कोटा में इको फ्रेंडली श्री गणपति क्लब ने धार्मिक आस्था को पर्यावरण संरक्षण से जोड़ते हुए अनूठी पहल की है। गणेश विसर्जन के बाद प्राप्त पवित्र मिट्टी का सदुपयोग करते हुए 121 गमलों में जेड प्लांट के पौधे रोपे गए और नवरात्रा चतुर्थी के शुभ अवसर पर इन्हें पूर्व पंजीकृत 121 परिवारों को निशुल्क वितरित किया गया। इस पहल के जरिए मिट्टी की गणेश प्रतिमाओं के उपयोग और पर्यावरण अनुकूल उत्सव मनाने का संदेश दिया गया।

सर्व हिंदू समाज सोशल क्रांतिकारी महासंघ इको फ्रेंडली श्री गणपति क्लब के मुख्य संयोजक गोविंद नारायण अग्रवाल और अध्यक्ष डॉ. एम. एल. अग्रवाल के संयोजन में गणेश महोत्सव के अवसर पर यह नवाचार किया गया। क्लब ने गणेश विसर्जन के बाद बची पवित्र मिट्टी को पौधारोपण के लिए उपयोग में लेकर धार्मिक परंपराओं और पर्यावरण संरक्षण के बीच संतुलन स्थापित करने का प्रयास किया।

अध्यक्ष गोविंदनारायण अग्रवाल ने बताया कि गणेश उत्सव के दौरान राधा कृष्ण मंदिर समिति, तलवंडी में इको फ्रेंडली श्री गणपति क्लब की ओर से निशुल्क इको फ्रेंडली गणेश प्रतिमा उपलब्ध कराई गई थी। मंदिर समिति ने 10 दिनों तक विधिवत पूजा-अर्चना करने के बाद प्रतिमा को मंदिर परिसर में ही स्थापित जलकुंड में विसर्जित किया।

उन्होंने बताया कि प्लास्टर ऑफ पेरिस की प्रतिमाओं को स्थापित कर विसर्जित करने वालों की प्रतिमाओं को जलकुंड से बाहर निकाला गया। इसके बाद विशेष गमले तैयार किए गए। मिट्टी से निर्मित गणेश प्रतिमाओं के विसर्जन के बाद बची पवित्र रज को इन गमलों में भरकर पौधे रोपे गए। इस तरह विसर्जन के बाद बची मिट्टी का उपयोग पर्यावरण संवर्धन के लिए किया गया।

नवरात्रा चतुर्थी के शुभ अवसर पर आयोजित वितरण समारोह में पूर्व पंजीकृत 121 परिवारों को जेड प्लांट लगे गमले निशुल्क सौंपे गए। इस दौरान सभापति राकेश अग्रवाल, अध्यक्ष गोविंद नारायण अग्रवाल और महामंत्री जितेंद्र गोयल ने सदस्यों को पौधों से युक्त गमले वितरित किए।

गोविंद नारायण अग्रवाल ने बताया कि “विसर्जन की रज से महके हर घर” की सोच के साथ इस अनुष्ठान को केवल धार्मिक आस्था तक सीमित नहीं रखा गया, बल्कि इसे पर्यावरण संवर्धन से भी जोड़ा गया है। गमलों में लगाए गए जेड प्लांट को वास्तु एवं सौभाग्य का प्रतीक माना जाता है। क्लब के अनुसार, ये पौधे आसपास के वातावरण को शुद्ध करने के साथ मानसिक तनाव दूर करने में भी सहायक होते हैं।

इको फ्रेंडली नवदुर्गा क्लब के संस्थापक महामंत्री राजाराम जैन 'कर्मयोगी' ने बताया कि इस पहल का मुख्य उद्देश्य समाज में मिट्टी से निर्मित गणेश प्रतिमाओं के उपयोग को बढ़ावा देना, प्लास्टर ऑफ पेरिस से बनी प्रतिमाओं को जल में विसर्जित करने से रोकना और आने वाली पीढ़ियों में पर्यावरण सुरक्षा के संस्कार विकसित करना है।

उन्होंने कहा कि आस्था के साथ प्रकृति का संतुलन बनाए रखना ही सच्चा धर्म है। श्री गणपति क्लब की इस पहल के माध्यम से विसर्जन के बाद बची मिट्टी को पौधारोपण से जोड़ते हुए पर्यावरण अनुकूल उत्सव मनाने और समाज में पौधारोपण को प्रोत्साहित करने का संदेश दिया गया।

Bhagvati Medatwal, Kota

Bhagvati Medatwal, Kota

नाम: भगवती मेड़तवाल

वर्तमान पद: रिपोर्टर / प्रातःकाल प्रतिनिधि (कोटा)

कार्यक्षेत्र: कोटा (राजस्थान) एवं आमेट तहसील क्षेत्र

बीट (मुख्य विषय): स्थानीय समाचार, राजनीति, क्राइम, प्रशासन, शिक्षा, स्वास्थ्य, बिज़नेस एवं सभी विषय

परिचय 

भगवती मेड़तवाल 'प्रातःकाल' समाचार पत्र में कोटा प्रतिनिधि और रिपोर्टर के रूप में कार्यरत हैं। वह कोटा जिले के साथ-साथ आमेट तहसील क्षेत्र से जुड़ी सभी प्रकार की खबरों को कवर करती हैं। स्थानीय समाचार, प्रशासनिक गतिविधियों, शिक्षा, स्वास्थ्य, व्यापार और राजनीतिक घटनाक्रमों के अलावा आमेट तहसील क्षेत्र से क्राइम (अपराध) और सांस्कृतिक खबरों की रिपोर्टिंग करना उनकी मुख्य विशेषता है।

शैक्षणिक योग्यता (Education)

उन्होंने कला स्नातक (B.A.) की डिग्री हासिल की है।

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