नवमहाराष्ट्र क्रीडा मंडळ का ‘12 ज्योतिर्लिंग’ भव्य देखावा रविवार से श्रद्धालुओं के लिए खुला
कोल्हापुर में नवमहाराष्ट्र क्रीडा मंडल का ‘12 ज्योतिर्लिंग’ भव्य दृश्य खुला, धार्मिक आयोजन के साथ सामाजिक और क्रीड़ा गतिविधियां भी जारी हैं।

कोल्हापुर में नवमहाराष्ट्र क्रीडा मंडळ ने क्रीड़ा, सांस्कृतिक और सामाजिक प्रतिबद्धता का त्रिवेणी संगम साधते हुए समाज में अपनी अलग पहचान बनाई है। गणेशोत्सव के माध्यम से भव्य और समाजप्रबोधनात्मक झांकियां प्रस्तुत करने के साथ मंडल की ओर से पूरे वर्ष विभिन्न सामाजिक, सांस्कृतिक, धार्मिक और क्रीड़ा गतिविधियां आयोजित की जाती हैं।
नवमहाराष्ट्र मंडल की प्रेरणा से बाजारपेठ में निर्मित भव्य गणेश मंदिर श्रद्धालुओं के लिए आस्था का केंद्र बन चुका है। गणेश जयंती और वर्धापनदिन के अवसर पर दिंडी समारोह, भजन, कीर्तन और जन्मकाल समारोह का आयोजन भक्तिमय वातावरण में किया जाता है। इन कार्यक्रमों में क्षेत्र के श्रद्धालु बड़ी संख्या में उपस्थित होकर महाप्रसाद का लाभ लेते हैं।
गणेशोत्सव में हर वर्ष मंडल की ओर से आकर्षक, भव्य और समाजप्रबोधन करने वाले दृश्य प्रस्तुत किए जाते हैं। इस वर्ष सर पिराजीराव रोड (भाजी मंडई) में ‘12 ज्योतिर्लिंग’ विषय पर भव्य दृश्य तैयार किया गया है। यह दृश्य रविवार, 20 सितंबर 2026 को रात 8 बजे श्रद्धालुओं और नागरिकों के लिए खोला गया। हर वर्ष मंडल का दृश्य देखने के लिए क्षेत्र के नागरिकों की बड़ी भीड़ जुटती है।
धार्मिक उत्सव तक सीमित न रहते हुए मंडल ने सामाजिक प्रतिबद्धता भी कायम रखी है। समाज के अंतिम व्यक्ति तक स्वास्थ्य सेवा पहुंचाने के उद्देश्य से विभिन्न स्वास्थ्य शिविरों के साथ रक्तदान शिविरों का भी आयोजन किया जाता है। इन पहलों के माध्यम से कई जरूरतमंद मरीजों को समय पर रक्त और चिकित्सा उपचार उपलब्ध कराने में मदद मिलती है।
गरीब, जरूरतमंद और अनाथ वर्गों के लिए मंडल की ओर से हर वर्ष अनाज और आवश्यक वस्तुओं का वितरण किया जाता है। संकट के समय जरूरतमंदों की सहायता के लिए आगे आने की मंडल की भूमिका सराहनीय रही है। इसके साथ ही युवाओं की कला प्रतिभा को अवसर देने के लिए विभिन्न सांस्कृतिक और क्रीड़ा प्रतियोगिताओं का आयोजन किया जाता है।
धार्मिक उत्सव को सामाजिक सेवा से जोड़ते हुए नवमहाराष्ट्र क्रीडा मंडळ ने समाज के सामने सामाजिक प्रतिबद्धता की मिसाल कायम की है। इस भव्य दृश्य के निर्माण के लिए सनी गवाणकर, अनिल मगदूम, सर्जेराव कुडवे, सुनील गवाणकर, दीपक वारके, दीपक बहुधान्ये, प्रवीण भारमल, शशिकांत सणगर, तुकाराम माने, संजय वारके, अरुण माने, प्रशांत हळदकर, अमोल मेटकर, संदीप कांबळे, सचिन बरकाळे, अमर खैरे, प्रदीप भोपळे, सूरज एकल, मुन्ना कटके, शुभम खैरे, प्रतीक खैरे, राहुल खैरे, योगेश बुरुड, संग्राम बुरुड, बबलू मगदूम, आकाश चव्हाण, रोहित भारमल, वैभव कुडवे, सिद्दिक पटेल, सुरज भोई, शुभम डवरी, रोहित डवरी, अर्णव सणगर सहित मंडल के सभी सदस्य मेहनत कर रहे हैं।

Vijay Morbale, Kolhapur
पद: क्षेत्रीय संवाददाता (कोल्हापुर)
शिक्षा: बी.एससी (केमिस्ट्री), ग्रामीण पत्रकारिता एवं जनसंचार में पीजी डिप्लोमा
परिचय:
विजय गुंडू मोरबाळे महाराष्ट्र के कोल्हापुर क्षेत्र के एक समर्पित और अनुभवी जमीनी पत्रकार हैं। शिवाजी विश्वविद्यालय से बी.एससी (केमिस्ट्री) की डिग्री हासिल करने के बाद, उन्होंने पत्रकारिता के प्रति अपने जुनून को करियर में बदला। उन्होंने शिवाजी विश्वविद्यालय के 'ग्रामीण पत्रकारिता और जनसंचार' कोर्स में सदाशिवराव मंडलिक महाविद्यालय (मुरगुड) में प्रथम स्थान प्राप्त किया है, जो ग्रामीण और स्थानीय मुद्दों पर उनकी गहरी समझ को दर्शाता है।
कार्यक्षेत्र और विशेषज्ञता:
विजय मुख्य रूप से कोल्हापुर जिले के कागल, मुरगुड, अदमापुर और भुदरगड जैसे क्षेत्रों में सक्रिय हैं। 'निकाल न्यूज' जैसे प्रतिष्ठित डिजिटल प्लेटफॉर्म्स के माध्यम से स्थानीय पत्रकारिता में अपनी पहचान बनाने के बाद, अब वे 'प्रातःकाल' (pratahkal.in) के डिजिटल नेटवर्क से जुड़े हैं। वे स्थानीय राजनीति, सामाजिक सरोकार, अपराध (क्राइम) और क्षेत्र के ऐतिहासिक व धार्मिक मंदिरों से जुड़ी महत्वपूर्ण खबरों को सटीकता से जनता तक पहुँचाते हैं।
पत्रकारिता का दृष्टिकोण:
सकारात्मक और समाजोपयोगी पत्रकारिता में गहरा विश्वास रखने वाले विजय हमेशा उन खबरों को प्राथमिकता देते हैं जो समाज में बदलाव ला सकें। हाल ही में जून 2026 में, एक सेवानिवृत्ति समारोह में हार-फूलों की जगह अनाज इकट्ठा कर जरूरतमंदों को बांटने की एक अनूठी सामाजिक पहल को उन्होंने प्रमुखता से कवर किया था, जिसे काफी सराहना मिली।
ग्रामीण भारत की आवाज और स्थानीय विकास की खबरों को डिजिटल माध्यमों पर मजबूती से रखने के लिए विजय मोरबाळे लगातार प्रयासरत हैं।
