कोल्हापुर के जाने-माने वन्यजीव संरक्षक और पर्यावरण प्रेमी देवेंद्र भोसले को वनविभाग, कोल्हापुर का मानद संचालक नियुक्त किया गया है। वन्यजीवों के संरक्षण और उनके प्रति आम जनमानस में जागरूकता लाने के लिए निरंतर समर्पित रहे देवेंद्र भोसले की यह नियुक्ति न केवल उनके व्यक्तिगत संघर्ष और निष्ठा को सम्मान देती है, बल्कि क्षेत्र में वन्यजीव सुरक्षा की दिशा में एक नई और प्रभावी शुरुआत की ओर संकेत करती है। उनकी इस प्रतिष्ठित नियुक्ति पर कोल्हापुर के नागरिक समाज और पर्यावरण प्रेमियों में हर्ष की लहर है।

इस महत्वपूर्ण नियुक्ति के उपलक्ष्य में 'जनता यूथ फाउंडेशन' की ओर से श्री भोसले के सम्मान में एक विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस समारोह में फाउंडेशन के कार्यकर्ता अशरफ सनदी और जयवर्धन पाटील ने देवेंद्र भोसले को शॉल और श्रीफल भेंट कर सम्मानित किया। इस अवसर पर उपस्थित अतिथियों ने भोसले के अब तक के सेवा कार्यों की सराहना करते हुए उन्हें भविष्य के दायित्वों के लिए शुभकामनाएं प्रेषित कीं।

समारोह के दौरान अपने विचार व्यक्त करते हुए अशरफ सनदी ने वन्यजीव संरक्षण की महत्ता पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में वन्यजीवों की रक्षा करना न केवल एक कर्तव्य है, बल्कि पारिस्थितिक संतुलन बनाए रखने की अनिवार्य आवश्यकता भी है। उन्होंने इस बात पर बल दिया कि मानव और वन्यप्राणियों के बीच सामंजस्य स्थापित करना एक बड़ी चुनौती है, और देवेंद्र भोसले के अनुभव व नेतृत्व में कोल्हापुर वनविभाग इस दिशा में और अधिक सुदृढ़ता के साथ कार्य करने में सक्षम होगा।

इस गरिमामय आयोजन में देवेंद्र भोसले के साथ महेश पाटील, सुमित मदने, आदित्य कुंभार, प्रतीक ढेरे और रोहन कोळी सहित क्षेत्र के अन्य गणमान्य नागरिक उपस्थित थे। देवेंद्र भोसले की इस नियुक्ति को वन्यजीव संरक्षण के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण पड़ाव के रूप में देखा जा रहा है। उनके प्रशंसक और सहयोगी पूर्णतः आश्वस्त हैं कि अपनी नई भूमिका में वे वन्यजीवों के संरक्षण हेतु और अधिक तत्परता से कार्य करेंगे, जिससे कोल्हापुर के जैव-विविधता और वन्य जीवन को सुरक्षित रखने के प्रयासों को नई ऊर्जा मिलेगी।

Vijay Morbale, Kolhapur

Vijay Morbale, Kolhapur

पद: क्षेत्रीय संवाददाता (कोल्हापुर)

शिक्षा: बी.एससी (केमिस्ट्री), ग्रामीण पत्रकारिता एवं जनसंचार में पीजी डिप्लोमा

परिचय:

विजय गुंडू मोरबाळे महाराष्ट्र के कोल्हापुर क्षेत्र के एक समर्पित और अनुभवी जमीनी पत्रकार हैं। शिवाजी विश्वविद्यालय से बी.एससी (केमिस्ट्री) की डिग्री हासिल करने के बाद, उन्होंने पत्रकारिता के प्रति अपने जुनून को करियर में बदला। उन्होंने शिवाजी विश्वविद्यालय के 'ग्रामीण पत्रकारिता और जनसंचार' कोर्स में सदाशिवराव मंडलिक महाविद्यालय (मुरगुड) में प्रथम स्थान प्राप्त किया है, जो ग्रामीण और स्थानीय मुद्दों पर उनकी गहरी समझ को दर्शाता है।

कार्यक्षेत्र और विशेषज्ञता:

विजय मुख्य रूप से कोल्हापुर जिले के कागल, मुरगुड, अदमापुर और भुदरगड जैसे क्षेत्रों में सक्रिय हैं। 'निकाल न्यूज' जैसे प्रतिष्ठित डिजिटल प्लेटफॉर्म्स के माध्यम से स्थानीय पत्रकारिता में अपनी पहचान बनाने के बाद, अब वे 'प्रातःकाल' (pratahkal.in) के डिजिटल नेटवर्क से जुड़े हैं। वे स्थानीय राजनीति, सामाजिक सरोकार, अपराध (क्राइम) और क्षेत्र के ऐतिहासिक व धार्मिक मंदिरों से जुड़ी महत्वपूर्ण खबरों को सटीकता से जनता तक पहुँचाते हैं।

पत्रकारिता का दृष्टिकोण:

सकारात्मक और समाजोपयोगी पत्रकारिता में गहरा विश्वास रखने वाले विजय हमेशा उन खबरों को प्राथमिकता देते हैं जो समाज में बदलाव ला सकें। हाल ही में जून 2026 में, एक सेवानिवृत्ति समारोह में हार-फूलों की जगह अनाज इकट्ठा कर जरूरतमंदों को बांटने की एक अनूठी सामाजिक पहल को उन्होंने प्रमुखता से कवर किया था, जिसे काफी सराहना मिली।

ग्रामीण भारत की आवाज और स्थानीय विकास की खबरों को डिजिटल माध्यमों पर मजबूती से रखने के लिए विजय मोरबाळे लगातार प्रयासरत हैं।

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