कोटा। राजस्थान के कोटा में गैस की बढ़ती कीमतों, कालाबाजारी और कोचिंग सिटी की दुर्दशा को लेकर पूर्व विधायक एवं कांग्रेस नेता प्रहलाद गुंजल के नेतृत्व में जन आक्रोश का सैलाब उमड़ पड़ा। हजारों की संख्या में कार्यकर्ताओं ने हाथों में गैस सिलेंडर की तख्तियां, झंडे और बैनर लेकर केंद्र सरकार के विरुद्ध गगनभेदी नारे लगाते हुए कलेक्ट्रेट का घेराव किया। इस विशाल रैली को संबोधित करते हुए गुंजल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला पर सीधे और गंभीर आरोप लगाए। गुंजल ने केंद्र सरकार की नीतियों को जनविरोधी बताते हुए सवाल दागा कि यदि देश में कोई संकट नहीं है, तो फिर ऐसी एडवाइजरी क्यों जारी की गई कि व्यावसायिक सिलेंडरों की बुकिंग बंद रहेगी और घरेलू सिलेंडर 25 दिन से पहले नहीं मिलेगा? उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार का यह लचार आचरण और अमेरिका के साथ किए गए ट्रेड डील के मसौदे भारत के आत्मसम्मान को गिरा रहे हैं, जिसके कारण आने वाले समय में गैस और पेट्रोल के दाम में भारी वृद्धि तय है।

प्रहलाद गुंजल ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चर्चित 'एपिस्टन फाइल' का मुद्दा उठाते हुए प्रधानमंत्री पर तीखा तंज कसा। उन्होंने कहा कि सनातन संस्कृति, नैतिकता और योग का संदेश देने वाली पाठशाला से निकले नेतृत्व का नाम जब एपिस्टन फाइल में हरदीप पुरी और दिया कुमारी के साथ आया है, तब से सरकार 'मोनी बाबा' बन गई है। गुंजल ने नैतिकता का हवाला देते हुए कहा कि पाश्चात्य भोगवादी संस्कृति के विपरीत हमारी संस्कृति आदर्शों की है, और यदि इस मामले में संलिप्तता है तो दोषियों को सत्ता में रहने का कोई अधिकार नहीं है। कोटा की वर्तमान स्थिति पर दुख व्यक्त करते हुए उन्होंने कहा कि यहां के नेताओं ने निजी स्वार्थ और 'पार्टनरी' के चक्कर में बड़े कारखानों को दूसरे राज्यों में भेज दिया। उन्होंने लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि कोरी बयानबाजी और अखबारों में छपने से संवेदनाएं जीवित नहीं होतीं। सरकारी मशीनरी के दुरुपयोग का आरोप लगाते हुए गुंजल ने कहा कि मुख्यमंत्री के कार्यक्रम के लिए 940 बसें लगाने के बावजूद 5000 लोग भी नहीं जुटे, क्योंकि जनता ने भाजपा से मुंह मोड़ लिया है।

रैली के दौरान गुंजल ने चेतावनी दी कि व्यावसायिक सिलेंडर न मिलने से कोटा की होटलें और मैस बंद हो रहे हैं, जिससे पहले से ही कम संख्या में बचे कोचिंग छात्रों के सामने दो वक्त की रोटी का संकट खड़ा हो गया है। उन्होंने मांग की कि हवाई जहाज उड़ाने के हवाई वादों के बजाय पहले कोटा के हॉस्टल और मैस संचालकों को सिलेंडर उपलब्ध करवाएं ताकि शहर की अर्थव्यवस्था को बचाया जा सके। इससे पूर्व, सुबह 10:00 बजे से ही नयापुरा स्थित गुंजल के कार्यालय पर भारी भीड़ जुटना शुरू हो गई थी, जो 11:00 बजे रैली के रूप में कलेक्ट्रेट पहुंची। इस सभा को बूंदी जिला अध्यक्ष महावीर मीणा, पूर्व देहात अध्यक्ष सरोज मीणा, मनोज दुबे, क्रांति तिवारी, अनूप ठाकुर, मंजूर तंवर, विपिन बरथूनिया, हेमंत चतुर्वेदी, राजू पहाड़िया और राजीव आचार्य ने भी संबोधित किया। कार्यक्रम का संचालन पूर्व पार्षद दिलीप पाठक ने किया और धन्यवाद रुकमणि मीणा ने ज्ञापित किया। प्रदर्शन में अल्पसंख्यक मोर्चे के प्रदेश सचिव बादशाह खान, जिला उपाध्यक्ष मंजू चौधरी, बलविंदर सिंह, लोकेश गुंजल, बिटा स्वामी, ललित सरदार, नीरज शर्मा, शिक्षक नेता ईश्वर सिंह, विक्रम पवार, शीतल मीणा, तोशी, मनोज गुप्ता, डिंपल प्रजापति, आसिफ मिर्जा, अजयभान सिंह शक्तावत, विनोद शर्मा, टीकम सुमन, दीपक नामदेव और पूर्व पार्षद मो. इसरार सहित हजारों कांग्रेस कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

Ruturaj Ravan

Ruturaj Ravan

यह प्रातःकाल मल्टीमीडिया में वेबसाइट मैनेजर और सोशल मीडिया एक्जीक्यूटिव के रूप में कार्यरत हैं, और पिछले तीन वर्षों से पत्रकारिता व डिजिटल मीडिया में सक्रिय हैं। इससे पूर्व उन्होंने दैनिक प्रहार में वेबसाइट प्रबंधन और सोशल मीडिया के लिए रचनात्मक कंटेंट निर्माण और रणनीतियों में अनुभव अर्जित किया। इन्होंने कोल्हापुर के छत्रपति शिवाजी महाराज विश्वविद्यालय से स्नातक और हैदराबाद के सत्या इंस्टीट्यूट से उच्च शिक्षा पूरी की। इन्हें SEO मैनेजमेंट, सोशल मीडिया और उससे संबंधित रणनीतियाँ तैयार करने में व्यापक अनुभव है।

Next Story