कोटा में भक्ति से गूंजा रंगबाड़ी क्षेत्र, भव्य कलश यात्रा के साथ श्रीराम कथा का शुभारंभ
कोटा के रंगबाड़ी क्षेत्र में श्री कामखेड़ा बालाजी एवं सामूहिक कोटा वासी के तत्वावधान में श्रीराम कथा का शुभारंभ भव्य कलश यात्रा के साथ हुआ। आचार्य तुलसीराम शर्मा के प्रवचनों से भक्तिमय वातावरण बना, कथा का आयोजन 7 जनवरी 2026 तक राधा रानी पार्क में जारी रहेगा।

कोटा। धार्मिक आस्था और श्रद्धा के संगम का साक्षी बना रंगबाड़ी क्षेत्र मंगलवार को उस समय भक्तिमय वातावरण में सराबोर हो गया, जब श्री कामखेड़ा बालाजी एवं सामूहिक कोटा वासी के तत्वावधान में आयोजित श्रीराम कथा का शुभारंभ भव्य कलश यात्रा के साथ किया गया। प्रातः 10 बजे रंगबाड़ी बालाजी मंदिर से कथा स्थल तक निकाली गई कलश यात्रा में बड़ी संख्या में श्रद्धालु महिला-पुरुष शामिल हुए और पूरे मार्ग पर जय श्रीराम तथा जय बालाजी के उद्घोष गूंजते रहे।
श्रद्धालुओं ने बालाजी महाराज का आशीर्वाद प्राप्त कर विधिवत पूजन-अर्चन किया और इसके पश्चात कथा स्थल राधा रानी पार्क, रंगबाड़ी योजना सेक्टर-4 पहुंचकर श्रीराम कथा का मंगलारंभ किया। कलश यात्रा के दौरान क्षेत्र का वातावरण पूरी तरह भक्ति और उल्लास से ओतप्रोत नजर आया, वहीं कथा स्थल पर श्रद्धालुओं की उल्लेखनीय उपस्थिति रही।
श्रीराम कथा के प्रथम दिवस कथावाचक आचार्य तुलसीराम शर्मा ने भावपूर्ण प्रवचन करते हुए मर्यादा पुरुषोत्तम श्रीराम के जीवन आदर्शों पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि श्रीराम का जीवन सत्य, धर्म और कर्तव्य के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देता है और उनकी कथा केवल श्रवण का विषय नहीं, बल्कि जीवन में आत्मसात करने का संदेश है। आचार्य शर्मा ने यह भी कहा कि जब मनुष्य अहंकार का त्याग कर भक्ति और सेवा के मार्ग को अपनाता है, तभी जीवन सार्थक बनता है।
प्रवचन के दौरान उन्होंने राम नाम के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि राम नाम स्मरण से मन की अशांति दूर होती है और समाज में सद्भाव, करुणा तथा भाईचारे का संचार होता है। वर्तमान समय में श्रीराम के आदर्शों को अपनाना ही सच्ची पूजा और समाज के लिए मार्गदर्शक सिद्ध हो सकता है।
आयोजन समिति के अनुसार श्रीराम कथा का आयोजन 30 दिसंबर 2025 से 7 जनवरी 2026 तक प्रतिदिन दोपहर 2 बजे से सायं 5 बजे तक राधा रानी पार्क, रंगबाड़ी योजना, कोटा में किया जाएगा। कथा के दौरान श्रीराम के जीवन से जुड़े प्रमुख प्रसंगों जैसे बाल लीला, वन गमन, केवट संवाद, शबरी भक्ति और राम-राज्य की अवधारणा पर विस्तार से प्रवचन होंगे, जिससे श्रद्धालुओं को आध्यात्मिक प्रेरणा प्राप्त होगी।
कार्यक्रम में बड़ी संख्या में गणमान्य नागरिक, महिलाएं एवं युवा उपस्थित रहे। आयोजन समिति ने शहरवासियों से अधिकाधिक संख्या में पधारकर श्रीराम कथा के पुण्य लाभ से लाभान्वित होने का आग्रह किया है। यह आयोजन न केवल धार्मिक आस्था को सुदृढ़ कर रहा है, बल्कि सामाजिक सद्भाव और सांस्कृतिक चेतना को भी सशक्त रूप प्रदान कर रहा है।

Bhagvati Medatwal, Kota
नाम: भगवती मेड़तवाल
वर्तमान पद: रिपोर्टर / प्रातःकाल प्रतिनिधि (कोटा)
कार्यक्षेत्र: कोटा (राजस्थान) एवं आमेट तहसील क्षेत्र
बीट (मुख्य विषय): स्थानीय समाचार, राजनीति, क्राइम, प्रशासन, शिक्षा, स्वास्थ्य, बिज़नेस एवं सभी विषय
परिचय
भगवती मेड़तवाल 'प्रातःकाल' समाचार पत्र में कोटा प्रतिनिधि और रिपोर्टर के रूप में कार्यरत हैं। वह कोटा जिले के साथ-साथ आमेट तहसील क्षेत्र से जुड़ी सभी प्रकार की खबरों को कवर करती हैं। स्थानीय समाचार, प्रशासनिक गतिविधियों, शिक्षा, स्वास्थ्य, व्यापार और राजनीतिक घटनाक्रमों के अलावा आमेट तहसील क्षेत्र से क्राइम (अपराध) और सांस्कृतिक खबरों की रिपोर्टिंग करना उनकी मुख्य विशेषता है।
शैक्षणिक योग्यता (Education)
उन्होंने कला स्नातक (B.A.) की डिग्री हासिल की है।
