मुंबई। बृहन्मुंबई महानगरपालिका के स्कूलों में पढ़ने वाले गरीब और मध्यम वर्ग के बच्चों को अब रोबोटिक्स, कोडिंग और आधुनिक तकनीक की शिक्षा से जोड़ने की तैयारी है। इसी दिशा में बीएमसी प्रशासन ने 29 सितंबर 2026 को 50 चुनिंदा शिक्षकों और वरिष्ठ अधिकारियों के दल को भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईटी) बॉम्बे के अध्ययन दौरे पर भेजा।

दौरे का मुख्य उद्देश्य बीएमसी स्कूलों के छात्रों को रोबोटिक्स और ड्रोन जैसी आधुनिक तकनीक से जोड़ना है, ताकि उनमें वैज्ञानिक सोच विकसित हो और वे भविष्य में अपना स्टार्ट-अप शुरू करने में सक्षम बन सकें। बीएमसी आयुक्त अश्विनी भिड़े और अतिरिक्त आयुक्त प्राजक्ता वर्मा के मार्गदर्शन में इस अध्ययन दौरे का आयोजन किया गया।

आईआईटी बॉम्बे के प्रोफेसरों ने बीएमसी शिक्षकों को अपने महत्वाकांक्षी ‘ई-यंत्र’ प्रोजेक्ट की विस्तृत जानकारी दी। प्रोफेसरों ने कहा कि बीएमसी स्कूलों के बच्चों में सीखने की बहुत ललक और प्रतिभा होती है। उन्हें सही प्रशिक्षण मिलने पर वे देश के बड़े-बड़े वैज्ञानिकों और इंजीनियरों को टक्कर दे सकते हैं।

प्रशिक्षण के दौरान शिक्षकों को ड्रोन, अल्फाबॉट और अन्य उन्नत रोबोटिक्स प्रोजेक्ट्स का प्रत्यक्ष व्यावहारिक प्रदर्शन दिखाया गया। इसके साथ ही ‘लैब-इन-ए-बॉक्स’ मॉडल के जरिए कम खर्च और आसान तरीके से बीएमसी स्कूलों में आधुनिक विज्ञान प्रयोगशालाएं तैयार करने की प्रक्रिया भी समझाई गई।

दौरे के दौरान नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के तहत पढ़ाई को अधिक रोचक और व्यावहारिक बनाने पर भी चर्चा हुई। आने वाले दिनों में आईआईटी बॉम्बे के प्रोफेसर बीएमसी स्कूलों में जाकर छात्रों को रोबोटिक्स और कोडिंग की प्रत्यक्ष ट्रेनिंग देंगे। इससे बीएमसी स्कूलों के विद्यार्थियों को आधुनिक तकनीक की व्यावहारिक शिक्षा से जोड़ने की प्रक्रिया आगे बढ़ेगी।

Pratahkal Newsroom

Pratahkal Newsroom

प्रातःकाल न्यूज़-रूम, प्रातःकाल न्यूज़ की वह समर्पित संपादकीय टीम है, जो सटीक, समयबद्ध और निष्पक्ष समाचार पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध है। हमारा न्यूज़-रूम राजनीति, समाज, अर्थव्यवस्था और राष्ट्रीय मामलों में सत्यापित रिपोर्टिंग, गहन विश्लेषण और जिम्मेदार पत्रकारिता पर अपना ध्यान केंद्रित करता है।

Next Story