कोटा। कोटा जिला वैश्य महासम्मेलन द्वारा आयोजित वैश्य अन्नकूट महोत्सव और वैश्य महासंगम ने रविवार को सीएडी ग्राउंड को एक समरसता और संस्कृति के महापर्व में बदल दिया। यह आयोजन न केवल वैश्य समाज के सदस्यों के बीच सामूहिकता और समर्पण की भावना को उजागर करने वाला रहा, बल्कि राष्ट्रसेवा और समाज निर्माण में वैश्य समाज के योगदान को भी गहराई से प्रदर्शित किया।

इस भव्य आयोजन के मुख्य अतिथि लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला रहे। उन्होंने वैश्य समाज की देशभर में सेवा और मार्गदर्शन की भूमिका पर प्रकाश डालते हुए कहा कि स्वतंत्रता से पहले और बाद में समाज ने राष्ट्र सेवा और राष्ट्र नव निर्माण में अहम योगदान दिया है। उन्होंने कहा कि सेवा और संस्कार पूर्वजों से मिले हैं, जिसे युवा पीढ़ी आगे बढ़ा रही है। बिरला ने यह भी जोर दिया कि व्यक्ति का जीवन केवल अपने लिए नहीं होना चाहिए, बल्कि सभी वर्गों के कल्याण की भावना से दूसरों की मदद करनी चाहिए।

इस अवसर पर समाज के वयोवृद्ध मार्गदर्शकों और प्रतिभाओं का सम्मान भी किया गया। 50 वर्ष पूर्ण कर चुके दंपत्तियों, 80 वर्ष से अधिक आयु के वरिष्ठ समाजबंधुओं, और समाज के प्रतिष्ठित व्यक्तियों को वैश्य रत्न, वैश्य शिरोमणि और वैश्य गौरव जैसे पुरस्कारों से सम्मानित किया गया। इस क्रम में मल्टीमेटल के निदेशक राजेन्द्र अग्रवाल, गोयल प्रोटीन के निदेशक ताराचंद गोयल, डॉ. आरके अग्रवाल, और राकेश जिंदल सहित अन्य प्रमुख व्यक्तियों को सम्मानीय किया गया।

समारोह में भजन संध्या का आयोजन भी किया गया, जिसमें पंकज मारवाड़ी और इंडियन आइडल फेम उनकी टीम द्वारा सांस्कृतिक और नृत्य प्रस्तुतियाँ दी गईं। इसके अलावा, श्रीनाथ जी की झांकी सजाई गई और महिलाओं द्वारा घर से लाई गई 150 प्रकार की पारंपरिक व्यंजन अन्नकूट के रूप में भगवान श्रीनाथ को भोग लगाने के लिए प्रस्तुत किए गए। आयोजन में भोजन समिति ने 25,000 लोगों के लिए प्रसादी का भव्य प्रबंध किया।

कार्यक्रम ने समाज को कई संदेश भी दिए। पूरे अन्नकूट महोत्सव को प्लास्टिक मुक्त रखा गया, स्वच्छता और समाज सेवा का संदेश दिया गया, बच्चों को मोबाइल की लत से दूर रहने का संदेश दिया गया, और नेत्रदान, रक्तदान, अंगदान जैसे सामाजिक संदेशों को भी प्रमुखता दी गई। आयोजकों ने संकल्प व्यक्त किया कि समाज इन संदेशों को अपनाकर राष्ट्र निर्माण और आत्मनिर्भर भारत के प्रयासों में सक्रिय भागीदार बनेगा।

इस अवसर पर सह संयोजक हेमंत जैन, एके गुप्ता, संभाग प्रभारी डॉ. आरके राजवंशी, उपाध्यक्ष संजय गोयल, प्रदेश युवा अध्यक्ष सुरेन्द्र अग्रवाल, और अन्य कई पदाधिकारी उपस्थित रहे। आयोजन ने न केवल समाज के समग्र विकास और समरसता को प्रदर्शित किया, बल्कि यह भी दिखाया कि वैश्य समाज राष्ट्र निर्माण और सामाजिक चेतना में कितनी गहरी भागीदारी निभा रहा है।

Bhagvati Medatwal, Kota

Bhagvati Medatwal, Kota

नाम: भगवती मेड़तवाल

वर्तमान पद: रिपोर्टर / प्रातःकाल प्रतिनिधि (कोटा)

कार्यक्षेत्र: कोटा (राजस्थान) एवं आमेट तहसील क्षेत्र

बीट (मुख्य विषय): स्थानीय समाचार, राजनीति, क्राइम, प्रशासन, शिक्षा, स्वास्थ्य, बिज़नेस एवं सभी विषय

परिचय 

भगवती मेड़तवाल 'प्रातःकाल' समाचार पत्र में कोटा प्रतिनिधि और रिपोर्टर के रूप में कार्यरत हैं। वह कोटा जिले के साथ-साथ आमेट तहसील क्षेत्र से जुड़ी सभी प्रकार की खबरों को कवर करती हैं। स्थानीय समाचार, प्रशासनिक गतिविधियों, शिक्षा, स्वास्थ्य, व्यापार और राजनीतिक घटनाक्रमों के अलावा आमेट तहसील क्षेत्र से क्राइम (अपराध) और सांस्कृतिक खबरों की रिपोर्टिंग करना उनकी मुख्य विशेषता है।

शैक्षणिक योग्यता (Education)

उन्होंने कला स्नातक (B.A.) की डिग्री हासिल की है।

Next Story