बीएमसी ने चार महीनों में पानी छिड़काव पर खर्च किए 10.80 करोड़, मंजूरी का प्रस्ताव
मुंबई में धूल और प्रदूषण नियंत्रण के लिए बीएमसी ने जून से सितंबर 2026 के बीच पानी छिड़काव पर 10.80 करोड़ रुपये खर्च किए। प्रशासन ने इस खर्च को नियमित करने के लिए स्थायी समिति से मंजूरी मांगी है।

बीएमसी ने मुंबई शहर में धूल और प्रदूषण को नियंत्रित करने के लिए जून से सितंबर 2026 के बीच किए गए पानी छिड़काव अभियान पर 10 करोड़ 80 लाख 93 हजार 880 रुपये खर्च होने का अनुमान लगाया है। इस अभियान के तहत शहर की हवा को साफ रखने और धूल के कणों को जमने से रोकने के लिए बड़े पैमाने पर पानी के टैंकरों का इस्तेमाल किया गया।
बीएमसी प्रशासन के अनुसार, पूरे अभियान के दौरान विभिन्न निजी संस्थाओं और व्यक्तिगत ठेकेदारों के माध्यम से पानी का छिड़काव कराया गया। इस कार्य पर महीने दर महीने खर्च में बढ़ोतरी दर्ज की गई। जून 2026 में करीब 93 लाख 86 हजार रुपये खर्च किए गए थे।
इसके बाद जुलाई 2026 में पानी छिड़काव का खर्च बढ़कर 1 करोड़ 88 लाख रुपये से अधिक हो गया। अगस्त और सितंबर में प्रदूषण नियंत्रण के काम को और तेज किया गया। इसके चलते दोनों महीनों में पानी छिड़काव पर 3 करोड़ 99 लाख रुपये से अधिक की राशि खर्च हुई।
बीएमसी के नियमानुसार किसी भी बड़े बजट के काम के लिए पूर्व या कार्योत्तर मंजूरी लेना अनिवार्य है। इसी प्रशासनिक प्रक्रिया के तहत बीएमसी प्रशासन ने जून से सितंबर 2026 के दौरान हुए कुल 10 करोड़ 80 लाख 93 हजार 880 रुपये के खर्च को नियमित करने के लिए स्थायी समिति के समक्ष प्रस्ताव रखा है।
बीएमसी अधिकारियों का कहना है कि मुंबईकरों को साफ हवा उपलब्ध कराने और स्वास्थ्य संबंधी बीमारियों से बचाने के लिए पानी छिड़काव का यह कदम बेहद जरूरी था। अब इस खर्च को नियमित करने के लिए स्थायी समिति की मंजूरी मांगी गई है।

Pratahkal Newsroom
प्रातःकाल न्यूज़-रूम, प्रातःकाल न्यूज़ की वह समर्पित संपादकीय टीम है, जो सटीक, समयबद्ध और निष्पक्ष समाचार पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध है। हमारा न्यूज़-रूम राजनीति, समाज, अर्थव्यवस्था और राष्ट्रीय मामलों में सत्यापित रिपोर्टिंग, गहन विश्लेषण और जिम्मेदार पत्रकारिता पर अपना ध्यान केंद्रित करता है।
