महाराष्ट्र में घर-घर की गणेश आरास को मिलेगा राज्यस्तरीय मंच, यूट्यूब स्पर्धा 2026 का ऐलान
घर की गणेश आरास को महाराष्ट्र तक पहुंचाने का मौका, ‘प्रफुल्लित केंद्र’ की यूट्यूब स्पर्धा में नि:शुल्क प्रवेश, 21 सितंबर अंतिम तिथि।

कोल्हापुर में गणेशोत्सव के अवसर पर घरों में सजाई जाने वाली गणेश आरास की कल्पकता, कलाकौशल और भक्तिभाव को राज्यस्तरीय डिजिटल मंच देने के लिए ‘प्रफुल्लित केंद्र’ की ओर से ‘भव्य राज्यस्तरीय यूट्यूब गणेश आरास स्पर्धा 2026’ का आयोजन किया गया है। इस स्पर्धा के माध्यम से गणेशभक्तों को अपने घर के लाडले बाप्पा की आकर्षक आरास को पूरे महाराष्ट्र के सामने प्रस्तुत करने का अवसर मिलेगा।
खास बात यह है कि स्पर्धा में भाग लेने के लिए किसी तरह का प्रवेश शुल्क नहीं रखा गया है और सहभागिता पूरी तरह नि:शुल्क है। गणेशोत्सव के दौरान घर-घर में परिवार के सदस्य मिलकर उत्साह के साथ गणराय का दरबार सजाते हैं। कई परिवार दिन-रात मेहनत कर आकर्षक और नए विचारों पर आधारित आरास तैयार करते हैं। परिवार के सदस्यों की सहभागिता से तैयार होने वाली इस कलाकृति को घर की चार दीवारों तक सीमित न रखते हुए राज्यभर के नागरिकों तक पहुंचाने के उद्देश्य से इस स्पर्धा का आयोजन किया गया है।
स्पर्धा में शामिल होने के लिए प्रतिभागी को अपने घर की गणेश आरास का 2 से 4 मिनट का क्षैतिज वीडियो तैयार करना होगा। वीडियो के साथ प्रतिभागी का पूरा नाम और पता लिखकर उसे व्हॉट्सऐप नंबर +91 8530529653 पर भेजना होगा। वीडियो भेजने की अंतिम तारीख 21 सितंबर 2026 को शाम 5 बजे तक निर्धारित की गई है।
स्पर्धा के पहले तीन विजेताओं को आकर्षक ट्रॉफी और सम्मानपत्र देकर सम्मानित किया जाएगा, जबकि दो प्रोत्साहन विजेताओं को आकर्षक पदक और सम्मानपत्र प्रदान किए जाएंगे। इसके अलावा सोशल मीडिया पर सबसे अधिक शेयर हासिल करने वाले प्रतिभागी को विशेष ‘सोशल मीडिया स्टार पुरस्कार’ दिया जाएगा। स्पर्धा में भाग लेने वाले प्रत्येक प्रतिभागी को डिजिटल सहभागिता प्रमाणपत्र (E-Certificate) भी प्रदान किया जाएगा।
‘प्रफुल्लित केंद्र’ की ओर से गणेशभक्तों से इस राज्यस्तरीय स्पर्धा में बड़ी संख्या में भाग लेने और अपने घर के बाप्पा की आरास, कलाकौशल तथा सृजनात्मकता को पूरे महाराष्ट्र तक पहुंचाने का आह्वान किया गया है।
“सम्मान बाप्पा की भक्ति का... गौरव आपके कौशल का!” इस संकल्पना के तहत आयोजित इस अभिनव स्पर्धा को लेकर गणेशभक्तों में उत्सुकता बनी हुई है।

Vijay Morbale, Kolhapur
पद: क्षेत्रीय संवाददाता (कोल्हापुर)
शिक्षा: बी.एससी (केमिस्ट्री), ग्रामीण पत्रकारिता एवं जनसंचार में पीजी डिप्लोमा
परिचय:
विजय गुंडू मोरबाळे महाराष्ट्र के कोल्हापुर क्षेत्र के एक समर्पित और अनुभवी जमीनी पत्रकार हैं। शिवाजी विश्वविद्यालय से बी.एससी (केमिस्ट्री) की डिग्री हासिल करने के बाद, उन्होंने पत्रकारिता के प्रति अपने जुनून को करियर में बदला। उन्होंने शिवाजी विश्वविद्यालय के 'ग्रामीण पत्रकारिता और जनसंचार' कोर्स में सदाशिवराव मंडलिक महाविद्यालय (मुरगुड) में प्रथम स्थान प्राप्त किया है, जो ग्रामीण और स्थानीय मुद्दों पर उनकी गहरी समझ को दर्शाता है।
कार्यक्षेत्र और विशेषज्ञता:
विजय मुख्य रूप से कोल्हापुर जिले के कागल, मुरगुड, अदमापुर और भुदरगड जैसे क्षेत्रों में सक्रिय हैं। 'निकाल न्यूज' जैसे प्रतिष्ठित डिजिटल प्लेटफॉर्म्स के माध्यम से स्थानीय पत्रकारिता में अपनी पहचान बनाने के बाद, अब वे 'प्रातःकाल' (pratahkal.in) के डिजिटल नेटवर्क से जुड़े हैं। वे स्थानीय राजनीति, सामाजिक सरोकार, अपराध (क्राइम) और क्षेत्र के ऐतिहासिक व धार्मिक मंदिरों से जुड़ी महत्वपूर्ण खबरों को सटीकता से जनता तक पहुँचाते हैं।
पत्रकारिता का दृष्टिकोण:
सकारात्मक और समाजोपयोगी पत्रकारिता में गहरा विश्वास रखने वाले विजय हमेशा उन खबरों को प्राथमिकता देते हैं जो समाज में बदलाव ला सकें। हाल ही में जून 2026 में, एक सेवानिवृत्ति समारोह में हार-फूलों की जगह अनाज इकट्ठा कर जरूरतमंदों को बांटने की एक अनूठी सामाजिक पहल को उन्होंने प्रमुखता से कवर किया था, जिसे काफी सराहना मिली।
ग्रामीण भारत की आवाज और स्थानीय विकास की खबरों को डिजिटल माध्यमों पर मजबूती से रखने के लिए विजय मोरबाळे लगातार प्रयासरत हैं।
