कोटा श्री महावीर दिगंबर जैन मंदिर में सिद्ध आराधना अनुष्ठान का आयोजन
तलवंडी स्थित जैन मंदिर में छह दिवसीय नंदीश्वर दीप विधान और आध्यात्मिक प्रवचन के बाद 3 मार्च को विश्व शांति महायज्ञ के साथ कार्यक्रम का समापन होगा।

कोटा के तलवंडी स्थित श्री महावीर दिगंबर जैन मंदिर में नंदीश्वर दीप विधान अनुष्ठान के दौरान भक्ति भाव से पूजा अर्चना करते श्रद्धालु और उपस्थित पदाधिकारी।
कोटा। श्री महावीर दिगंबर जैन मंदिर तलवंडी में विगत छह दिनों से सिद्धों की आराधना स्वरूप भव्य अनुष्ठान का आयोजन श्रद्धा एवं आध्यात्मिक उल्लास के साथ किया जा रहा है। भैया जी आदिकुमार के निर्देशन तथा अनिशा के सुमधुर गायन व संगीत की पावन लहरियों के मध्य चल रहे इस आयोजन ने वातावरण को भक्तिमय बना दिया है।
पुण्य और पुरुषार्थ पर भैयाजी का प्रेरक पाथेय
अपने प्रेरक उद्बोधन में भैयाजी ने कहा कि "पुण्य के प्रताप से प्राप्त धन-वैभव को यदि पाप में लगाया जाए तो यह अपने आने वाले कल को अंधकारमय बना देता है।" उन्होंने उदाहरण देते हुए समझाया कि जिस प्रकार दूध में दही, मक्खन और घी की संभावनाएँ निहित रहती हैं, बीज में विशाल वृक्ष बनने की क्षमता होती है और पाषाण में प्रतिमा बनने का सामर्थ्य छिपा रहता है, उसी प्रकार प्रत्येक जीव में परमात्मा बनने की असीम संभावना विद्यमान है। किंतु अज्ञानवश हम उसे देख नहीं पाते। सिद्ध परमात्मा अनंत गुणों से सम्पन्न हैं और हम अपनी अल्प बुद्धि के अनुसार ही उनकी भक्ति कर पाते हैं।
नंदीश्वर दीप विधान और पुण्यार्जक परिवारों का उत्साह
मंदिर के महामंत्री प्रकाश सामरिया ने बताया कि मंदिर में नंदीश्वर दीप विधान का आयोजन निरंतर छठे दिन भी जारी रहा। प्रतिदिन सोधर्म इंद्र एवं द्रव्य पुण्यार्जक परिवारों का चयन किया जा रहा है। आज के सोधर्म इंद्र के रूप में गणेशलाल, दिनेश घी वाले एवं अंकुल जी विनायका रहे, जबकि द्रव्य पुण्यार्जक के रूप में प्रकाश जी, राजेश जी, वीरेन जी एवं छोटूलाल जी ने सहभागिता निभाई।
विश्व शांति के लिए आहुतियों के साथ पूर्णाहुति
3 मार्च को विधान का समापन विश्व शांति एवं प्राणी मात्र के कल्याणार्थ महायज्ञ के साथ होगा। तीन प्रमुख पात्रों द्वारा वैदिक मंत्रोच्चार के साथ अग्निकुंड में आहुतियाँ अर्पित की जाएंगी, जो वर्तमान वैश्विक परिप्रेक्ष्य में विशेष प्रासंगिक मानी जा रही हैं। कार्यक्रम में मंदिर समिति के अध्यक्ष अशोक जी पहाड़िया, सुरेश हरसौरा, अरविंद बागड़िया, अनिला, सुनीता सामरिया सहित अनेक पदाधिकारी एवं श्रद्धालु उपस्थित रहे।

Bhagvati Medatwal, Kota
नाम: भगवती मेड़तवाल
वर्तमान पद: रिपोर्टर / प्रातःकाल प्रतिनिधि (कोटा)
कार्यक्षेत्र: कोटा (राजस्थान) एवं आमेट तहसील क्षेत्र
बीट (मुख्य विषय): स्थानीय समाचार, राजनीति, क्राइम, प्रशासन, शिक्षा, स्वास्थ्य, बिज़नेस एवं सभी विषय
परिचय
भगवती मेड़तवाल 'प्रातःकाल' समाचार पत्र में कोटा प्रतिनिधि और रिपोर्टर के रूप में कार्यरत हैं। वह कोटा जिले के साथ-साथ आमेट तहसील क्षेत्र से जुड़ी सभी प्रकार की खबरों को कवर करती हैं। स्थानीय समाचार, प्रशासनिक गतिविधियों, शिक्षा, स्वास्थ्य, व्यापार और राजनीतिक घटनाक्रमों के अलावा आमेट तहसील क्षेत्र से क्राइम (अपराध) और सांस्कृतिक खबरों की रिपोर्टिंग करना उनकी मुख्य विशेषता है।
शैक्षणिक योग्यता (Education)
उन्होंने कला स्नातक (B.A.) की डिग्री हासिल की है।
