शिवराज्यभिषेक के बाद प्रफुल्लित केंद्र ने रायगढ़ किले पर चलाया स्वच्छता अभियान
कोल्हापुर की प्रफुल्लित केंद्र संस्था के स्वयंसेवकों ने शिवराज्याभिषेक समारोह के बाद रायगढ़ किले से प्लास्टिक कचरा हटाकर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया।

रायगढ़ किले पर शिवराज्याभिषेक समारोह के बाद 6 जून को स्वच्छता अभियान पूरा कर रात के समय सीढ़ियों पर खड़े प्रफुल्लित केंद्र के स्वयंसेवक और पुलिसकर्मी।
शिवतीर्थ रायगढ़ पर 6 जून को शिवराज्याभिषेक समारोह उत्साहपूर्ण और अभूतपूर्व वातावरण में संपन्न हुआ। इस ऐतिहासिक आयोजन में महाराष्ट्र सहित देशभर से लाखों शिवभक्तों ने सहभागिता की। समारोह के उपरांत रायगढ़ के पावित्र्य, ऐतिहासिक वैभव और पर्यावरण संरक्षण को ध्यान में रखते हुए कोल्हापुर स्थित प्रफुल्लित केंद्र संस्था द्वारा विशेष स्वच्छता अभियान चलाया गया।
शिवराज्याभिषेक समारोह के बाद गढ़ परिसर में बड़ी मात्रा में प्लास्टिक कचरा और पानी की खाली बोतलें जमा हो गई थीं। ‘मेरा गढ़, मेरी जिम्मेदारी’ की संकल्पना से प्रेरित होकर प्रफुल्लित केंद्र के स्वयंसेवकों ने रायगढ़ पर फैली प्लास्टिक की बोतलें तथा अन्य कचरा एकत्रित कर उसकी उचित तरीके से विल्हेवाट सुनिश्चित की। इस अभियान के माध्यम से शिवभक्ति के साथ-साथ पर्यावरण संरक्षण का प्रभावी संदेश भी दिया गया।
अभियान का विशेष आकर्षण प्रफुल्लित केंद्र की अध्यक्षा डॉ. अल्फिया बागवान और मुस्कान तांबोळी का नेतृत्व रहा। दोनों मुस्लिम युवतियों ने किसी भी कठिनाई की परवाह किए बिना रात्रि के समय रायगढ़ की चढ़ाई शुरू की और प्रातःकाल गढ़ पर पहुंचीं। शिवाजी महाराज के विचारों के प्रति उनकी निष्ठा और सामाजिक दायित्वों के प्रति समर्पण ने प्रेरणादायी उदाहरण प्रस्तुत किया।
स्वच्छता अभियान को सफल बनाने में प्रफुल्लित केंद्र के संस्थापक डॉ. प्रफुल्ल पाटील, अध्यक्षा डॉ. अल्फिया बागवान और संचालिका रेश्मा कातकर के मार्गदर्शन में स्वयंसेवकों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। अभियान में विलास पाटील, मुस्कान तांबोळी, हिंदवी चौगुले और प्रतीक पाटील ने सक्रिय सहभागिता करते हुए उल्लेखनीय योगदान दिया।
रायगढ़ पर आयोजित इस स्वच्छता अभियान ने ऐतिहासिक धरोहरों के संरक्षण, पर्यावरण जागरूकता और सामाजिक सहभागिता का सशक्त संदेश दिया। शिवराज्याभिषेक जैसे भव्य आयोजन के बाद गढ़ की स्वच्छता बनाए रखने के लिए स्वयंसेवकों की यह पहल समाज के लिए प्रेरणा का विषय बनी है।

Vijay Morbale, Kolhapur
पद: क्षेत्रीय संवाददाता (कोल्हापुर)
शिक्षा: बी.एससी (केमिस्ट्री), ग्रामीण पत्रकारिता एवं जनसंचार में पीजी डिप्लोमा
परिचय:
विजय गुंडू मोरबाळे महाराष्ट्र के कोल्हापुर क्षेत्र के एक समर्पित और अनुभवी जमीनी पत्रकार हैं। शिवाजी विश्वविद्यालय से बी.एससी (केमिस्ट्री) की डिग्री हासिल करने के बाद, उन्होंने पत्रकारिता के प्रति अपने जुनून को करियर में बदला। उन्होंने शिवाजी विश्वविद्यालय के 'ग्रामीण पत्रकारिता और जनसंचार' कोर्स में सदाशिवराव मंडलिक महाविद्यालय (मुरगुड) में प्रथम स्थान प्राप्त किया है, जो ग्रामीण और स्थानीय मुद्दों पर उनकी गहरी समझ को दर्शाता है।
कार्यक्षेत्र और विशेषज्ञता:
विजय मुख्य रूप से कोल्हापुर जिले के कागल, मुरगुड, अदमापुर और भुदरगड जैसे क्षेत्रों में सक्रिय हैं। 'निकाल न्यूज' जैसे प्रतिष्ठित डिजिटल प्लेटफॉर्म्स के माध्यम से स्थानीय पत्रकारिता में अपनी पहचान बनाने के बाद, अब वे 'प्रातःकाल' (pratahkal.in) के डिजिटल नेटवर्क से जुड़े हैं। वे स्थानीय राजनीति, सामाजिक सरोकार, अपराध (क्राइम) और क्षेत्र के ऐतिहासिक व धार्मिक मंदिरों से जुड़ी महत्वपूर्ण खबरों को सटीकता से जनता तक पहुँचाते हैं।
पत्रकारिता का दृष्टिकोण:
सकारात्मक और समाजोपयोगी पत्रकारिता में गहरा विश्वास रखने वाले विजय हमेशा उन खबरों को प्राथमिकता देते हैं जो समाज में बदलाव ला सकें। हाल ही में जून 2026 में, एक सेवानिवृत्ति समारोह में हार-फूलों की जगह अनाज इकट्ठा कर जरूरतमंदों को बांटने की एक अनूठी सामाजिक पहल को उन्होंने प्रमुखता से कवर किया था, जिसे काफी सराहना मिली।
ग्रामीण भारत की आवाज और स्थानीय विकास की खबरों को डिजिटल माध्यमों पर मजबूती से रखने के लिए विजय मोरबाळे लगातार प्रयासरत हैं।
