कोरपना में स्वतंत्र विदर्भ की मांग को लेकर शेतकरी संघटना पक्ष और विदर्भ राज्य आंदोलन समिति की ओर से 1953 के नागपुर करार की प्रतीकात्मक होली की गई। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने स्वतंत्र विदर्भ राज्य के समर्थन में घोषणाबाजी करते हुए अपनी भूमिका रखी।

कोरपना में हुए इस आंदोलन में शेतकरी संघटना पक्ष के जिला प्रमुख अरुण नवले के साथ रमाकांत मालेकर, सुनील बावणे, बंडू राजूरकर, अनंता गोडे, गजानन बेरड, विठ्ठल पा दोरखंडे, विठ्ठल सोयाम, विलास देवडकर, बबनराव साखरकर, सचिन मोहितकर, पद्माकर मोहितकर, सुभाष तुरणकर, सुधाकर बहिरे, अरविंद आगलावे, सुनील आमने, जगन्नाथ पिदुरकर, विजय धानोरकर, पांडुरंग वाडेकर, सुरेश राठोड तथा शेतकरी संघटना के अनेक पदाधिकारी और कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

आंदोलन के दौरान उपस्थित पदाधिकारियों ने विदर्भ के किसानों, बेरोजगारी, सिंचाई, उद्योग और स्थानीय विकास से जुड़े मुद्दों की ओर ध्यान आकर्षित करते हुए स्वतंत्र विदर्भ राज्य की मांग की। आंदोलनकर्ताओं ने दावा किया कि नागपुर करार के माध्यम से विदर्भ के विकास को लेकर की गई अपेक्षाएं पूरी नहीं हुई हैं।

पदाधिकारियों ने कहा, “विदर्भातील जनतेच्या प्रश्नांना न्याय मिळण्यासाठी स्वतंत्र विदर्भ राज्याची निर्मिती आवश्यक आहे।” यानी विदर्भ की जनता के प्रश्नों को न्याय दिलाने के लिए स्वतंत्र विदर्भ राज्य का निर्माण आवश्यक है।

नागपुर करार की प्रतीकात्मक होली करने के साथ ही आंदोलनकर्ताओं ने स्वतंत्र विदर्भ की मांग को लेकर आगामी समय में आंदोलन और तेज करने की चेतावनी दी। कोरपना में हुए इस आंदोलन के बाद क्षेत्र में स्वतंत्र विदर्भ का मुद्दा फिर चर्चा में आया और शेतकरी संघटना पक्ष के आंदोलन ने नागरिकों का ध्यान आकर्षित किया।

Manoj Gore (Chandrapur)

Manoj Gore (Chandrapur)

नाम: मनोज रामकृष्ण गोरे

वर्तमान पद: रिपोर्टर (प्रातःकाल)

कार्यक्षेत्र: चंद्रपुर जिला (महाराष्ट्र)

बीट (मुख्य विषय): प्रशासन

परिचय

मनोज रामकृष्ण गोरे महाराष्ट्र के चंद्रपुर जिले से 'प्रातःकाल' समाचार पत्र के रिपोर्टर हैं। वह मुख्य रूप से चंद्रपुर जिले के प्रशासनिक विभागों की कार्यप्रणाली, सरकारी योजनाओं, जनसुनवाई, विकास कार्यों और प्रशासनिक निर्णयों से जुड़ी खबरों को कवर करते हैं।

पत्रकारिता का अनुभव 

मनोज रामकृष्ण गोरे को मीडिया क्षेत्र में ग्राउंड रिपोर्टिंग और समाचार संकलन का 5 वर्ष का अनुभव है। वह पिछले पांच सालों से चंद्रपुर जिले के स्थानीय और प्रशासनिक मुद्दों को नियमित रूप से रिपोर्ट कर रहे हैं।

शैक्षणिक योग्यता (Education)

उन्होंने कला स्नातक (B.A.) की डिग्री हासिल की है।

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