ग्रामीण क्षेत्रों में शिक्षा को मजबूत आधार देने की दिशा में भडगांव स्थित विद्या मंदिर विद्यालय में आयोजित शैक्षणिक सामग्री वितरण कार्यक्रम प्रेरणादायी पहल के रूप में सामने आया। इस अवसर पर विद्यार्थियों को आवश्यक शैक्षणिक सामग्री वितरित की गई, वहीं विद्यालय के विकास कार्यों के लिए समाजसेवी पांडुरंग मारुति गुरव (देवमामा) ने एक लाख रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान कर शिक्षा के प्रति अपनी सामाजिक प्रतिबद्धता का परिचय दिया।

"ज्ञानदान ही सर्वोत्तम दान है, शिक्षा से ही उज्ज्वल भविष्य का निर्माण होता है" इसी उद्देश्य के साथ आयोजित इस कार्यक्रम में विद्यार्थियों को स्कूल बैग, पहचान पत्र, कॉपियां, बेंच तथा महान स्त्री-पुरुषों के जीवन और योगदान से संबंधित शैक्षणिक सूचना फलक वितरित किए गए। शैक्षणिक सामग्री प्राप्त कर विद्यार्थियों में उत्साह और खुशी का माहौल देखने को मिला।

इस पहल को सफल बनाने के लिए ग्रामवासियों, पूर्व विद्यार्थियों तथा समाजहित में कार्य करने वाले दानदाताओं ने आगे आकर स्कूल बैग, पहचान पत्र, कॉपियां, बेंच और शैक्षणिक फलक का प्रायोजन किया। कार्यक्रम को मा. सतेज उर्फ बंटी पाटील फाउंडेशन तथा युवक कांग्रेस के तालुका अध्यक्ष अमर आनंदा चौगले का भी विशेष सहयोग प्राप्त हुआ।

कार्यक्रम में विद्यालय के मुख्याध्यापक घाटगे सर, उमेश सुतार, गजानन भारमल, सुहास पाटील, संजय सुतार, अर्जुन खतकर, आदित्य खतकर, सौरभ सुतार, रोहन नारे, विकास चौगले, नितीन खतकर सहित शिक्षक, अभिभावक, ग्रामवासी, विद्यार्थी और विभिन्न क्षेत्रों के गणमान्य नागरिक बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।

इस दौरान उपस्थित अतिथियों ने विद्यार्थियों को शिक्षा के महत्व से अवगत कराते हुए नियमित अध्ययन और सतत प्रयासों के माध्यम से उज्ज्वल भविष्य निर्माण का संदेश दिया। ग्रामीण विद्यार्थियों तक आवश्यक शैक्षणिक संसाधन पहुंचाने वाला यह आयोजन सामाजिक सहभागिता और शिक्षा के प्रति सामूहिक जिम्मेदारी का सशक्त उदाहरण बनकर उभरा, जिसकी स्थानीय स्तर पर व्यापक सराहना की गई।

Vijay Morbale, Kolhapur

Vijay Morbale, Kolhapur

पद: क्षेत्रीय संवाददाता (कोल्हापुर)

शिक्षा: बी.एससी (केमिस्ट्री), ग्रामीण पत्रकारिता एवं जनसंचार में पीजी डिप्लोमा

परिचय:

विजय गुंडू मोरबाळे महाराष्ट्र के कोल्हापुर क्षेत्र के एक समर्पित और अनुभवी जमीनी पत्रकार हैं। शिवाजी विश्वविद्यालय से बी.एससी (केमिस्ट्री) की डिग्री हासिल करने के बाद, उन्होंने पत्रकारिता के प्रति अपने जुनून को करियर में बदला। उन्होंने शिवाजी विश्वविद्यालय के 'ग्रामीण पत्रकारिता और जनसंचार' कोर्स में सदाशिवराव मंडलिक महाविद्यालय (मुरगुड) में प्रथम स्थान प्राप्त किया है, जो ग्रामीण और स्थानीय मुद्दों पर उनकी गहरी समझ को दर्शाता है।

कार्यक्षेत्र और विशेषज्ञता:

विजय मुख्य रूप से कोल्हापुर जिले के कागल, मुरगुड, अदमापुर और भुदरगड जैसे क्षेत्रों में सक्रिय हैं। 'निकाल न्यूज' जैसे प्रतिष्ठित डिजिटल प्लेटफॉर्म्स के माध्यम से स्थानीय पत्रकारिता में अपनी पहचान बनाने के बाद, अब वे 'प्रातःकाल' (pratahkal.in) के डिजिटल नेटवर्क से जुड़े हैं। वे स्थानीय राजनीति, सामाजिक सरोकार, अपराध (क्राइम) और क्षेत्र के ऐतिहासिक व धार्मिक मंदिरों से जुड़ी महत्वपूर्ण खबरों को सटीकता से जनता तक पहुँचाते हैं।

पत्रकारिता का दृष्टिकोण:

सकारात्मक और समाजोपयोगी पत्रकारिता में गहरा विश्वास रखने वाले विजय हमेशा उन खबरों को प्राथमिकता देते हैं जो समाज में बदलाव ला सकें। हाल ही में जून 2026 में, एक सेवानिवृत्ति समारोह में हार-फूलों की जगह अनाज इकट्ठा कर जरूरतमंदों को बांटने की एक अनूठी सामाजिक पहल को उन्होंने प्रमुखता से कवर किया था, जिसे काफी सराहना मिली।

ग्रामीण भारत की आवाज और स्थानीय विकास की खबरों को डिजिटल माध्यमों पर मजबूती से रखने के लिए विजय मोरबाळे लगातार प्रयासरत हैं।

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