कटनी: रीठी में अवैध शराब बिक्री के खिलाफ भगवती मानव कल्याण संगठन ने सौंपा ज्ञापन
मध्य प्रदेश के कटनी जिले की रीठी तहसील में अवैध शराब के बढ़ते कारोबार को रोकने और तस्करों पर सख्त कार्रवाई की मांग को लेकर सामाजिक संगठन ने थाना प्रभारी को ज्ञापन दिया।

तस्वीर में भगवती मानव कल्याण संगठन के पदाधिकारी और कार्यकर्ता कटनी जिले के रीठी थाना परिसर में पुलिस अधिकारियों को अवैध शराब बिक्री के विरोध में ज्ञापन सौंपते हुए दिखाई दे रहे हैं।
कटनी जिले की रीठी तहसील क्षेत्र में गांव-गांव हो रही अवैध शराब की बिक्री के खिलाफ अब सामाजिक संगठन खुलकर सामने आ गए हैं। क्षेत्र में बढ़ते अवैध शराब कारोबार को लेकर भगवती मानव कल्याण संगठन ने मोर्चा खोलते हुए रीठी थाना पहुंचकर थाना प्रभारी को ज्ञापन सौंपा।
संगठन के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने ज्ञापन के माध्यम से क्षेत्र में चल रही अवैध शराब की बिक्री पर तत्काल रोक लगाने तथा अवैध कारोबारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई किए जाने की मांग की। संगठन का कहना है कि अवैध शराब के कारण क्षेत्र का सामाजिक माहौल लगातार बिगड़ रहा है और युवाओं का भविष्य भी प्रभावित हो रहा है। ऐसे में प्रशासन को जल्द से जल्द प्रभावी कार्रवाई करनी चाहिए।
मामले में थाना प्रभारी ने संगठन के प्रतिनिधियों को जांच कर आवश्यक कार्रवाई करने का आश्वासन दिया है।
अब देखना होगा कि पुलिस प्रशासन रीठी तहसील क्षेत्र में अवैध शराब के इस कारोबार पर कब तक प्रभावी अंकुश लगा पाता है। क्षेत्र में अवैध शराब के खिलाफ सामाजिक संगठन की यह पहल प्रशासनिक कार्रवाई की दिशा में महत्वपूर्ण मानी जा रही है।

Koushal Tiwari, Katni (Madhya Pradesh)
नाम: कौशल तिवारी
वर्तमान पद: रिपोर्टर
कार्यक्षेत्र: कटनी (मध्य प्रदेश)
बीट (मुख्य विषय): स्थानीय समाचार
परिचय
कौशल तिवारी मध्य प्रदेश के कटनी क्षेत्र के स्थानीय रिपोर्टर हैं। वह मुख्य रूप से कटनी जिले और उसके आस-पास के क्षेत्रों से जुड़े स्थानीय समाचारों, सामाजिक सरोकारों और क्षेत्रीय जनहित के मुद्दों की नियमित कवरेज करते हैं।
पत्रकारिता का अनुभव (Work Experience)
कौशल तिवारी को डिजिटल मीडिया प्लेटफॉर्म पर कार्य करने का अनुभव है। वह इससे पूर्व 'पब्लिक ऐप न्यूज़' (Public App News) के साथ जुड़कर क्षेत्रीय समाचारों की ग्राउंड रिपोर्टिंग कर चुके हैं।
शैक्षणिक योग्यता (Education)
उन्होंने अपनी शिक्षा 12वीं (हायर सेकेंडरी) तक पूरी की है।
