कोरपणा के नए थानेदार के सामने अवैध धंधों पर अंकुश लगाने की चुनौती
शराब और जुए के धंधों पर कार्रवाई को लेकर नागरिकों की नजरें नए पुलिस अधिकारी के रुख पर टिकी हैं।

कोरपणा : कोरपणा पुलिस थाने में नए थानेदार के पदभार संभालने के बाद तालुका में चल रहे अवैध व्यवसायों पर पुलिस का अंकुश लगेगा या नहीं, इस पर सभी की नजरें टिकी हैं। अवैध शराब बिक्री, जुआ और अन्य गैरकानूनी गतिविधियों के खिलाफ ठोस कार्रवाई करना नए थानेदार के सामने बड़ी चुनौती है।
कोरपणा तालुका के विभिन्न हिस्सों में अवैध व्यवसाय संचालित होने की चर्चाएं समय-समय पर सामने आती रही हैं। इन गैरप्रकारों से आम नागरिकों के साथ ही महिलाओं, किसानों और खेत मजदूरों में नाराजगी का माहौल होने की बात कही जा रही है। ऐसे में नए थानेदार की ओर से अवैध व्यवसायों के खिलाफ धड़क अभियान चलाए जाने की नागरिकों को अपेक्षा है।
नागरिकों के अनुसार, केवल किसी एक स्थान पर कार्रवाई करने के बजाय अवैध व्यवसायों की जड़ तक पहुंचकर उन पर रोक लगाने की जरूरत है। साथ ही अवैध धंधों को किसी का समर्थन प्राप्त है या नहीं, इसकी भी जांच किए जाने की आवश्यकता को लेकर नागरिकों में चर्चा है।
नवनियुक्त थानेदार के कार्यकाल में कोरपणा तालुका के अवैध व्यवसायों पर किस हद तक नियंत्रण स्थापित किया जाता है, इस पर अब नागरिकों की नजर है। नए थानेदार अवैध धंधे करने वालों पर लगाम लगाएंगे या स्थिति ‘जैसे थे’ बनी रहेगी, इसका जवाब आने वाले समय में सामने आएगा।

Manoj Gore (Chandrapur)
नाम: मनोज रामकृष्ण गोरे
वर्तमान पद: रिपोर्टर (प्रातःकाल)
कार्यक्षेत्र: चंद्रपुर जिला (महाराष्ट्र)
बीट (मुख्य विषय): प्रशासन
परिचय
मनोज रामकृष्ण गोरे महाराष्ट्र के चंद्रपुर जिले से 'प्रातःकाल' समाचार पत्र के रिपोर्टर हैं। वह मुख्य रूप से चंद्रपुर जिले के प्रशासनिक विभागों की कार्यप्रणाली, सरकारी योजनाओं, जनसुनवाई, विकास कार्यों और प्रशासनिक निर्णयों से जुड़ी खबरों को कवर करते हैं।
पत्रकारिता का अनुभव
मनोज रामकृष्ण गोरे को मीडिया क्षेत्र में ग्राउंड रिपोर्टिंग और समाचार संकलन का 5 वर्ष का अनुभव है। वह पिछले पांच सालों से चंद्रपुर जिले के स्थानीय और प्रशासनिक मुद्दों को नियमित रूप से रिपोर्ट कर रहे हैं।
शैक्षणिक योग्यता (Education)
उन्होंने कला स्नातक (B.A.) की डिग्री हासिल की है।
