कोटा। इंजीनियरिंग के क्षेत्र में भविष्य तलाश रहे लाखों युवाओं के लिए बड़ी खबर सामने आ रही है। नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने शनिवार दोपहर देश की सबसे प्रतिष्ठित प्रवेश परीक्षा, जेईई-मेन 2026 के जनवरी सत्र के एडमिट कार्ड आधिकारिक तौर पर जारी कर दिए हैं। शिक्षा नगरी कोटा से लेकर देशभर के परीक्षा केंद्रों पर अब हलचल तेज हो गई है, क्योंकि 21 जनवरी से मेधावी छात्र अपनी शैक्षणिक योग्यता का लोहा मनवाने के लिए कंप्यूटर स्क्रीन के सामने बैठेंगे। इस बार परीक्षा को लेकर नियम इतने सख्त हैं कि एक छोटी सी चूक छात्र का करियर दांव पर लगा सकती है।

एलन कॅरियर इंस्टीट्यूट के सुप्रसिद्ध कॅरियर काउंसलिंग एक्सपर्ट अमित आहूजा ने जानकारी देते हुए बताया कि यह परीक्षा 21 से 29 जनवरी के मध्य पूर्णतः कंप्यूटर बेस्ड मोड में 11 शिफ्टों में आयोजित की जाएगी। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार, 21 से 28 जनवरी तक बीई-बीटेक के लिए 10 शिफ्टों में युद्ध स्तर पर परीक्षा चलेगी, जबकि 29 जनवरी को एक विशेष शिफ्ट में बीआर्क के अभ्यर्थियों की परीक्षा संपन्न होगी। हालांकि, वर्तमान में केवल 21 से 24 जनवरी तक होने वाली परीक्षाओं के प्रवेश पत्र ही लाइव किए गए हैं। इसके बाद 28 और 29 जनवरी के एडमिट कार्ड परीक्षा से ठीक तीन दिन पहले जारी होंगे, जिससे परीक्षा की गोपनीयता और सुरक्षा को और बल मिलेगा।

प्रशासनिक और तकनीकी स्तर पर इस बार सुरक्षा के मानक अत्यंत कड़े रखे गए हैं। एक्सपर्ट अमित आहूजा ने विशेष रूप से उन विद्यार्थियों को सतर्क किया है जिन्होंने आधार कार्ड के बिना आवेदन किया था। ऐसे छात्रों को परीक्षा केंद्र पर निर्धारित रिपोर्टिंग समय से एक घंटा पहले पहुंचना अनिवार्य होगा ताकि उनके बायोमेट्रिक रिकॉर्ड दर्ज किए जा सकें। इसके अलावा, एडमिट कार्ड के साथ एक अंडरटेकिंग (स्व-घोषणा पत्र) भी संलग्न है, जिस पर छात्र को अपने बाएं हाथ के अंगूठे का निशान और फोटो लगाकर ले जाना होगा। हस्ताक्षर की प्रक्रिया परीक्षा केंद्र के भीतर वीक्षक के सामने ही पूरी की जाएगी।

परीक्षा केंद्र के भीतर अनुशासन को लेकर भी स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं। विद्यार्थियों को केवल पारदर्शी पेन, पानी की बोतल, मूल आईडी प्रूफ और फोटोग्राफ ले जाने की अनुमति होगी। मोटे सोल के जूते और बड़े बटन वाले वस्त्रों पर पूरी तरह प्रतिबंध लगा दिया गया है ताकि किसी भी प्रकार की संदिग्ध गतिविधि को रोका जा सके। रफ शीट के प्रबंधन पर भी कड़ाई बरती गई है; यदि कोई विद्यार्थी नाम व रोल नंबर अंकित रफ शीट वापस नहीं करता है, तो उसकी रिस्पॉन्स शीट की जांच तक नहीं की जाएगी। वहीं, दिव्यांग छात्रों के लिए एनटीए ने संवेदनशीलता दिखाते हुए एक घंटे का अतिरिक्त समय और स्क्राइब की सुविधा प्रदान की है।

नियमों की अवहेलना करने वालों के लिए यह परीक्षा एक बुरे सपने में बदल सकती है। गाइडलाइन के अनुसार, बायो-ब्रेक के दौरान भी मेटल डिटेक्टर से गहन जांच की जाएगी। अमित आहूजा ने चेतावनी दी है कि यदि कोई भी छात्र अनुचित साधनों या नकल में लिप्त पाया गया, तो उसे न केवल 3 वर्ष के लिए प्रतिबंधित किया जाएगा, बल्कि उस पर आपराधिक मुकदमा भी दर्ज हो सकता है, जिसकी जांच सीबीआई जैसी केंद्रीय एजेंसियों तक को सौंपी जा सकती है। यह कड़े कदम देश की इस सबसे बड़ी परीक्षा की सुचिता और निष्पक्षता बनाए रखने के लिए उठाए गए हैं, जो लाखों छात्रों के भविष्य का मार्ग प्रशस्त करती है।

Pratahkal Bureau

Pratahkal Bureau

प्रातःकाल ब्यूरो, प्रातःकाल न्यूज़ की वह समर्पित संपादकीय टीम है, जो सटीक, सामयिक और निष्पक्ष समाचार पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध है। हमारा ब्यूरो राजनीति, समाज, अर्थव्यवस्था और राष्ट्रीय मामलों में सत्यापित रिपोर्टिंग, गहन विश्लेषण और जिम्मेदार पत्रकारिता पर अपना ध्यान केंद्रित करता है।

Next Story