री-नीट परीक्षा: कठिन भौतिक-रसायन ने छुड़ाए पसीने, अतिरिक्त समय भी पड़ा कम, जानें कैसा रहेगा कटऑफ
री-नीट परीक्षा में कठिन भौतिक और रसायन विज्ञान के लंबे सवालों ने छात्रों को उलझाया। १५ मिनट का अतिरिक्त समय मिलने के बाद भी छूटे प्रश्न, जानें कैसा रहा जूलॉजी-बॉटनी का स्तर और इस बार नीट-25 के मुकाबले कहां तक जा सकती है अंतिम कटऑफ।

मई में आयोजित हुई नीट-26 परीक्षा के बाद अब री-नीट परीक्षा के नतीजों और इसके विश्लेषण को लेकर छात्रों के बीच उत्सुकता चरम पर है। इस बार की री-नीट परीक्षा में जूलॉजी का स्तर पूर्व की परीक्षा के लगभग समान ही देखा गया, जहां सभी प्रश्न पूरी तरह से एनसीईआरटी (NCERT) पाठ्यक्रम पर आधारित रहे। हालांकि, परीक्षा में कुछ प्रश्नों का स्तर काफी वैचारिक था, जिसमें विशेष रूप से उद्विकास, गमन एवं संचलन, तथा जैव प्रौद्योगिकी जैसे महत्वपूर्ण अध्यायों से अधिक संख्या में प्रश्न पूछे गए। वहीं दूसरी ओर, वनस्पति विज्ञान (बॉटनी) का हिस्सा काफी आसान रहा, जिसमें महज कुछ ही प्रश्न मध्यम स्तर के थे और यहाँ भी एनसीईआरटी का दबदबा साफ नजर आया। मई में हुई परीक्षा के मुकाबले इस री-नीट में कुछ गणना आधारित (न्यूमेरिकल) और कथन-कारण (Assertion-Reason) वाले प्रश्नों को भी शामिल किया गया, जिसने छात्रों की विषय समझ को परखा।
इस पूरी परीक्षा के दौरान सबसे बड़ी चुनौती रसायन विज्ञान और भौतिक विज्ञान के प्रश्नपत्रों ने खड़ी की। रसायन विज्ञान का पेपर मध्यम से कठिन स्तर के बीच झूलता नजर आया, जिसमें ३ कठिन, ५ मध्यम और ३७ आसान प्रश्न शामिल थे, लेकिन इन आसान प्रश्नों में से भी कई सवाल अत्यधिक समय लेने वाले साबित हुए। भौतिक विज्ञान ने भी छात्रों की कड़ी परीक्षा ली; इसका स्तर मध्यम से कठिन रहा और प्रश्न लंबे होने के साथ-साथ भारी गणना प्रधान थे, जिसके कारण छात्रों को इन्हें हल करने में सामान्य से कहीं अधिक वक्त गंवाना पड़ा। मई नीट-26 की तुलना में इस बार भौतिक और रसायन विज्ञान का स्तर काफी कठिन दर्ज किया गया, जबकि जीव विज्ञान हमेशा की तरह आसान ही बना रहा। परीक्षा कक्ष में १५ मिनट का अतिरिक्त समय मिलने के बावजूद समय प्रबंधन एक बड़ी समस्या बनकर उभरा, जिसके चलते कई होनहार छात्रों के कुछ प्रश्न बिना हल किए ही छूट गए। इस पूरे प्रश्नपत्र के रुझान और कठिनाई स्तर को देखते हुए विशेषज्ञ मान रहे हैं कि इस बार भी अंतिम कटऑफ नीट-25 के आसपास ही सिमटने की पूरी संभावना है।

Bhagvati Medatwal, Kota
नाम: भगवती मेड़तवाल
वर्तमान पद: रिपोर्टर / प्रातःकाल प्रतिनिधि (कोटा)
कार्यक्षेत्र: कोटा (राजस्थान) एवं आमेट तहसील क्षेत्र
बीट (मुख्य विषय): स्थानीय समाचार, राजनीति, क्राइम, प्रशासन, शिक्षा, स्वास्थ्य, बिज़नेस एवं सभी विषय
परिचय
भगवती मेड़तवाल 'प्रातःकाल' समाचार पत्र में कोटा प्रतिनिधि और रिपोर्टर के रूप में कार्यरत हैं। वह कोटा जिले के साथ-साथ आमेट तहसील क्षेत्र से जुड़ी सभी प्रकार की खबरों को कवर करती हैं। स्थानीय समाचार, प्रशासनिक गतिविधियों, शिक्षा, स्वास्थ्य, व्यापार और राजनीतिक घटनाक्रमों के अलावा आमेट तहसील क्षेत्र से क्राइम (अपराध) और सांस्कृतिक खबरों की रिपोर्टिंग करना उनकी मुख्य विशेषता है।
शैक्षणिक योग्यता (Education)
उन्होंने कला स्नातक (B.A.) की डिग्री हासिल की है।
