बढ़ती महंगाई, व्यापक बेरोजगारी और लगातार उजागर हो रहे पेपर लीक प्रकरणों के विरोध में नेशनल स्टूडेंट्स यूनियन ऑफ इंडिया (एनएसयूआई) ने गवर्नमेंट कॉलेज कोटा में अनूठे और आक्रोशपूर्ण तरीके से प्रदर्शन किया। एनएसयूआई के प्रदेश सचिव रिद्धम शर्मा के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने आमजन के बीच ‘मेलोडी’ टॉफियां वितरित कर केंद्र सरकार की नीतियों पर तीखा प्रहार किया।

प्रदर्शनकारियों ने इस प्रतीकात्मक विरोध के माध्यम से यह संदेश देने का प्रयास किया कि जब देश का युवा रोजगार और पारदर्शी परीक्षा प्रणाली की प्रतीक्षा कर रहा है, तब प्रधानमंत्री विदेश दौरों पर टॉफियां वितरित करने में व्यस्त बताए जा रहे हैं। गवर्नमेंट कॉलेज कोटा के मुख्य द्वार पर आयोजित इस प्रदर्शन के दौरान एनएसयूआई कार्यकर्ताओं ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान की प्रतीकात्मक शवयात्रा निकाली। इस दौरान ‘राम नाम सत्य है’ के नारों के बीच मौजूदा परीक्षा व्यवस्था के प्रति गहरा असंतोष व्यक्त किया गया।

कार्यकर्ताओं ने इस मौके पर राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (एनटीए) को तत्काल भंग करने और पेपर लीक मामलों के दोषियों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की मांग भी जोरदार तरीके से उठाई।

एनएसयूआई प्रदेश सचिव रिद्धम शर्मा ने कहा कि देश के 23 लाख से अधिक विद्यार्थियों के भविष्य के साथ खिलवाड़ हो रहा है। उन्होंने कहा कि लाखों छात्र वर्षों की कड़ी मेहनत के बाद भी भर्ती और परीक्षा प्रक्रियाओं में व्याप्त अनियमितताओं के कारण अपने सपनों को टूटते देख रहे हैं। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि परीक्षा प्रणाली की विश्वसनीयता पूरी तरह संदिग्ध हो चुकी है और केंद्र सरकार युवाओं की पीड़ा के प्रति पूर्णतः उदासीन है। उनके अनुसार, देश को रोजगार, पारदर्शी भर्ती प्रक्रिया और महंगाई से राहत की आवश्यकता है, लेकिन सरकार इन बुनियादी मुद्दों की अनदेखी कर रही है।

‘मेलोडी’ टॉफी वितरण के माध्यम से किए गए इस प्रतीकात्मक कार्यक्रम में एनएसयूआई ने आम नागरिकों को जागरूक करने का प्रयास किया और युवाओं के हितों की रक्षा के लिए सरकार से प्रभावी कदम उठाने की मांग दोहराई। इस प्रदर्शन में एनएसयूआई लाड़पुरा ब्लॉक अध्यक्ष रोहित मेघवाल, जिला सचिव रोहित कुमार भील, इटावा ब्लॉक अध्यक्ष अनिल पंकज, अमन पंकज, आशीष वर्मा, भावना महावर, चित्रांशी सुमन, सलोनी, प्रिंस मोदी सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ता एवं स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे।

यह प्रदर्शन युवाओं से जुड़े रोजगार, परीक्षा प्रणाली की पारदर्शिता और प्रशासनिक जवाबदेही जैसे गंभीर मुद्दों पर बढ़ते असंतोष को दर्शाता है, जिससे राजनीतिक और शैक्षणिक हलकों में बहस और तेज होने की संभावना है।

Bhagvati Medatwal, Kota

Bhagvati Medatwal, Kota

नाम: भगवती मेड़तवाल

वर्तमान पद: रिपोर्टर / प्रातःकाल प्रतिनिधि (कोटा)

कार्यक्षेत्र: कोटा (राजस्थान) एवं आमेट तहसील क्षेत्र

बीट (मुख्य विषय): स्थानीय समाचार, राजनीति, क्राइम, प्रशासन, शिक्षा, स्वास्थ्य, बिज़नेस एवं सभी विषय

परिचय 

भगवती मेड़तवाल 'प्रातःकाल' समाचार पत्र में कोटा प्रतिनिधि और रिपोर्टर के रूप में कार्यरत हैं। वह कोटा जिले के साथ-साथ आमेट तहसील क्षेत्र से जुड़ी सभी प्रकार की खबरों को कवर करती हैं। स्थानीय समाचार, प्रशासनिक गतिविधियों, शिक्षा, स्वास्थ्य, व्यापार और राजनीतिक घटनाक्रमों के अलावा आमेट तहसील क्षेत्र से क्राइम (अपराध) और सांस्कृतिक खबरों की रिपोर्टिंग करना उनकी मुख्य विशेषता है।

शैक्षणिक योग्यता (Education)

उन्होंने कला स्नातक (B.A.) की डिग्री हासिल की है।

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