महाराष्ट्र की राजनीति के 'शिखर' का अवसान: पंचतत्व में विलीन हुए Ajit Dada; बारामती की धरती पर उमड़ा जनसैलाब
महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री अजित पवार का राजकीय सम्मान के साथ बारामती में अंतिम संस्कार किया गया। बेटे पार्थ और जय पवार ने मुखाग्नि देकर पिता को अंतिम विदाई दी। गृहमंत्री अमित शाह और सीएम फडणवीस सहित लाखों समर्थकों ने 'बारामती के राजा' को नम आंखों से विदा किया। विमान हादसे में हुए इस दुखद अंत से पूरा देश स्तब्ध है।

Ajit Pawar Funeral : महाराष्ट्र की राजनीति के सबसे सशक्त और प्रभावशाली चेहरों में से एक, उपमुख्यमंत्री अजित पवार अब अनंत यात्रा पर निकल चुके हैं। बारामती के विद्या प्रतिष्ठान मैदान में आज एक युग का अंत हो गया, जब उनके दोनों बेटों, पार्थ और जय पवार ने नम आंखों से अपने पिता की चिता को मुखाग्नि दी। विमान हादसे की हृदयविदारक घटना के बाद, आज पूरा महाराष्ट्र अपने प्रिय 'दादा' को अंतिम विदाई देने के लिए सड़कों पर उतर आया।
शोक संतप्त परिवार और भावुक विदाई :
विद्या प्रतिष्ठान के मंच पर जब अजित पवार का पार्थिव शरीर अंतिम दर्शन के लिए रखा गया, तो वहां का दृश्य अत्यंत मर्मस्पर्शी था। उनकी पत्नी और राज्यसभा सांसद सुनेत्रा पवार अपने पति के चरणों के पास बैठकर फूट-फूटकर रो पड़ीं। सुप्रिया सुले ने अपनी भाभी को ढांढस बंधाया, लेकिन दर्द इतना गहरा था कि वहां मौजूद हर शख्स की आंखें भर आईं।
- परिजनों की उपस्थिति: मंच पर अजित पवार के भाई श्रीनिवास पवार, बहन जया पाटील और उनका पूरा परिवार मौजूद रहा।
- अंतिम संस्कार की विधि: राजकीय सम्मान के साथ शुरू हुई इस प्रक्रिया में समर्थकों द्वारा लगाए जा रहे 'अजित पवार अमर रहे' के नारों से पूरा परिसर गूंज उठा।
सत्ता के गलियारों से आम जनता तक: दिग्गजों का जमावड़ा
अजित पवार को अंतिम नमन करने के लिए देश और राज्य के शीर्ष नेतृत्व ने बारामती का रुख किया।
केंद्रीय नेतृत्व: गृहमंत्री अमित शाह ने पार्थिव शरीर पर पुष्प चक्र अर्पित कर परिक्रमा की और शोक संतप्त बेटों को सांत्वना दी। बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ने भी अपनी श्रद्धांजलि अर्पित की।
राज्य नेतृत्व: मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने अपने 'प्रिय मित्र' को अंतिम विदाई दी। दोनों नेताओं की घनिष्ठता जगजाहिर थी। इनके अलावा विधानसभा अध्यक्ष राहुल नार्वेकर, रामदास आठवले और छगन भुजबल जैसे दिग्गजों ने भी उन्हें नमन किया।
अभूतपूर्व जनसैलाब: पेड़ों पर चढ़कर अंतिम दर्शन
बारामती की जनता के लिए अजित पवार केवल एक नेता नहीं, बल्कि उनके 'राजा' थे। अंतिम संस्कार स्थल पर भीड़ इतनी अधिक थी कि बैठने की जगह भी शेष नहीं रही। लोग चिलचिलाती धूप में घंटों तक पेड़ों पर चढ़कर अपने नेता की एक झलक पाने के लिए डटे रहे। यह दृश्य अजित पवार के प्रति जनता के अगाध प्रेम और सम्मान का प्रमाण था।
कानूनी प्रक्रिया और जांच :
इस दुखद विमान हादसे को लेकर पुलिस और जांच एजेंसियां मुस्तैद हैं।
एडीआर (ADR) और जांच: पुणे ग्रामीण पुलिस ने एक्सीडेंटल डेथ रिपोर्ट दर्ज कर ली है। नियमानुसार, इस हाई-प्रोफाइल मामले की जांच महाराष्ट्र सीआईडी (CID) को सौंपी जाएगी।
तकनीकी साक्ष्य: वायुयान दुर्घटना अन्वेषण ब्यूरो (AAIB) और DGCA की टीम ने मलबे से ब्लैक बॉक्स बरामद कर लिया है, जिससे क्रैश के अंतिम क्षणों की सटीक जानकारी मिल सकेगी।

Ashiti Joil
यह प्रातःकाल में कंटेंट रायटर अँड एडिटर के पद पर कार्यरत हैं। यह गए 3 सालों से पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया में सक्रिय हैं। इन्होंने लोकसत्ता, टाईम महाराष्ट्र, PR और हैट मीडिया में सोशल मीडिया कंटेंट रायटर के तौर पर काम किया है। इन्होंने मराठी साहित्य में मास्टर डिग्री पूर्ण कि है और अभी ये यूनिवर्सिटी के गरवारे इंस्टीट्यूड में PGDMM (Marthi Journalism) कर रही है। यह अब राजकरण, बिजनेस , टेक्नोलॉजी , मनोरंजन और क्रीड़ा इनके समाचार बनती हैं।
