, मुनिद्वय ने आध्यात्मिक ऊर्जा के साथ किया नववर्ष का स्वागत
मुंबई के कांदिवली स्थित तेरापंथ भवन में मुनि कुलदीप कुमार एवं मुनि मुकुल कुमार के सानिध्य में नववर्ष पर भव्य मंगलपाठ का आयोजन हुआ। मुनि श्री ने सकारात्मक सोच और शक्ति के प्रतीक नववर्ष पर विशेष उद्बोधन दिया। राजेंद्र दुग्गड़ के संचालन में आयोजित इस कार्यक्रम में तुलसी महाप्रज्ञ फाउंडेशन सहित अनेक संस्थाओं के पदाधिकारी उपस्थित रहे।

मुंबई। महानगर के कांदिवली स्थित तेरापंथ भवन में नववर्ष का आगमन केवल कैलेंडर बदलने का उत्सव नहीं, बल्कि आध्यात्मिक चेतना के अभ्युदय का साक्षी बना। मुनि कुलदीप कुमार एवं मुनि मुकुल कुमार के पावन सानिध्य में आयोजित 'वृहद मंगलपाठ' के कार्यक्रम ने श्रद्धालुओं को नए संकल्पों और सकारात्मक ऊर्जा से सराबोर कर दिया। आयोजन की भव्यता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि संपूर्ण परिसर तेरापंथ धर्मसंघ के श्रावक-श्राविकाओं की उपस्थिति से भक्तिमय हो उठा।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुनि कुलदीप कुमार ने जीवन दर्शन की गहराई पर प्रकाश डाला। उन्होंने प्रेरणा देते हुए कहा कि नववर्ष केवल समय की एक गणना नहीं है, बल्कि यह आत्म-चिंतन का अवसर है। यदि व्यक्ति अपनी सोच को सकारात्मक रखे और अपने चिंतन में गंभीरता लाए, तो नया वर्ष वास्तव में जीवन में हर्ष और उल्लास का संचार कर सकता है। उनके संबोधन ने उपस्थित जनसमूह को मानसिक शांति और वैचारिक शुद्धता का मार्ग दिखाया।
इसी क्रम में मुनि मुकुल कुमार ने नववर्ष की अनूठी और शास्त्रोक्त व्याख्या प्रस्तुत की। उन्होंने शब्द की व्युत्पत्ति पर बल देते हुए बताया कि नववर्ष में समाहित 'वृष्टि' शब्द 'वृष' धातु से बना है, जिसका वास्तविक अर्थ 'शक्ति' होता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि जो अवसर हमारे जीवन में शक्ति और समृद्धि का संचार करे, वही सच्चा नववर्ष है। इस व्याख्या ने श्रद्धालुओं को पर्व के वैज्ञानिक और आध्यात्मिक महत्व से परिचित कराया।
समारोह के मुख्य आकर्षण के रूप में मुनि कुलदीप कुमार ने अपनी ओजस्वी वाणी में वृहद मंगलपाठ का श्रवण कराया, जिसे सुनकर उपस्थित जनसमूह मंत्रमुग्ध हो गया। इस गरिमामय आयोजन में तुलसी महाप्रज्ञ फाउंडेशन, तेरापंथी सभा, युवक परिषद और महिला मंडल के सभी प्रमुख पदाधिकारियों सहित भारी संख्या में समाज के गणमान्य लोगों की सक्रिय भागीदारी रही। कार्यक्रम का सुव्यवस्थित और कुशल संचालन राजेंद्र दुग्गड़ द्वारा किया गया। यह आयोजन न केवल आध्यात्मिक ऊर्जा के संचार का केंद्र बना, बल्कि इसने समाज में एकजुटता और सेवा भाव का एक नया उदाहरण भी पेश किया।

Pratahkal Bureau
प्रातःकाल ब्यूरो, प्रातःकाल न्यूज़ की वह समर्पित संपादकीय टीम है, जो सटीक, सामयिक और निष्पक्ष समाचार पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध है। हमारा ब्यूरो राजनीति, समाज, अर्थव्यवस्था और राष्ट्रीय मामलों में सत्यापित रिपोर्टिंग, गहन विश्लेषण और जिम्मेदार पत्रकारिता पर अपना ध्यान केंद्रित करता है।
