लातूर: आगामी बकरी ईद के मद्देनजर अखिल भारतीय कृषि गोसेवा संघ के महाराष्ट्र प्रदेश अध्यक्ष एवं प्रखर हिंदुत्ववादी नेता मिलिंद एकबोटे ने लातूर में एक महत्वपूर्ण आह्वान किया है। उन्होंने स्थानीय गोरक्षकों को संबोधित करते हुए कहा कि मुस्लिम समाज का प्रमुख त्योहार बकरी ईद समीप है, ऐसे में यह सुनिश्चित किया जाना चाहिए कि जिले में एक भी गाय की हत्या न हो। इसके लिए उन्होंने सभी गोरक्षकों को पूरी तरह से कानूनी रूप से सतर्क और सक्रिय रहने का निर्देश दिया है।

लातूर स्थित भालचंद्र ब्लड बैंक के सभागार में आयोजित एक पत्रकार परिषद में मिलिंद एकबोटे बोल रहे थे। गौरतलब है कि गोरक्षा कानून के संदर्भ में गोरक्षकों के मार्गदर्शन हेतु एक विशेष सम्मेलन का आयोजन किया गया था, जिसमें सम्मिलित होने के लिए एकबोटे लातूर पहुंचे थे। इस अवसर पर उनके साथ अखिल भारतीय कृषि गोसेवा संघ के लातूर जिलाध्यक्ष आदर्श अजित जैन मुख्य रूप से उपस्थित रहे।

पत्रकार परिषद को संबोधित करते हुए मिलिंद एकबोटे ने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि देश के कत्लखानों से होने वाली आय का उपयोग आतंकवादियों को पैसा पहुंचाने के लिए किया जाता है, जैसा कि केंद्रीय जांच एजेंसियों की रिपोर्ट में भी सामने आया है। उन्होंने चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि लातूर जिले में गोहत्या की घटनाएं बढ़ रही हैं, लेकिन विडंबना यह है कि अपराधियों के बजाय गोरक्षकों पर ही मामले दर्ज किए जा रहे हैं। उन्होंने प्रशासन पर कड़ा प्रहार करते हुए कहा कि गोहत्या बंदी कानून का कड़ाई से कार्यान्वयन नहीं हो रहा है; ऐसा प्रतीत होता है कि पुलिस और जनप्रतिनिधि एक-दूसरे के हाथों में चूड़ियां पहनकर बैठे हैं।

एकबोटे ने संवैधानिक प्रावधानों का हवाला देते हुए कहा कि संविधान के नीति निर्देशक तत्वों के अनुसार गोरक्षा करना प्रत्येक राज्य सरकार का कर्तव्य है। उन्होंने स्पष्ट किया कि गाय हमारी माता है और हम उसकी हत्या किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं करेंगे। सरकार की नीतियों को "विफल" बताते हुए उन्होंने कहा कि आज गोरक्षकों को सड़क पर उतरना पड़ रहा है, जो शासन की अक्षमता का प्रमाण है। राजनीतिक टिप्पणी करते हुए उन्होंने भाजपा को अपना "सगा भाई" बताया, जबकि कांग्रेस पर कटाक्ष करते हुए उसे "कसाइयों की पार्टी" करार दिया। उन्होंने दावा किया कि कांग्रेस के शासनकाल में ही गोहत्या को बढ़ावा मिला है। उन्होंने यह भी सुझाव दिया कि यदि पुलिस गोहत्या रोकने में असमर्थ है, तो गोरक्षकों को ही पुलिस बल में भर्ती कर लेना चाहिए, जिससे यह अपराध स्वतः समाप्त हो जाएगा। औसा तहसील में हुई गोहत्या की घटना पर उन्होंने स्थानीय विधायक अभिमन्यु पवार पर निशाना साधते हुए कहा कि वे शायद आरएसएस की दी गई शिक्षा को भूल चुके हैं।

इस पत्रकार परिषद के दौरान अखिल भारतीय कृषि गोसेवा संघ के लातूर जिलाध्यक्ष आदर्श जैन के साथ एडवोकेट राजूभाऊ गुप्ता, विठ्ठल आगराळे, आशीष बारीक, नरेंद्र बोरा और नीलकंठेश्वर महाराज डावखरे सहित अन्य प्रमुख पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता बड़ी संख्या में उपस्थित थे।

Pratahkal HQ

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