जवाहर नगर में श्रीमद् शिवमहापुराण कथा के चौथे दिन उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़
श्री राम मंदिर में आयोजित कथा के चतुर्थ दिवस पर शिवदास जी महाराज ने नारद मोह, माता सती प्रसंग और महामृत्युंजय मंत्र की महिमा का मार्मिक वर्णन किया।

कोटा के जवाहर नगर स्थित श्री राम मंदिर में आयोजित संगीतमय श्रीमद् शिवमहापुराण कथा के चौथे दिन व्यासपीठ से श्रद्धालुओं को प्रवचन देते परम पूज्य श्री शिवदास जी महाराज।
जवाहर नगर स्थित श्री राम मंदिर में चल रही संगीतमय श्रीमद् शिवमहापुराण कथा के चतुर्थ दिवस रविवार को श्रद्धा, भक्ति और आध्यात्मिक ऊर्जा का अभूतपूर्व संगम देखने को मिला। कथा स्थल पर प्रातःकाल से ही श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी और पूरा परिसर “हर-हर महादेव” तथा “बम-बम भोले” के जयघोषों से गूंज उठा, जिससे वातावरण पूर्णतः भक्तिमय हो गया।
कथा व्यास परम पूज्य श्री शिवदास जी महाराज ने अपने ओजस्वी प्रवचनों के माध्यम से श्रद्धालुओं को धर्म, संस्कार और सदाचार का गूढ़ संदेश दिया। कथा के दौरान उन्होंने देवर्षि नारद के अहंकार एवं मोहभंग से जुड़ी ‘नारद मोह’ कथा का मार्मिक एवं विस्तृत वर्णन किया। साथ ही उन्होंने धनपति कुबेर, ब्रह्मा जी की मानस पुत्री संध्या, माता सती एवं भगवान महादेव के दिव्य विवाह प्रसंग का विस्तार से वर्णन किया। कथा में माता सती द्वारा भगवान श्रीराम की परीक्षा, उनके देह त्याग तथा पर्वतराज हिमालय के यहां माता पार्वती के रूप में पुनर्जन्म की कथा सुनाकर श्रद्धालुओं को भावविभोर कर दिया गया। इसके अतिरिक्त महर्षि दधीचि, राजा क्षुव, महामृत्युंजय मंत्र की महिमा एवं सती कुण्ड खंड पर भी विस्तारपूर्वक प्रकाश डाला गया।
शिवदास जी महाराज ने कहा कि भगवान शिव समस्त सृष्टि के कल्याणकर्ता हैं और सच्चे मन से की गई शिव आराधना से मनुष्य के समस्त दुखों एवं संकटों का निवारण होता है। उन्होंने युवाओं से आह्वान किया कि वे भारतीय संस्कृति एवं धार्मिक परंपराओं से जुड़ें तथा नशा, अहंकार एवं सामाजिक बुराइयों से दूर रहें। कथा के दौरान भजन-कीर्तन में महिलाएं और युवा शिव भजनों पर भावविभोर होकर झूमते नजर आए।
आज के मुख्य जजमान सत्यप्रकाश गोयल, नगीना गोयल, पवन गोयल, रानू गोयल, अंशु गोयल, डोली गोयल एवं समस्त गोयल परिवार (हल्दी वाला सन्स, जवाहर नगर) रहे। कथा के समापन पर महाआरती संपन्न हुई तथा प्रसाद वितरण किया गया।
महिला मंडल आयोजन समिति की अध्यक्ष निर्मला गौतम ने जानकारी दी कि सोमवार को भगवान शिव एवं माता पार्वती के दिव्य विवाह उत्सव का भव्य आयोजन किया जाएगा। इस अवसर पर मंदिर परिसर में आकर्षक झांकियों की सजावट की जाएगी तथा विवाह की समस्त धार्मिक रस्में विधिवत रूप से संपन्न होंगी।
यह कथा आयोजन न केवल धार्मिक आस्था का केंद्र बना हुआ है, बल्कि समाज को संस्कार, सदाचार और आध्यात्मिक चेतना से जोड़ने का महत्वपूर्ण माध्यम भी सिद्ध हो रहा है।

Bhagvati Medatwal, Kota
नाम: भगवती मेड़तवाल
वर्तमान पद: रिपोर्टर / प्रातःकाल प्रतिनिधि (कोटा)
कार्यक्षेत्र: कोटा (राजस्थान) एवं आमेट तहसील क्षेत्र
बीट (मुख्य विषय): स्थानीय समाचार, राजनीति, क्राइम, प्रशासन, शिक्षा, स्वास्थ्य, बिज़नेस एवं सभी विषय
परिचय
भगवती मेड़तवाल 'प्रातःकाल' समाचार पत्र में कोटा प्रतिनिधि और रिपोर्टर के रूप में कार्यरत हैं। वह कोटा जिले के साथ-साथ आमेट तहसील क्षेत्र से जुड़ी सभी प्रकार की खबरों को कवर करती हैं। स्थानीय समाचार, प्रशासनिक गतिविधियों, शिक्षा, स्वास्थ्य, व्यापार और राजनीतिक घटनाक्रमों के अलावा आमेट तहसील क्षेत्र से क्राइम (अपराध) और सांस्कृतिक खबरों की रिपोर्टिंग करना उनकी मुख्य विशेषता है।
शैक्षणिक योग्यता (Education)
उन्होंने कला स्नातक (B.A.) की डिग्री हासिल की है।
