कोटा: महंत देवानंद की हत्या पर प्रहलाद गुंजल ने सरकार को घेरा
चंद्रसेल मठ के महंत की हत्या के विरोध में अस्पताल की मोर्चरी के बाहर धरने पर बैठे संत समाज से मिलने पहुंचे कांग्रेस नेता प्रहलाद गुंजल ने कानून-व्यवस्था पर सवाल उठाए।

कोटा के एमबीएस अस्पताल की मोर्चरी के बाहर चंद्रसेल मठ के महंत देवानंद की हत्या के विरोध में धरने पर बैठे संत समाज के बीच पहुंचे पूर्व विधायक प्रहलाद गुंजल (बाएं)।
चन्द्रसेल मठ के महंत देवानंद जी की हत्या के बाद शहर में संत समाज और आमजन में आक्रोश व्याप्त है। इस बीच एमबीएस अस्पताल की मोर्चरी के बाहर धरने पर बैठे संत समाज और आमजन के बीच पहुंचे पूर्व विधायक एवं कांग्रेस नेता प्रहलाद गुंजल ने घटना पर गहरा दुख व्यक्त करते हुए इसे अत्यंत दुखद और चिंताजनक बताया।
प्रहलाद गुंजल ने कहा कि अपराधियों में शासन-प्रशासन का भय समाप्त हो चुका है। उन्होंने कहा कि मंदिर और मठ जैसे पवित्र स्थान, जहां लोग श्रद्धा के साथ पहुंचते हैं, वहां भी यदि अपराधी हत्या करने से नहीं झिझक रहे हैं तो यह पूरी व्यवस्था और सरकार के लिए शर्म की बात है। उन्होंने मांग की कि मामले में तत्काल और सख्त कार्रवाई की जाए।
उन्होंने कहा कि चन्द्रसेल मठ ऐसा पवित्र स्थान है जहां विभिन्न अवसरों पर लाखों लोग पहुंचते हैं। ऐसे स्थान पर इस प्रकार की घटना का घटित होना केवल संत समाज ही नहीं, बल्कि पूरे शहर के लिए दुख और चिंता का विषय है।
गुंजल ने आरोप लगाया कि कोटा पुलिस अपराधियों में भय स्थापित करने के बजाय नाकाबंदी, चालान और वसूली जैसे कार्यों में अधिक व्यस्त दिखाई देती है। उन्होंने कहा कि शासन और प्रशासन आमजन में भय पैदा करने का प्रयास कर रहे हैं। उनका कहना था कि यदि कोई व्यक्ति सरकार के खिलाफ सोशल मीडिया पर पोस्ट कर दे तो पुलिस का पूरा लवाजमा पहुंच जाता है, जबकि शहर में बेखौफ हत्याएं हो रही हैं और अपराध चरम पर हैं।
उन्होंने कहा कि वर्तमान शासन में अपराधी बेखौफ हैं, जबकि जनता में खौफ बैठाने का काम किया जा रहा है। उनके अनुसार यह घटना सरकार और प्रशासन के मुंह पर तमाचा है। उन्होंने कहा कि यह केवल एक हत्या नहीं, बल्कि सरकार के इकबाल की मौत है और इससे जनता के विश्वास को गहरा धक्का लगा है। उन्होंने इसे सनातन का नारा देने वाली सरकार के चेहरे पर कालिख बताते हुए कहा कि संत समाज जो भी निर्णय करेगा, वह कंधे से कंधा मिलाकर उसके साथ खड़े रहेंगे और आवश्यकता पड़ने पर किसी भी बड़ी लड़ाई के लिए तैयार रहेंगे।
महंत देवानंद जी की हत्या को लेकर उठे सवालों और बढ़ते जनाक्रोश के बीच यह मामला अब कानून-व्यवस्था, प्रशासनिक जवाबदेही और धार्मिक स्थलों की सुरक्षा से जुड़ा गंभीर मुद्दा बन गया है। संत समाज की आगामी रणनीति और प्रशासन की कार्रवाई पर पूरे शहर की नजर बनी हुई है।

Bhagvati Medatwal, Kota
नाम: भगवती मेड़तवाल
वर्तमान पद: रिपोर्टर / प्रातःकाल प्रतिनिधि (कोटा)
कार्यक्षेत्र: कोटा (राजस्थान) एवं आमेट तहसील क्षेत्र
बीट (मुख्य विषय): स्थानीय समाचार, राजनीति, क्राइम, प्रशासन, शिक्षा, स्वास्थ्य, बिज़नेस एवं सभी विषय
परिचय
भगवती मेड़तवाल 'प्रातःकाल' समाचार पत्र में कोटा प्रतिनिधि और रिपोर्टर के रूप में कार्यरत हैं। वह कोटा जिले के साथ-साथ आमेट तहसील क्षेत्र से जुड़ी सभी प्रकार की खबरों को कवर करती हैं। स्थानीय समाचार, प्रशासनिक गतिविधियों, शिक्षा, स्वास्थ्य, व्यापार और राजनीतिक घटनाक्रमों के अलावा आमेट तहसील क्षेत्र से क्राइम (अपराध) और सांस्कृतिक खबरों की रिपोर्टिंग करना उनकी मुख्य विशेषता है।
शैक्षणिक योग्यता (Education)
उन्होंने कला स्नातक (B.A.) की डिग्री हासिल की है।
