मांडवा के ओबीसी भूमिहीनों की जमीन नियमित करने की मांग तेज, बिगर सातबारा किसान संगठन ने आंदोलन की चेतावनी
चंद्रपुर के मांडवा में ओबीसी भूमिहीन किसानों की जमीन नियमित करने की मांग को लेकर बिगर सातबारा किसान संगठन ने प्रशासन को चेताया, आंदोलन की दी चेतावनी।

तस्वीर में बिगर सातबारा शेतकरी संघटना के पदाधिकारी और भूमिहीन किसान चंद्रपुर में प्रशासनिक अधिकारी को एक आधिकारिक ज्ञापन सौंपते हुए नजर आ रहे हैं।
चंद्रपुर में मांडवा स्थित ओबीसी (अन्य पिछड़ा वर्ग) वर्ग के भूमिहीन किसानों की लंबित भूमि का मामला एक बार फिर सामने आया है। बिगर सातबारा शेतकरी संघटना ने जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपकर अतिक्रमित जमीनों को तत्काल नियमित करने की मांग की है। संगठन ने चेतावनी दी है कि यदि मांग पर शीघ्र कार्रवाई नहीं की गई तो संगठन के प्रणेता भाई जगदीश कुमार इंगळे के नेतृत्व में पूरे जिले में तीव्र आंदोलन किया जाएगा।
संगठन के चंद्रपुर जिलाध्यक्ष रामदास कुमरे द्वारा प्रस्तुत ज्ञापन में 28 नवंबर 1991 के शासन निर्णय तथा विभिन्न न्यायालयीन आदेशों का हवाला देते हुए मांडवा के भूमिहीन किसानों के लंबित मामलों पर तत्काल निर्णय लेने की मांग की गई है।
ज्ञापन के अनुसार, 1 अप्रैल 1978 से 14 अप्रैल 1990 के बीच अन्य पिछड़ा वर्ग तथा अन्य भूमिहीन लोगों द्वारा खेती के लिए किए गए अतिक्रमणों को नियमानुसार मान्यता देने का प्रावधान शासन ने किया था। इसके अलावा, मुंबई उच्च न्यायालय की याचिका क्रमांक 204/2010 में दिए गए निर्देशों के अनुसार लंबित प्रकरणों का निस्तारण करने के लिए जिलाधिकारियों को विशेष अधिकार प्राप्त होने का भी उल्लेख ज्ञापन में किया गया है।
संगठन का कहना है कि मांडवा के भूमिहीन किसान कई वर्षों से संबंधित जमीनों पर खेती कर रहे हैं और उनके परिवारों का आजीविका का मुख्य आधार यही भूमि है। ऐसे में संबंधित अतिक्रमणों की रिपोर्ट तत्काल मंगवाकर नियमानुसार जमीन नियमित करने की प्रक्रिया शुरू की जानी चाहिए।
इस संबंध में भाई जगदीश कुमार इंगळे और जिलाध्यक्ष रामदास कुमरे ने कहा है कि प्रशासन को कानूनी प्रावधानों का तत्काल पालन करते हुए लंबित मामलों का निस्तारण करना चाहिए। अन्यथा बिगर सातबारा शेतकरी संघटना के नेतृत्व में पूरे जिले में व्यापक जनआंदोलन किया जाएगा।
इस ज्ञापन की प्रतियां जिलाधिकारी तथा संबंधित उपविभागीय अधिकारी (एसडीओ) को भी सौंपी गई हैं। अब प्रशासन की अगली कार्रवाई पर मांडवा के भूमिहीन किसानों की नजरें टिकी हुई हैं।

Manoj Gore (Chandrapur)
नाम: मनोज रामकृष्ण गोरे
वर्तमान पद: रिपोर्टर (प्रातःकाल)
कार्यक्षेत्र: चंद्रपुर जिला (महाराष्ट्र)
बीट (मुख्य विषय): प्रशासन
परिचय
मनोज रामकृष्ण गोरे महाराष्ट्र के चंद्रपुर जिले से 'प्रातःकाल' समाचार पत्र के रिपोर्टर हैं। वह मुख्य रूप से चंद्रपुर जिले के प्रशासनिक विभागों की कार्यप्रणाली, सरकारी योजनाओं, जनसुनवाई, विकास कार्यों और प्रशासनिक निर्णयों से जुड़ी खबरों को कवर करते हैं।
पत्रकारिता का अनुभव
मनोज रामकृष्ण गोरे को मीडिया क्षेत्र में ग्राउंड रिपोर्टिंग और समाचार संकलन का 5 वर्ष का अनुभव है। वह पिछले पांच सालों से चंद्रपुर जिले के स्थानीय और प्रशासनिक मुद्दों को नियमित रूप से रिपोर्ट कर रहे हैं।
शैक्षणिक योग्यता (Education)
उन्होंने कला स्नातक (B.A.) की डिग्री हासिल की है।
