कर्मयोग वार्षिक अंक 2025-26 का होगा भव्य लोकार्पण, साहित्यकार डॉ. स्नेहल कुलकर्णी करेंगी विमोचन
गारगोटी के कर्मवीर हिरे महाविद्यालय में 22 जून को ‘कर्मयोग’ वार्षिक अंक 2025-26 का भव्य लोकार्पण होगा। साहित्यकार डॉ. स्नेहल कुलकर्णी की उपस्थिति और ‘स्नेहगंध’ ग़ज़ल संग्रह का प्रकाशन इस आयोजन को विशेष बना रहा है।

शिक्षा और साहित्य के संगम को नई दिशा देने वाले एक महत्वपूर्ण आयोजन का साक्षी बनने जा रहा है गारगोटी। श्री मोनी विश्वविद्यालय संचालित कर्मवीर हिरे कला, विज्ञान, वाणिज्य एवं शिक्षा महाविद्यालय द्वारा प्रकाशित किए गए प्रतिष्ठित वार्षिक अंक ‘कर्मयोग’ 2025-26 का लोकार्पण समारोह 22 जून 2026 को महाविद्यालय के सभागार में आयोजित किया जाएगा। यह कार्यक्रम दोपहर 2 बजे प्रारंभ होगा।
इस विशेष अवसर पर सुप्रसिद्ध साहित्यकार एवं व्यासपीठीय वक्ता प्रा. डॉ. स्नेहल कुलकर्णी के करकमलों से ‘कर्मयोग’ वार्षिक अंक का औपचारिक विमोचन किया जाएगा। समारोह की एक और प्रमुख विशेषता डॉ. स्नेहल कुलकर्णी के मराठी ग़ज़ल संग्रह ‘स्नेहगंध’ का प्रकाशन भी होगी, जिससे साहित्यिक जगत में इस आयोजन का महत्व और बढ़ गया है।
कार्यक्रम की अध्यक्षता महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. यू. आर. शिंदे करेंगे, जबकि डॉ. ए. डी. कुंभार मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहेंगे। कार्यक्रम का संचालन स्वयं डॉ. स्नेहल कुलकर्णी द्वारा किया जाएगा।
समारोह में श्री मोनी विश्वविद्यालय के चेयरमैन मधुकर आप्पा देसाई, संचालक डॉ. पी. बी. पाटील, शासन नियुक्त प्रतिनिधि बाजीराव चव्हाण तथा कर्मचारी प्रतिनिधि डॉ. अरविंद चोगले की विशेष उपस्थिति रहेगी। इसके अलावा उपप्राचार्य डॉ. संजय देसाई, प्रा. सुनील जितकर, व्यवसाय शिक्षा विभाग प्रमुख प्रा. बालासाहेब बडबडे, अक्षरसागर साहित्य मंच के अध्यक्ष डी. वी. कुंभार, भू.ता.म.शि.अ.सं. के अध्यक्ष एम. एस. पाटील तथा ‘कर्मयोग’ वार्षिक अंक के संपादक डॉ. युवराज देवाले सहित अनेक गणमान्य व्यक्तियों के कार्यक्रम में शामिल होने की संभावना है।
महाविद्यालय प्रशासन और ‘कर्मयोग’ वार्षिक अंक संपादक मंडल ने विद्यार्थियों, अभिभावकों, साहित्यप्रेमियों तथा क्षेत्र के नागरिकों से इस विशेष समारोह में बड़ी संख्या में उपस्थित होकर आयोजन की गरिमा बढ़ाने का आह्वान किया है।
शिक्षा, साहित्य और सृजनात्मक अभिव्यक्ति को प्रोत्साहन देने वाला यह आयोजन न केवल विद्यार्थियों की प्रतिभा को मंच प्रदान करेगा, बल्कि साहित्यिक संस्कृति को भी नई ऊर्जा देने का कार्य करेगा। ‘कर्मयोग’ वार्षिक अंक और ‘स्नेहगंध’ ग़ज़ल संग्रह का यह संयुक्त लोकार्पण समारोह क्षेत्र के शैक्षणिक एवं साहित्यिक परिदृश्य में एक महत्वपूर्ण पड़ाव माना जा रहा है।

Vijay Morbale, Kolhapur
पद: क्षेत्रीय संवाददाता (कोल्हापुर)
शिक्षा: बी.एससी (केमिस्ट्री), ग्रामीण पत्रकारिता एवं जनसंचार में पीजी डिप्लोमा
परिचय:
विजय गुंडू मोरबाळे महाराष्ट्र के कोल्हापुर क्षेत्र के एक समर्पित और अनुभवी जमीनी पत्रकार हैं। शिवाजी विश्वविद्यालय से बी.एससी (केमिस्ट्री) की डिग्री हासिल करने के बाद, उन्होंने पत्रकारिता के प्रति अपने जुनून को करियर में बदला। उन्होंने शिवाजी विश्वविद्यालय के 'ग्रामीण पत्रकारिता और जनसंचार' कोर्स में सदाशिवराव मंडलिक महाविद्यालय (मुरगुड) में प्रथम स्थान प्राप्त किया है, जो ग्रामीण और स्थानीय मुद्दों पर उनकी गहरी समझ को दर्शाता है।
कार्यक्षेत्र और विशेषज्ञता:
विजय मुख्य रूप से कोल्हापुर जिले के कागल, मुरगुड, अदमापुर और भुदरगड जैसे क्षेत्रों में सक्रिय हैं। 'निकाल न्यूज' जैसे प्रतिष्ठित डिजिटल प्लेटफॉर्म्स के माध्यम से स्थानीय पत्रकारिता में अपनी पहचान बनाने के बाद, अब वे 'प्रातःकाल' (pratahkal.in) के डिजिटल नेटवर्क से जुड़े हैं। वे स्थानीय राजनीति, सामाजिक सरोकार, अपराध (क्राइम) और क्षेत्र के ऐतिहासिक व धार्मिक मंदिरों से जुड़ी महत्वपूर्ण खबरों को सटीकता से जनता तक पहुँचाते हैं।
पत्रकारिता का दृष्टिकोण:
सकारात्मक और समाजोपयोगी पत्रकारिता में गहरा विश्वास रखने वाले विजय हमेशा उन खबरों को प्राथमिकता देते हैं जो समाज में बदलाव ला सकें। हाल ही में जून 2026 में, एक सेवानिवृत्ति समारोह में हार-फूलों की जगह अनाज इकट्ठा कर जरूरतमंदों को बांटने की एक अनूठी सामाजिक पहल को उन्होंने प्रमुखता से कवर किया था, जिसे काफी सराहना मिली।
ग्रामीण भारत की आवाज और स्थानीय विकास की खबरों को डिजिटल माध्यमों पर मजबूती से रखने के लिए विजय मोरबाळे लगातार प्रयासरत हैं।
